विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Dec 03, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

आदिवासी वोटर्स में गया बेहतर संदेश... BJP को मिला स्पष्ट जनादेश, PM मोदी ने खूंटी से 24 हजार करोड़ की योजना की थी लॉन्च

By Pradeep singhEdited By: Shashank Shekhar
Published: Sun, 03 Dec 2023 09:01 PM (IST)

देश के तीन राज्यों में मिली भाजपा को जीत से पार्टी कार्यकर्ताओं में जमकर जश्न मनाए। जगह-जगह आतिशबाजी की गई। ...और पढ़ें

आदिवासी वोटर्स में गया बेहतर संदेश... BJP को मिला स्पष्ट जनादेश
आदिवासी वोटर्स में गया बेहतर संदेश... BJP को मिला स्पष्ट जनादेश

HighLights

  1. खूंटी से 24 हजार करोड़ की पीएम जनधन योजना की हुई थी लॉन्च
  2. आदिवासी मतदाताओं में गया बेहतर संदेश तो मिला स्पष्ट जनादेश

राज्य ब्यूरो, रांची। छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, राजस्थान समेत देश के पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव को आगामी लोकसभा चुनाव का सेमीफाइनल माना जा रहा था। भाजपा ने जीत दर्ज कर कांग्रेस शासित राज्यों छत्तीसगढ़ और राजस्थान में सत्ता छीनी है तो मध्यप्रदेश पर कब्जा पूरी मजबूती के साथ बरकरार रखा है।

इस जीत में बड़ी भूमिका आदिवासियों के लिए सुरक्षित सीटों का भी है, जहां भाजपा ने बाजी मारी। पहले के मुकाबले आदिवासी सुरक्षित सीटों पर भाजपा के काबिज होने को मतदाताओं के मूड में अप्रत्याशित बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है। इसमें एक बड़ा कारण जनजातीय गौरव दिवस के मौके पर इस समुदाय के सबसे कमजोर वर्गों के लिए महत्वाकांक्षी योजना की शुरुआत को भी माना जा सकता है।

बिरसा मुंडा की धरती से पीएम ने दिया था संदेश 

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 15 नवंबर को भगवान बिरसा मुंडा की धरती खूंटी के उलिहातू को इस योजना के लिए चयनित किया तो इसका व्यापक संदेश इन राज्यों में गया। उन्होंने आदिवासी समुदाय के लिए 24 हजार करोड़ की लागत से चलाई जाने वाली नई योजना के फायदे गिनाएं और चलाई जा रही योजनाओं का उल्लेख किया। इस दौरान नाम लिए बगैर उन्होंने कांग्रेस को सीधे निशाने पर लिया।

इससे आदिवासी समुदाय में संदेश जाने का अहसास कांग्रेस को था। तभी तो प्रधानमंत्री के दौरे को लेकर कांग्रेस के स्थानीय नेताओं की तरफ से तंज कसे गए। प्रधानमंत्री के संदेश का व्यापक असर इन राज्यों में हुए चुनाव में दिखा है। उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ की कुल 90 विधानसभा सीटों में 29, मध्यप्रदेश में 230 सीटों में 47 और राजस्थान विधानसभा की 200 सीटों में से 25 सीटें अनुसूचित जनजाति के लिए सुरक्षित है। इन सीटों पर भाजपा की बढ़त से विरोधी दलों का चिंतित होना भी स्वाभाविक है।

छत्तीसगढ़ के परिणाम ने ज्यादा चौंकाया

छत्तीसगढ़ की सीमा झारखंड से सटी है। पूर्वानुमान के मुताबिक, वहां कांग्रेस की वापसी की उम्मीद की जा रही थी, लेकिन भाजपा ने चौंकाते हुए कांग्रेस को पीछे धकेल दिया। इससे भाजपा खेमे में जहां उत्साह है तो वहीं, विरोधियों में सन्नाटा पसरा हुआ है। इन इलाकों में राज्य के कांग्रेस कोटे के मंत्रियों ने चुनाव प्रचार में भी हिस्सा लिया था। अब आने वाले दिनों में इन इलाकों में बड़ा उलटफेर हो जाए तो आश्चर्य नहीं होगा।

ये भी पढ़ें: Jharkhand Politics: 3 राज्यों में BJP को मिली जीत पर झूम उठे कार्यकर्ता, बाबूलाल बोले- नेता, नीति और नीयत की जीत

ये भी पढ़ें: Jharkhand News : LPG कन्ज्यूमर्स को लेकर आया बड़ा अपडेट, जल्द करा लें ये काम वरना नहीं मिल पाएगी सब्सिडी की सुविधा