रांची। दैनिक जागरण की ओर से देश के 10 शहरों में चल रहे माय सिटी माय प्राइड अभियान के सहभागिता आधारित समाधान रांची में रंग लाते दिख रहे हैं। राजधानी रांची में शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा, अर्थव्यवस्था और आधारभूत संरचना की स्थिति लेकर लगातार राउंड टेबल कांफ्रेंस और फोरम में हुए मंथन से निकले निष्कर्षों के बाद हमने जो 11 समाधान तय किए हैं, उस दिशा में अब कदम लक्ष्य की तरफ बढ़ रहे हैं।

बुधवार को दैनिक जागरण कार्यालय में विभिन्न संगठनों से आए प्रतिनिधियों ने शहर के विकास के प्रति प्रतिबद्धता दिखाई और संगठनों की ओर से किए जा रहे कार्यों की प्रगति बताई। लायंस क्लब रांची ईस्ट और अग्रवाल नारनौलीय सभा के रतन लाल अग्रवाल ने नि:शुल्क स्वास्थ्य शिविरों, कृत्रिम अंगों और मोतियाबिंद के ऑपरेशन की रफ्तार बढ़ाए जाने की जानकारी दीं। उन्होंने शहर में चार नए स्थानों पर स्थायी प्याऊ खोलने की भी बात कही। वहीं रोटरी क्लब से जुड़ीं रेखा सिंह ने स्कूलों में लड़कियों के लिए सेनेट्री पैड वेंडिंग मशीन लगाए जाने के काम की जानकारी दी।

गरिमा पॉजिटिव फाउंडेशन की सोहिनी रॉय ने 10 गरीब लड़कियों को निश्शुल्क कंप्यूटर व रोजगार के प्रशिक्षण दिए जाने की जानकारी दी वहीं दिसंबर तक इस संख्या को बढ़ाकर कम से कम 100 किए जाने का भरोसा दिलाया। सिटीजन फाउंडेशन के गणेश रेड्डी ने फॉर यू और साइकिल दोस्त अभियान के जरिए स्वास्थ्य और इकोनॉमी के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों की चर्चा की। अग्रवाल सभा के कौशल राजगढिय़ा ने स्कूल-कॉलेजों, स्टेशन व समाहरणालय में वाटर प्यूरिफायर मशीन लगाने की बात कही। वहीं मारवाड़ी युवा मंच के तुषार विजयवर्गीय और मनीष लोढ़ा ने स्वास्थ्य और पर्यावरण के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की चर्चा की।

लायंस क्लब और गुरुद्वारा सभा के हरमिंदर बीर सिंह बेदी ने स्वास्थ्य, टीकाकरण, जागरूकता और शिक्षा के क्षेत्र में प्रयास और संकल्प दोहराए। श्याम मित्र मंडल के आनंद शर्मा ने श्याम मंदिर ट्रस्ट की ओर से चलाए जा रहे सेवा कार्यों की जानकारी दी। सेवा भारती के जितेंद्र कुमार ने संस्था की ओर से शिक्षा, स्वास्थ्य, संस्कार व रोजगार के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की चर्चा की। गरिमा पॉजिटिव फाउंडेशन की ऋतु सिंह और पोहा घोष ने भी विचार रखे। सब ने संकल्प व्यक्त किया कि शहर को स्वच्छ व सुविधाओं से संपन्न बनाने के लिए हम सभी इसी प्रतिबद्धता के साथ काम करते रहेंगे, ताकि, अपना शहर नंबर वन बन सके।

By Ashish Maharishi