राष्ट्रीय इंडियन मिलिट्री कालेज में सुंदरबनी के अरिहंत का चयन
संवाद सहयोगी सुंदरबनी उपजिला सुंदरबनी पढ़ाई के मामले में केंद्रशासित प्रदेश जम्मू कश्मीर

संवाद सहयोगी, सुंदरबनी : उपजिला सुंदरबनी पढ़ाई के मामले में केंद्रशासित प्रदेश जम्मू कश्मीर में मिनी केरला के नाम से जाना जाता है। इसी को सच साबित करते हुए सुंदरबनी के एक होनहार अरिहंत शर्मा पुत्र हरबंस लाल निवासी तला टांडा, सुंदरबनी आरआइएमसी में चयनित हुआ है। राष्ट्रीय इंडियन मिलिट्री कालेज देहरादून के लिए विद्यार्थियों का सिलेक्शन हर वर्ष की तरह इस वर्ष भी हो रहा था, जिसमें सफलता हासिल करते हुए अरिहंत शर्मा ने सुंदरबनी का नाम रोशन किया।
लिस्ट में अपना स्थान पक्का करते हुए सुंदरबनी के छात्र अरिहंत ने अपने स्कूल के साथ-साथ सुंदरबनी और जिले का नाम रोशन किया। राष्ट्रीय इंडियन मिलिट्री कालेज के लिए पूरे देश से विद्यार्थी आवेदन करते हैं, ऐसे में जिला राजौरी से अरिहंत का चयन होना जिले के लिए गौरव की बात है। ज्ञात रहे कि राष्ट्रीय इंडियन मिलिट्री कालेज देहरादून में हर वर्ष की तरह इस बार भी केंद्रशासित प्रदेश जम्मू कश्मीर से मात्र एक ही बच्चे का चयन हुआ है। अगर किसी रियासत का बच्चा चयनित न हो तो उसकी जगह किसी दूसरे राज्य का बच्चा भी लिया जाता है। इससे पहले जम्मू कश्मीर के सीमांत क्षेत्र के जिला राजौरी के सुंदरबनी से पांच बच्चे आरआइएमसी में प्रवेश कर चुके हैं। वर्षो से आतंकवादग्रस्त रहने के बाद भी सुंदरबनी के बच्चे शिक्षा के क्षेत्र में अपना लोहा मनवा रहे हैं और अन्य राज्यों के युवाओं के लिए प्रेरणास्त्रोत बन रहे हैं। बता दें कि इस कालेज में चयनित हो जाने पर विद्यार्थी आठवीं से 12वीं तक की पढ़ाई अकेडमी में ही रहकर करता है। इस दौरान उन्हें नेशनल डिफेंस एकेडमी और इंडियन नेवल एकेडमी के लिए तैयार किया जाता है और आरआइएमसी के विद्यार्थियों का डिफेंस एकेडमी में जाना लगभग तय माना जाता है।
सेना में लंबी सेवाएं देने के बाद सेवानिवृत्त हुए रिटायर्ड कैप्टन सोमदत्त ने अरिहंत को बधाई देते हुए बताया कि मिलिट्री स्कूल देश सेवा करने के लिए सेना में अफसर बनने का मौका देता है। देश सेवा करने के लिए मिलिट्री स्कूल के माध्यम से ही सफलता मिलती है।
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