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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 10, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

AAP विधायक मेहराज मलिक की गिरफ्तारी पर महबूबा मुफ्ती का हमला, पीएसए को लोकतंत्र के लिए खतरा बताया

Published: Wed, 10 Sep 2025 05:54 PM (IST)

पीडीपी अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने उपराज्यपाल मनोज सिन्हा से हजरतबल दरगाह घटना के सिलसिले में हिरासत में लिए गए लोगों ...और पढ़ें

महबूबा मुफ्ती ने कहा कि सरकार को श्रीलंका, बांग्लादेश और नेपाल से सबक लेना चाहिए।
महबूबा मुफ्ती ने कहा कि सरकार को श्रीलंका, बांग्लादेश और नेपाल से सबक लेना चाहिए।

डिजिटल डेस्क, श्रीनगर। पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) अध्यक्ष महबूबा मुफ्ती ने बुधवार को उपराज्यपाल मनोज सिन्हा के नेतृत्व वाले प्रशासन से हजरतबल दरगाह घटना के सिलसिले में हिरासत में लिए गए लोगों और डोडा के मौजूदा विधायक मेहराज मलिक को जेल से रिहा करने का आग्रह किया।

श्रीनगर में पत्रकारों से बात करते हुए महबूबा ने कहा कि एक निर्वाचित प्रतिनिधि के खिलाफ जन सुरक्षा अधिनियम (पीएसए) का इस्तेमाल अनुचित है। किसी जनप्रतिनिधि पर पीएसए लगाना सही नहीं है, भले ही उसने सरकारी अधिकारियों के खिलाफ आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया हो।

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उन्होंने इस तरह से पीएसए के इस्तेमाल को लोकतंत्र के लिए खतरा करार दिया। उन्होंने यह भी कहा कि इस तरह की गिरफ्तारियां न सिर्फ लोकतंत्र को कमजोर करती हैं बल्कि लोगों को अपनी अभिव्यक्ति से रोकती हैं।"

महबूबा ने आरोप लगाया कि मेहराज मलिक की गिरफ्तारी का उद्देश्य हजरतबल दरगाह घटना से जनता का ध्यान भटकाना था। उन्होंने कहा कि आप विधायक मेहराज मलिक को केवल ध्यान भटकाने के लिए हिरासत में लिया गया है। यह तरीका लोकतांत्रिक नहीं है।

पीडीपी अध्यक्ष ने आगे कहा कि जम्मू-कश्मीर को श्रीलंका, बांग्लादेश और नेपाल से सबक लेना चाहिए। वे सरकारें लोगों की आवाज पर प्रतिबंध लगाने के गंभीर परिणाम झेल रही हैं। 

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