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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 28, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

'झारखंड में आग लगाने आते हैं हिमंत बिस्व सरमा', नामांकन के बाद असम CM पर क्यों आगबबूला हो गईं लुईस मरांडी

Published: Mon, 28 Oct 2024 06:32 PM (IST)

भाजपा से बगावत करने वाली लुईस मरांडी को झामुमो ने दुमका की जामा सीट से उम्मीदवार बनाया है। नामांकन के ...और पढ़ें

हिमंत बिस्वा सरमा पर भड़कीं लुईस मरांडी। (फाइल फोटो)
हिमंत बिस्वा सरमा पर भड़कीं लुईस मरांडी। (फाइल फोटो)

HighLights

  1. झारखंड में आग लगाने आते हैं हिमंत विस्वा : लुईस
  2. दम है तो दुमका से चुनाव लड़कर दिखाएं असम के मुख्यमंत्री : बसंत
  3. सरकार के कामकाज से विपक्ष में खलबली - बादल
  4. पार्टी कार्यकर्ता एकजुटता के साथ समन्वय बनाकर एक-एक बूथ जीतें - नलिन

जागरण संवाददाता, दुमका। झारखंड में चुनाव की सरगर्मियां तेज हैं। इस बीच, हाल ही में टिकट न मिलने पर भाजपा से बगावत करने वाली लुईस मरांडी ने झामुमो का दामन थाम लिया था। झामुमो ने उन्हें दुमका की जामा सीट से अपना उम्मीदवार बनाया है। लुईस मरांडी ने सोमवार को झामुमो की टिकट पर नामांकन पर्चा दाखिल किया।

नामांकन के बाद खिजुरिया में एक सभा को संबोधित करते हुए डॉ. लुईस मरांडी ने असम के मुख्यमंत्री पर जमकर प्रहार किया। उन्होंने कहा कि हिमंत बिस्व सरमा झारखंड में आग लगाने आते हैं। उन्हें कुछ भी आता-जाता नहीं है। राज्य भर में चील की तरह मंडराते फिर रहे हैं।

लुईस ने कहा कि एक साजिश के तहत संताल परगना के विकास को बाधित करने की कोशिश हो रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और झामुमो इतनी मजबूत है कि राजग के तमाम नेता इनके पीछे लगे हुए हैं। कहा कि पार्टी के कार्यकर्ता अब बिना वक्त गवाएं गांव व बूथ की ओर कूच करेंगे।

इससे पूर्व सभा को संबोधित करते हुए दुमका के सांसद नलिन सोरेन ने कहा कि आइएनडीआइए के सभी प्रत्याशी जीत हासिल करें इसके लिए पूरी ताकत से बूथ को मजबूत बनाने में लग जाएं। विरोधियों के छलावे में नहीं पड़ें। कहा कि डा. लुईस मरांडी यहां की जनता के बीच नया चेहरा नहीं है। इसलिए सभी कार्यकर्ता पूरा समन्वय बनाकर चुनाव की तैयारियों में जुट जाएं।

दुमका के प्रत्याशी बसंत सोरेन ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत विस्वा शरमा को चुनौती देते हुए कहा कि अगर उनमें दम है तो वह दुमका से चुनाव लड़कर दिखाएं। मंगलवार तक नामांकन का समय है। मेरा चुनाव आयोग व सरकार से आग्रह होगा कि उनका वोटर आइडी कार्ड बनवा दे।

जरमुंडी से कांग्रेस प्रत्याशी व पूर्व मंत्री बादल पत्रलेख ने कहा कि हेमंत सोरेन के नेतृत्व में पांच साल में सरकार ने विकास की लंबी लकीर खीचीं हैं और यही कारण है कि विपक्षी दल भाजपा के पैरों तले से जमीन खिसक गई है।

उन्होंने कहा कि लगातार दूसरी बार हेमंत सोरेन के नेतृत्व में सरकार बने इसके लिए कार्यकर्ता पूरी ताकत से बूथों पर विपक्षी दलों के प्रत्याशियों को वोट के जरिए करारा जवाब दें। मौके पर झामुमो, कांग्रेस समेत महागठबंधन में शामिल कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौजूद थे।

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