विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 27, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Jharkhand News: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु के हाथों सम्मानित होंगे प्रदेश के ये दो शिक्षक

By Jagran NewsEdited By: Paras Pandey
Published: Sun, 27 Aug 2023 04:00 AM (GMT+05:30)

चतरा के मध्य विद्यालय दीवानखाना के प्रभारी प्रधानाध्यापक मो.एजाजुल हक को इस वर्ष का राष्ट्रीय पुरस्कार मिलेगा। राज्य सरकार की ...और पढ़ें

पांच सितंबर को शिक्षक दिवस के अवसर पर राष्ट्रपति प्रदान करेंगी पुरस्कार
पांच सितंबर को शिक्षक दिवस के अवसर पर राष्ट्रपति प्रदान करेंगी पुरस्कार

HighLights

  1. चतरा के शिक्षक एजाजुल हक को मिलेगा राष्ट्रीय पुरस्कार
  2. पांच सितंबर को शिक्षक दिवस के अवसर पर राष्ट्रपति प्रदान करेंगी पुरस्कार
  3. शिक्षा में कई नवाचारों को लेकर मो. एजाजुल हक का हुआ चयन

रांची,राज्य ब्यूरो। झारखंड के दो शिक्षकों को राष्ट्रीय पुरस्कार मिलेगा।  इनमें चतरा के मध्य विद्यालय, दीवानखाना के प्रभारी प्रधानाध्यापक मो.एजाजुल हक तथा सैनिक स्कूल, तिलैया के शिक्षक मनोरंजन पाठक सम्मिलित हैं। एजाजुल का चयन राज्य  सरकार के विद्यालयों के कोटे से हुआ है, जबकि पाठक का चयन सैनिक स्कूल कोटे से हुआ है।

राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु देंगी पुरस्कार

केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय ने इस पुरस्कार के लिए कुल 50 शिक्षकों का चयन किया है, जिनमें दो झारखंड के हैं। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु पांच सितंबर को शिक्षक दिवस के अवसर पर दोनों  शिक्षकों को पुरस्कार प्रदान करेंगी। दोनों शिक्षकों का चयन इनके द्वारा  शिक्षा के क्षेत्र में किए गए नवाचारों के कारण किया गया है।

शिक्षक एजाजुल की बात करें तो इन्होंने नाइट रीडर्स नाम से अभिवंचित वर्ग के बच्चों के  लिए रात्रि पाठशाला शुरू की। कोविड के दौरान स्कूलों के बंद रहने पर टोलों  में जाकर बच्चों की शिक्षा प्रदान की। इन्होंने यूट्यूब चैनल पर कई आनलाइन कंटेंट भी अपलोड किए, जिन्हें स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग ने डिजी  साथ कार्यक्रम में भी साझा किया।

एजाजुल के नेतृत्व में विद्यालय के शिक्षक  ईच वन, रीच वन सिद्धांत का पालन करते हुए प्रत्येक दिन किसी न किसी बच्चे  या अभिभावक से मिलकर बच्चों को स्कूल से जोड़ने का प्रयास करते हैं। मनोरंजन पाठक कंप्यूटर साइंस के शिक्षक हैं तथा वर्ष 2002 से ही सैनिक स्कूल, तिलैया में कार्यरत हैं। 

मूल रूप से ये बिहार के मधेपुरा जिले के  रहनेवाले हैं। बता दें कि राज्य सरकार ने इस पुरस्कार के लिए सरकारी  स्कूलों के कोटे से दो अन्य शिक्षकों अपग्रेडेड हाईस्कूल गिद्धौर, चतरा के  मनोज कुमार चौबे तथा मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय वर्मा माइंस, जमशेदपुर  की डा. अंजू कुमारी की अनुशंसा भेजी थी, लेकिन उनका चयन नहीं हो सका।