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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 19, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

ट्रेनों को रोकना गैर कानूनी, बाधित करने वालो पर होगी कड़ी कार्रवाई; झारखंड में रेल रोको आंदोलन को लेकर रेलवे सतर्क

Published: Fri, 19 Sep 2025 07:00 AM (IST)

कुड़मी समुदाय को अनुसूचित जनजाति का दर्जा देने की मांग को लेकर प्रस्तावित रेल रोको आंदोलन के मद्देनजर रेलवे प्रशासन ...और पढ़ें

प्रस्तुति के लिए इस्तेमाल की गई तस्वीर। (जागरण)
प्रस्तुति के लिए इस्तेमाल की गई तस्वीर। (जागरण)

HighLights

  1. कुड़मी आंदोलन रेलवे अलर्ट, सुरक्षा कड़ी |
  2. रेल रोको यात्री सुरक्षा पर ध्यान केंद्रित |
  3. रेलवे ने आंदोलनकारियों से की अपील |

जागरण टीम जमशेदपुर/खड़गपुर/ चांडिल/नीमडीह। ट्रेन यातायात को बाधित करना असंवैधानिक व गैर कानूनी है। यदि ट्रेन सेवा को बाधित किया जाता है तो ऐसे आंदोलनकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। आंदोलन को देखते हुए रेल प्रशासन की ओर से इस संबंध में आदेश जारी कर दिया गया है।

कुडमी को अनुसूचित जनजाति का दर्जा देने की मांग को लेकर आदिवासी कुडमी समाज व कुडमी एकता मंच ने 20 सितंबर की सुबह पांच बजे से ही झारखंड, पश्चिम बंगाल व ओडिशा के 100 स्टेशनों पर रेल रोको आंदोलन करने की चेतावनी दी है।

कुड़मी आंदोलन को देखते हुए चक्रधरपुर, आद्रा व खड़गपुर मंडल ने सभी संभावित ट्रेन रोके जाने वाले स्टेशनों व रेलवे ट्रैक की सुरक्षा बढ़ा दी है।

आंदोलन के कारण ट्रेनों का परिचालन व यात्रियों को किसी तरह की कोई परेशानी न हो, इसके लिए अलग-अलग स्टेशनों पर आरपीएफ व जीआरपी सहित स्थानीय पुलिस के सहयोग से टास्क फोर्स गठित किया जा रहा है।

इसके अलावा सुप्रीम कोर्ट व हाईकोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए रेल प्रशासन अपने मंडल के आंदोलनकारियों से बात करने का प्रयास कर रही है।

रेल प्रशासन ने आंदोलनकारियों से अपील की है कि कुडमी समाज को अनुसूचित समुदाय का दर्जा देने की आपकी मांग, आपके समुदाय के लिए महत्वपूर्ण मुद्दा हो सकता है लेकिन रेलवे यह स्पष्ट करना चाहता है कि आपकी मांगे रेल प्रशासन या उसके कामकाज के दायरे में नहीं आती है। इसलिए रेल सेवाओं को बाधित करना सही तरीका नहीं है इसलिए आंदोलन को वापस लेने की अपील की गई है।

हावड़ा-मुंबई मार्ग बाधित होने से पड़ेगा व्यापक असर : रेलवे

चक्रधरपुर मंडल के सीनियर डीसीएम आदित्य चौधरी ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा है कि आंदोलन के लिए चुना गया स्थान हावड़ा-मुंबई मुख्य लाइन पर है जो भारतीय रेल नेटवर्क का सबसे व्यस्त गलियारों में से एक है। इस मार्ग पर रेल परिचालन को किसी भी प्रकार की बाधा के दूरगामी परिणाम होंगे।

इससे यात्री ट्रेन परिचालन से लेकर माल ढुलाई, दोनों सेवाओं पर गंभीर असर पड़ेगा। ट्रेनों में हर दिन दैनिक कामगार, स्कूल-कॉलेज के छात्र-छात्राओं से लेकर कई मरीज भी सफर करते हैं, लंबे समय तक परिचालन बाधित होने से उन्हें भी भोजन, पानी व चिकित्सा सहायता में परेशानी हो सकती है।

रेल रोकना है दंडनीय अपराध : सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट व हाईकोर्ट ने अपने आदेश में कह चुकी है कि किसी भी तरह की गतिविधियों-आंदोलन से सार्वजनिक परिवहन या आवश्यक सेवाएं बाधित नहीं होना चाहिए।

भारतीय रेल अधिनियम के सुसंगत धाराओं के तहत भी रेल परिचालन बाधित करना, रोकना, बाधित करना, सिग्नल से छेड़छाड़ करना दंडनीय अपराध है। ऐसे लोगों के खिलाफ दो वर्ष तक का कारवास, 2000 रुपये जुर्माना या दोनों हो सकता है।

नियमों का उल्लंघन करने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) कानूनी कार्रवाई करने, गिरफ्तारी करने के लिए अधिकृत है।

रेल सेवा बाधित करने वालों पर होगी कड़ी कार्रवाई : आद्रा मंडल

आद्रा रेल मंडल ने प्रेस विज्ञप्ति कर चेतावनी दी है कि रेल सेवा बाधित करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

रेल सेवाएं देश की जीवनरेखा है। इसे रोकने से न सिर्फ यात्री सुरक्षा व सुविधा प्रभावित होगी बल्कि आपातकालीन सेवाएं भी बाधित होगी। इसके अलावा रेलवे को भारी आर्थिक नुकसान व संपत्तियों की सुरक्षा पर खतरा उत्पन्न होगा।

यात्री सुरक्षा को लेकर बढ़ाई गई सुरक्षा

खड़गपुर मंडल ने भी रेल सेवा सामान्य बनाए रखने व यात्री सुरक्षा को लेकर सुरक्षा बढ़ा दी है। गुरुवार को डीआरएम कार्यालय में अपर मंडल रेल प्रबंधक (अभियान) मनीषा गोयल ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए बताया कि दुर्गा पूजा को देखते हुए रेलवे ने आंदोलन करने वाले संबधित संगठनों को पहले ही सूचित कर चुकी है इसलिए किसी भी हालत में रेल सेवा को प्रभावित नहीं होने दिया जाएगा।

उन्होंने अपने आंदोलन में रेलवे को शामिल नहीं करने की अपील की है। साथ ही बताया कि रेलवे ने सभी आंदोलन के लिए चयनित सभी छह स्टेशनों व रेलवे ट्रैक पर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात कर रही है।

साथ ही जीआरपी व आरपीएफ द्वारा सुरक्षा शुक्रवार से बढ़ा दी जाएगी। वे सभी जिलाधिकारियों-पुलिस अधीक्षकों के संपर्क में है। साथ ही डीआरएम ने डीजीपी व गृह सचिव को स्थिति की जानकारी दे दी है।

प्रेस कॉन्फ्रेंस में वरिष्ठ मंडल वाणिज्यिक प्रबंधक निशांत कुमार, वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त प्रकाश कुमार पंडा, सीनियर डीओएम प्रभात प्रसाद, सीनियर डीईएन अनूप पटेल और सीनियर डीएमई प्रदीप्ता कुमार साहू सहित अन्य उपस्थित थे।

किस मंडल में कहां ट्रेन रोकने की दी गई है चेतावनी

चक्रधरपुर मंडल : सीनी, गम्हरिया, सोनुआ, टुनिआ, हालुलता, बिसरा, जराईकेला सहित अन्य।

खड़गपुर डिवीजन : नीमपुरा, कलाईकुंडा, सरडीहा, मेदिनीपुर, गालूडीह व बारीपदा जिले के भंजपुर रेलवे स्टेशन

आद्रा डिवीजन : टमना, छर्रा, कुस्तौर, पुरूलिया, कांटाडीह, अनारा, उर्मा, बगालिया, बराभूम, चांडिल, आद्रा, गौरीनाथधाम, कोटशिला, पुदांग, राधागांव, संतालडीह, रुकनी, सिरजाम, इंद्राबिल, गोदापियासल, सालबोनी और चंद्रकोणा रोड सहित अन्य।