विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 06, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

हेमंत सोरेन के बाद अब CM के प्रेस सलाहकार समेत इन लोगों को ED का समन, अलग-अलग दिन पूछताछ के लिए बुलाया

By Dilip Kumar Edited By: Shashank Shekhar
Published: Sat, 06 Jan 2024 03:58 PM (IST)

ईडी ने 1250 करोड़ के अवैध पत्थर खनन मामले में मुख्यमंत्री के प्रेस सलाहकार अभिषेक प्रसाद उर्फ पिंटू को समन ...और पढ़ें

हेमंत सोरेन के बाद अब CM के प्रेस सलाहकार समेत इन लोगों को ED का समन
हेमंत सोरेन के बाद अब CM के प्रेस सलाहकार समेत इन लोगों को ED का समन

HighLights

  1. मुख्यमंत्री के प्रेस सलाहकार अभिषेक प्रसाद को ED का समन
  2. साहिबगंज के उपायुक्त रामनिवास यादव को भी ED का समन
  3. 1250 करोड़ के अवैध पत्थर खनन मामले में होगी पूछताछ

राज्य ब्यूरो, रांची। साहिबगंज में 1250 करोड़ के अवैध पत्थर खनन मामले में मनी लॉन्ड्रिंग के तहत अनुसंधान कर रही ईडी ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के प्रेस सलाहकार अभिषेक प्रसाद उर्फ पिंटू, साहिबगंज के उपायुक्त रामनिवास यादव व पिंटू के सहयोगी तथा रांची के आर्किटेक्ट विनोद सिंह को समन कर दिया है।

ईडी ने अभिषेक प्रसाद उर्फ पिंटू को 16 जनवरी को पूछताछ के लिए अपने रांची एयरपोर्ट रोड स्थित जोनल कार्यालय में बुलाया है। इसी प्रकरण में साहिबगंज के उपायुक्त रामनिवास यादव को 11 जनवरी व आर्किटेक्ट विनोद सिंह को 15 जनवरी को पूछताछ के लिए बुलाया है।

ईडी ने इससे पहले बिहार के कटोरिया के पूर्व विधायक राजकिशोर यादव उर्फ पप्पू यादव को समन किया था, उनसे नौ जनवरी को पूछताछ प्रस्तावित है। पिछले दिनों ईडी की छापेमारी में बरामद दस्तावेजों की समीक्षा के बाद ईडी ने सभी संदेही आरोपितों को पूछताछ के लिए समन किया है।

अब ईडी एक-एक कर सभी दस्तावेजों के आधार पर इन आरोपितों का पक्ष लेगी। पूछताछ में संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर ईडी इस पूरे प्रकरण में कानून सम्मत कार्रवाई के लिए पहल करेगी।

3 जनवरी को सभी संबंधितों के ठिकानों पर ईडी ने मारा था छापा

अवैध पत्थर खनन मामले में ईडी ने तीन जनवरी को ही संबंधितों के ठिकानों पर छापेमारी की। इस दौरान पिंटू के ठिकानों से केवल डिजिटल उपकरण मिले थे, जिससे डेटा बरामद किया गया, जो लेन-देन व निवेश से संबंधित बताए जा रहे हैं।

वहीं, साहिबगंज के उपायुक्त रामनिवास यादव के साहिबगंज स्थित कैंप कार्यालय से 7.25 लाख रुपये नकदी के अलावा नाइन एमएम के 19 कारतूस, .380 एमएम के दो कारतूस व पिस्तौल के पांच खोखे बरामद किए गए थे।

रामनिवास यादव के राजस्थान के जयपुर स्थित पैतृक गांव में जमीन खरीदने से संबंधित दस्तावेज की भी बरामदगी हुई थी। आर्किटेक्ट विनोद सिंह के ठिकाने से ईडी ने 25 लाख रुपये नकदी की बरामदगी की थी। वहां से भी चल-अचल संपत्ति में निवेश से संबंधित दस्तावेज बरामद किए गए थे, जिसकी ईडी जांच कर रही है।

कटोरिया के पूर्व विधायक राजकिशोर यादव उर्फ पप्पू यादव के बिहार-झारखंड स्थित आवास से भी चल-अचल संपत्ति से संबंधित दस्तावेज मिले हैं, जिसकी छानबीन चल रही है। ईडी को सूचना है कि पंकज मिश्रा के जेल जाने के बाद साहिबगंज में अवैध पत्थर खनन में वसूली की पूरी कमान पप्पू यादव ने ही संभाल रखी थी।

DC रामनिवास यादव को देनी होगी जानकारी

ईडी के सामने साहिबगंज के उपायुक्त रामनिवास यादव को बरामद प्रतिबंधित कारतूसों के स्रोत व उन्हें रखने के पीछे के उद्देश्य को बताना होगा। इतना ही नहीं, उन्हें यह भी बताना होगा कि फाइल में पड़े 7.25 लाख रुपये कहां से व किस मद में आए। ईडी को पूरा विश्वास है कि उपायुक्त रामनिवास यादव के पास इसका संतोषजनक जवाब नहीं है।

उनके विरुद्ध भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम, आर्म्स एक्ट व भादवि से संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज करने के लिए पर्याप्त सबूत हैं। ईडी के अधिकारी राज्य सरकार से भी इस संबंध में अनुशंसा करेंगे और कार्रवाई की मांग करेंगे।

ये भी पढ़ें: Jharkhand ED Raid: DC रामनिवास की आमदनी खंगालने में जुटी ईडी, रेड में मिले अहम सबूत; हो सकता है बड़ा खुलासा!

ये भी पढ़ें: Jharkhand IAS Transfer: IAS में प्रमोट 10 अफसरों का तबादला, विधानचंद्र चौधरी बने भवन निर्माण विभाग के संयुक्त सचिव