गिरिडीह में हाथी के हमले से किसान की मौत, मुआवजा की मांग को लेकर सड़क पर शव रख ग्रामीणों ने लगाया जाम
गिरिडीह के वन विशनपुरा गांव में हाथी ने एक किसान को कुचल कर मार डाला। जागो महतो नामक 60 वर्षीय ...और पढ़ें

किसान का शव रख किया सड़क जाम। (जागरण)
HighLights
किसान की हाथी के हमले में मौत
ग्रामीणों ने मुआवजे के लिए किया जाम
वन विभाग पर लापरवाही का आरोप
संवाद सहयोगी, सियाटांड़ (गिरिडीह)। नवडीहा ओपी क्षेत्र के वन विशनपुरा गांव में शनिवार को एक किसान की हाथी के कुचलने से मौत हो गई।
प्रत्यक्षदर्शी प्रकाश वर्मा ने बताया कि 60 वर्षीय जागो महतो सुरांगी जंगल से सटे अपने खेत में धान काट रहा था। उसके साथ और दो लोग वहीं पर धान काट रहे थे।
हाथी को देखकर दोनों भाग गए, लेकिन जागो महतो वृद्ध होने के कारण नहीं भाग पाए। उसे हाथी ने अपनी सूंड़ से उठाकर जमीन पर पटक और पैर से कुचल दिया। इससे जागो महतो की मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलते ही मृतक के स्वजन का रो-रो कर बुरा हाल हो गया।
इस घटना से गुस्साए ग्रामीणों ने मुआवजा की मांग को लेकर बेंगाबाद-चतरो मुख्य मार्ग को बघैडीह के पास शव रखकर जाम कर दिया।
वन विभाग और पुलिस ने हटवाया जाम
घटना की सूचना पाकर नवडीहा ओपी पुलिस और जमुआ वन विभाग के कर्मी पहुंचे। उन्होंने स्वजन और ग्रामीणों को समझा-बुझाकर रोड जाम हटवाया। इसके बाद वन विभाग ने शव को पोस्टमार्टम के लिए गिरिडीह भेज दिया।
ग्रामीणों का वन विभाग पर आरोप
कई ग्रामीणों ने वन विभाग पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि सुरांगी जंगल में हाथी की मौजूदगी की सूचना एक दिन पहले ही वन विभाग को दे दी गई थी।
यदि विभाग समय रहते हाथी को किसी सुरक्षित स्थान पर पहुंचा देता, तो यह हादसा नहीं होता। वन विभाग ने प्रविधान के अनुरूप मृतक के आश्रितों को मुआवजा देने का आश्वासन दिया है। जागो अपने पीछे पत्नी और तीन पुत्रों को छोड़ गया है।
इसी क्षेत्र में एक और घटना में भीमाटांड़ के भीमलाल यादव को भी हाथी ने बुरी तरह से जख्मी कर दिया है। घटना के बाद वन विभाग की एक टीम जंगल में गश्ती कर रही है। मौके पर सैकड़ों लोग उपस्थित थे।
