Jharkhand Weather Today: झारखंड में बरपेगा मौसम का कहर, इन जिलों में बारिश के साथ गिरेंगे ओले; IMD ने जारी किया अलर्ट
शनिवार को राजधानी रांची समेत प्रदेश के ज्यादातर इलाकों में तेज बारिश हुई जिसकी वजह से तापमान में गिरावट आई है। वहीं दूसरी ओर किसानों के चेहरे पर मायूसी छा गई है। बारिश की वजह से किसानों की फसलों को काफी नुकसान हुआ है। मौसम विभाग के अनुसार आज भी प्रदेश के कई इलाकों में बारिश होने की संभावना है।

जागरण संवाददाता, रांची। Jharkhand Weather Today: बंगाल की खाड़ी से होकर आ रही नम हवा ने अचानक राजधानी रांची समेत पूरे राज्य के मौसम का मिजाज बदलकर रख दिया है। 22 मार्च को हुई झमाझम बारिश और ओलावृष्टि ने तापमान गिरा दिया है। विशेषकर राजधानी में तो लोगों ने गर्म कपड़े तक निकाल लिए हैं।
फसलों को नुकसान
इस वर्षा और ओलावृष्टि ने जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में सब्जी की फसलों का अधिक नुकसान किया है। किसानों की मेहनत पर पानी फिर गया है। शहर के कोकर, एचईसी सेक्टर क्षेत्र, बेड़ो, पुंदाग, चुटिया समेत अन्य जगहों पर ओलावृष्टि हुई।
पिछले कुछ दिनों से छाए बादल के बाद अचानक हुई वर्षा और ओलावृष्टि की तस्वीर और वीडियो बनाकर लोगों ने खूब शेयर किया तो दूसरी ओर गर्म कपड़े भी निकालने पड़ गए।
शहर के कई हिस्सों में नाले का गंदा उफनकर बाहर निकलने लगा। मौसम में बदलाव का असर इस कदर हुआ है कि रांची का तापमान दस डिग्री सेल्सियस तक गिर गया है, जबकि अन्य जिलों में भी 5 से 8 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज की गई है।
इन हिस्सों में बारिश के आसार
- मौसम विज्ञान केंद्र रांची द्वारा जारी पूर्वानुमान की बात करें तो 23 मार्च को राज्य के उत्तर पूर्वी हिस्से देवघर, दुमका, गोड्डा, पाकुड़, जामताड़ा, धनबाद, गिरिडीह और साहिबगंज में कहीं कहीं मेघगर्जन के साथ मध्यम दर्जे की वर्षा हो सकती है।
- दक्षिणी हिस्से पूर्वी व पश्चिमी सिंहभूम, सिमडेगा और सरायकेला खरसावां के अलावे निकटवर्ती मध्य भाग यानी रांची, रामगढ़, हजारीबाग, गुमला, खूंटी और बोकारो में मेघगर्जन के साथ बिजली गिरने और 30 से 40 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से हवा बहने की संभावना है।
- इसे लेकर यलो अलर्ट जारी किया गया है। 24 से 26 मार्च तक राजधानी समेत पूरे राज्य में आसमान मुख्यत: साफ रहेगा और मौसम शुष्क बना रहेगा।
ऐसा रहा मौसम
पिछले 24 घंटे के मौसम की बात करें तो राज्य में लगभग सभी स्थानों पर हल्की व मध्यम दर्जे की वर्षा हुई, जबकि कहीं-कहीं पर मेघगर्जन, आंधी और ओलावृष्टि के साथ भारी वर्षा हुई। सबसे अधिक अधिकतम तापमान 31.5 डिग्री सेल्सियस बहरागोरा का रिकॉर्ड किया गया।
वहीं, सबसे कम न्यूनतम तापमान 14.4 डिग्री सेल्सियस चाईबासा का रिकॉर्ड किया गया। राजधानी रांची की बात करें तो अधिकतम तापमान 24.5 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 14.7 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
बेड़ो में ओलावृष्टि से सब्जी के फसलों को भारी नुकसान
दिनरात की कड़ी मेहनत व हजारों रुपये खर्च कर महीनों में अपनी फसल को तैयार करने वाले अन्नदाता पर शुक्रवार की सुबह हुई आंधी, बारिश, ओलावृष्टि और रात में हुई बारिश किसानों पर आफत बनकर आई। जहां ओलावृष्टि ने किसानों की कमर तोड़कर रख दी है। वहीं रात भर की वर्षा ने किसानों के अरमानों पर पानी फेर दिया है।
खेतों में खड़ी व तैयार फसलें पूरी तरह बर्बाद हो गई। खेतों में लगी गेहूं, सरसों मक्का सहित सब्जी की फसलें बर्बाद हो चुकी हैं, जिससे किसानों को भारी नुकसान हुआ है। कुछ लोगों के घर क्षतिग्रस्त हो गए हैं। वर्षा ने आम जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया है। जलजमाव ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है।
वर्षा से किसानों के खेतो में लगी टमाटर, कद्दू, भिंडी, मिर्चा, फूलगोभी, गाजर, पत्तागोभी, बैगन, झिंगी, गोंगरा व तरबूज की फसलों में भारी नुकसान पहुंचाया है।
गांव के लोगों की जीविका का एकमात्र साधन खेती है। किसानों ने मेहनत करके सब्जी लगाकर पटवन किए थे। इसी बीच हुई ओलावृष्टि व वर्षा ने किसानों की उम्मीद को बर्बाद कर दिया है।
खेत में भरा है पानी, सब्जी की फसलें गली
प्रखंड मुख्यालय सहित प्रखंड के गांवों के किसान सबसे अधिक वर्षा और ओलावृष्टि से प्रभावित हुए हैं। शुक्रवार की रात को हुई झमाझम वर्षा और दिन में हुई ओलावृष्टि ने गेहूं, सरसों, मक्का और सब्जी की फसल को भारी क्षति पहुंचाई है।
खेती में पूंजी लगाए किसानों को भारी नुकसान हुआ है। किसानों ने सोचा था फसल अच्छी होगी लेकिन प्रकृति की बेमौसम का कहर से फसल चौपट हो गई है।
वहीं किसानों को चिंता में डाल दिया है कि दुकानों उधारी और बैंक का लोन कैसे चुकता करंगे। किसान व उसके स्वजन खेतों की तरफ दौड़ रहे हैं और बर्बाद हुए फसलों को देखकर खून के आंसू रो रहे हैं।
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