विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

धनबाद में मध्याह्न भोजन योजना के लिए नए नियम लागू, स्पर्श प्रणाली से होगा व्यय प्रबंधन

Published: Fri, 09 Oct 2026 07:37 AM (GMT+05:30)

धनबाद में प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण (मध्याह्न भोजन) योजना के लिए नए नियम लागू किए गए हैं। अब एसएनए स्पर्श ...और पढ़ें

विद्यालय स्तर पर खर्च सुनिश्चित करने के लिए नए दिशा-निर्देश जारी। (प्रतीकात्मक फोटो)

विद्यालय स्तर पर खर्च सुनिश्चित करने के लिए नए दिशा-निर्देश जारी। (प्रतीकात्मक फोटो)

HighLights

  1. मध्याह्न भोजन योजना के लिए धनबाद में नए नियम लागू किए गए।

  2. एसएनए स्पर्श प्रणाली से होगा व्यय का प्रबंधन और निगरानी।

  3. विद्यालय स्तर पर बिलों के समायोजन और हस्ताक्षरों की अनिवार्यता।

जागरण संवाददाता, धनबाद। जिला शिक्षा अधीक्षक कार्यालय ने प्रधानमंत्री पोषण शक्ति निर्माण (मध्याह्न भोजन) योजना को लेकर महत्वपूर्ण आदेश जारी किया है। वित्तीय वर्ष 2026-27 से प्रभावी एसएनए स्पर्श प्रणाली के अंतर्गत विद्यालय स्तर पर खर्च सुनिश्चित करने के लिए दिशा-निर्देश तय किए गए हैं।

डीएसई शालिनी डुंगडुंग ने कहा है कि प्रखंड स्तर पर आयोजित मासिक गुरु गोष्ठी में विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापकों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जाएं। विद्यालय प्रधानों को व्यय से संबंधित रिपोर्ट, वेंडर का नाम और भुगतान विवरण लेकर गुरु गोष्ठी में उपस्थित होना होगा।

एक अप्रैल से पूर्व की अवशेष राशि और चालू वित्तीय वर्ष के आवंटन के समायोजन के बाद ही बिल प्रखंड कार्यालय को भेजे जाएंगे। नई व्यवस्था के तहत केंद्रांश 60 प्रतिशत और राज्यांश 40 प्रतिशत मद में प्राप्त राशि का आवंटन स्पर्श पोर्टल के माध्यम से प्रखंड के मेकर आइडी से जिला कार्यालय को फारवर्ड किया जाएगा।

विद्यालय स्तर से भेजे जाने वाले प्रत्येक बिल पर अध्यक्ष, संयोजिका और प्रभारी प्रधानाध्यापक का हस्ताक्षर होना अनिवार्य है। राशन, सब्जी और रसोई गैस के बिल अलग-अलग तैयार करने होंगे।

प्रखंड कार्यालय में सभी बिलों व प्रतिवेदनों का संधारण एमडीएम कंप्यूटर आपरेटर करेंगे। डीएसई ने सभी बीईईओ, कार्यक्रम अधिकारियों, सीआरपी, बीआरपी और प्रभारी प्रधानाध्यापकों को आपसी समन्वय बनाकर बिल अपलोड करने का निर्देश दिया है।

यह भी पढ़ें- नाना पाटेकर-तनुश्री विवाद का झारखंड कनेक्शन, तत्कालीन CM मधु कोड़ा ने MNS प्रमुख के खिलाफ खोला था मोर्चा

यह भी पढ़ें- सीएमपीएफओ-डीएचएफएल निवेश घोटाला: 727 करोड़ के नुकसान की सीबीआई करेगी जांच, हाईकोर्ट का आदेश