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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 03, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

घर के आंगन में हाथियों ने महिला को पटका, दो दिनों दूसरा हमला

Published: Wed, 03 Sep 2025 07:19 PM (GMT+05:30)

बोकारो जिले के बेरमो कोयलांचल में जंगली हाथियों का आतंक जारी है। गोमिया प्रखंड के बड़कीपुनू गांव में हाथियों के ...और पढ़ें

घर के आंगन में हाथियों ने महिला को पटका
घर के आंगन में हाथियों ने महिला को पटका

संवाद सहयोगी, ललपनिया (बेरमो)। बोकारो जिला के बेरमो कोयलांचल के ग्रामीण क्षेत्रों में जंगली हाथियों का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। आए दिन हाथियों के उत्पात जान माल के साथ फसलों को भारी नुकसान हो रहा है लेकिन वन विभाग इसे रोक पाने में असमर्थ है।

बुधवार सुबह गोमिया प्रखंड के महुआटांड़ थाना क्षेत्र के बड़कीपुनू गांव में जंगली हाथियों का झुंड घुस गया और जमकर कहर बरपाया। एक महिला को उसके घर के आंगन में ही हाथियों के झुंड ने घेर लिया और उस पर हमला कर दिया। गनीमत रही कि महिला किसी तरह से जान बचाकर भागने में सफल रही।

हालांकि इस दौरान हाथी ने महिला के एक पांव को तोड़ डाला। हाथी ने महिला को सूंड से पकड़कर पटक दिया। फिर महिला किसी तरह छिपकर जान बचाने में सफल रही। शोर मचाने पर लोग जुटे और काफी प्रयास के बाद हाथी वहां से चले गए।

घायल महिला का नाम 76 वर्षीय लीला देवी बताया गया, जिसे इलाज के लिए रामगढ़ के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना के बाद गांव में अफरा तफरी का माहौल बन गया।

सूचना पाकर बड़कीपुनू वन अध्यक्ष विजय कुमार गुप्ता गांव पहुंचे और लीला देवी के परिजनों से मिलकर घटना की जानकारी ली। जिसके बाद इसकी सूचना वन विभाग के अधिकारियों को दी।

फसलों को भी रौंदा, एक दिन पहले भी किया था हमला

बता दें कि पिछले दो दिन के भीतर यह दूसरी घटना है। इसके पहले मंगलवार को इसी थाना क्षेत्र के महुआटांड़ निवासी राजेश महतो के 17 वर्षीय पुत्र सोनू कुमार को हाथियों ने घायल कर दिया था। हाथियों के लगातार बढ़ते कहर से ग्रामीणों को जानमाल के नुकसान का भय सता रहा है।

भय के कारण किसान जंगल और अपने खेत की रखवाली नहीं कर पा रहे हैं। ग्रामीणों ने बताया कि अचानक बुधवार सुबह हाथियों का झुंड गांव में घुस गया। जिसके बाद हाथी इधर उधर दौड़ने लगे।

गांव में कई लोगों के घर की चारदीवारी को भी हाथियों ने तोड़ दिया। इसके साथ दर्जनों किसानों की धान की फसल को रौंद डाला।

ग्रामीणों से जंगल नहीं जाने की अपील, विभाग कर रहा पहल

लोगों ने बताया कि बुधवार को पूरे दिन हाथियों का झुंड बड़कीपुनू के जंगल में डेरा डाले हुए है। इस संबंध में वन अध्यक्ष विजय कुमार गुप्ता ने बताया कि हाथियों की संख्या करीब 27 है। जिसमें चार बच्चे हैं। कुछ दिन पहले हाथियों ने चार बच्चे को जन्म दिया है। जिसके कारण हाथियों को भगाने में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

उन्होंने फिलहाल ग्रामीणों को जंगल में जाने से मना किया है और उसके साथ छेड़छाड़ नहीं करने की अपील की है। कहा कि हाथियों को सुरक्षित अन्य स्थान तक ले जाने के लिए वन विभाग की टीम से भी अपील की गई है। इसे लेकर विभाग के कर्मी पहल कर रहे हैं।