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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 11, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

JEE Advance Result 2022 : जेईई एडवांस का रिजल्ट जारी, जानिए कोल्हान का टापर देवराज कर्मकार ने क्या कहा...

By Jitendra SinghEdited By:
Published: Sun, 11 Sep 2022 11:58 AM (IST)

JEE Advance Result 2022 जेईई एडवांस का रिजल्ट आइआइटी बांबे ने जारी कर दिया है। .... ने पूरे देश में ...और पढ़ें

JEE Advance Result 2022 : जेईई एडवांस का रिजल्ट जारी
JEE Advance Result 2022 : जेईई एडवांस का रिजल्ट जारी

जमशेदपुर : जेईई एडवांस का रिजल्ट रविवार की सुबह दस बजे आइआइटी बांबे ने जारी कर दिया। इसमें जमशेदपुर के कदमा का रहने वाला देवराज कर्मकार को अखिल भारतीय स्तर पर 145वां रैंक प्राप्त किया है। वह कोल्हान टापर बना है। उसे कुल 360 अंक में से 228 अंक प्राप्त हुआ है। केमेस्ट्री में 88, मैथ्स में 41 तथा फिजिक्स में 98 अंक प्राप्त हुआ है।

इस सफलता की पीछे प्रेरणा क्लासेस के शिक्षकों की मेहनत और माता-पिता का योगदान रहा। माता-पिता ने कभी भी उनकी पढ़ाई में किसी तरह की कोई कमी नहीं की। जमशेदपुर में 811 छात्रों ने जेईई एडवांस की परीक्षा दी थी, जिसमें 120 ने सफलता हासिल की। 

डीबीएमएस कदमा हाईस्कूल का छात्र रहा है देवराज

डीबीएमएस कदमा हाईस्कूल से देवराज ने दसवीं व 12वीं का छात्र रहा है। वह शुरू से मेधावी रहा। सीमित संसाधन होने के बावजूद उसे पढ़ाई-लिखाई के लिए कभी कोई संसाधन की कमी नहीं हुई। उसे जेईई मेन में अखिल भारतीय स्तर पर 556वां रैंक प्राप्त हुआ था।

अपने ऊपर भरोसा रखा और हासिल किया मुकाम

जेईई एडवांस के टापर देवराज कर्मकार ने बताया कि इस सफलता का उन्हें भरोसा था। छात्रों को संदेश देते हुए उन्होंने कहा कि छात्र अपने उपर भरोसा रखे तथा लगातार मेहनत करते रहे। सफलता अवश्य मिलेगी। असफलता से निराश भी नहीं होना है। लक्ष्य की ओर बढ़ते रहना है। देवराज ने कभी घंटे के हिसाब से पढ़ाई नहीं की। वे हमेशा लक्ष्य आधारित पढ़ाई करते थे। इसी अनुसार उनका सारा रुटीन निर्धारित था। सोशल मीडिया में एक्टिव नहीं है। यू-ट्यूब का इस्तेमाल अपनी शिक्षा के लिए करते थे।

कंप्यूटर साइंस में बनाएंगे करियर

एडवांस की परीक्षा में टाप 150 के अंदर रैंक लाने के बाद उनका लक्ष्य टाप फाइव आइआइटीस में कंप्यूटर साइंस लेकर पढ़ना है। उसने पश्चिम बंगाल इंजीनियरिंग की प्रवेश परीक्षा में भी सातवां रैंक प्राप्त किया था, लेकिन जेईई एडवांस के रिजल्ट के बाद अब यह छात्र प्रमुख आइआइटीस की तरफ रुख करेंगे। उन्होंने कहा कि आइआइटी बांबे का मिलना मुश्किल है, क्योंकि यहां टाप 60 के अंदर का नामांकन होता है।

पिता शिक्षा विभाग में सीआरपी के पद पर कार्यरत

देवराज के पिता राजेश कर्मकार शिक्षा विभाग के ठक्कर बापा संकूल में सीआरपी के पद पर कार्यरत है। मां पंपा कर्मकार गृहणी है। पिता राजेश बताते हैं कि बेटे की पढ़ाई के लिए कभी कोई समझौता नहीं है। भले ही अन्य चीजों में समझौता किया गया, लेकिन उसकी लक्ष्य के साथ कभी समझौता नहीं किया। उसे सिर्फ और सिर्फ पढ़ाई पर ध्यान देने को कहा गया था। वह भी वहीं करता था। आज उनका सपना पूरा हुआ।