Jammu : थाने में सत्यापन के लिए किरायेदारों की देनी होगी जानकारी, नहीं तो होगी कार्रवाई: एसएसपी चंदन कोहली
जिला आयुक्त जम्मू ने भी यह आदेश जारी किया है कि घर पर किरायेदार रखने से पूर्व उसकी संबंधित पुलिस थाने से सत्यापन जरूर करवा ले। अक्सर कश्मीर घाटी में सर्दियों का मौसम शुरू होने के दौरान कई परिवार कश्मीर से जम्मू की ओर रुख कर लेते है।

जम्मू, दिनेश महाजन। घर पर किरायेदार रखने के दौरान उसका पुलिस सत्यापन करवाना कानून के तहत जरूरी है। ऐसा नहीं करने वालों के खिलाफ जिला जम्मू पुलिस ने नए सिरे से अभियान शुरू किया है। जिस किसी घर में भी किरायेदार बिना सत्यापन करवाए रह रहा होगा के मालिक मकान पर संबंधित पुलिस थाने में मामला दर्ज किया गया है। यह कहना है एसएसपी जम्मू चंदन कोहली का।
एसएसपी चंदन कोहली ने बताया कि पुलिस ने बीट स्तर पर अपने जवानों को तैनात किया है। एक बीट में कुछ मोहल्ले या बाजार आते है। बीट में तैनात रहने वाले पुलिस कर्मियों को यह निर्देश दिए गए है कि वह अपने क्षेत्र में जा कर यह सुनिश्चित करे की कोई भी व्यक्ति बिना सत्यापन करवाए ना रह रहा है। बकायदा उन्हें यह कहा गया है कि मोहल्ला कमेटी और बाजार एसोसिएशनों से संपर्क कर उन्हें किरायेदारों के सत्यापन को अनिवार्य होने के बारे में जागरूक किया जाए। कुछ लोग जाने अनजाने में कानून का पालन नहीं करते और उन्हें बाद में इसके नतीजे भुगतने पड़ते है।
जिला आयुक्त जम्मू ने भी यह आदेश जारी किया है कि घर पर किरायेदार रखने से पूर्व उसकी संबंधित पुलिस थाने से सत्यापन जरूर करवा ले। अक्सर कश्मीर घाटी में सर्दियों का मौसम शुरू होने के दौरान कई परिवार कश्मीर से जम्मू की ओर रुख कर लेते है। ऐसे में आतंकी या उनके लिए काम करने वाले ओवर ग्राउंड वर्कर्स भी ऐसे लोगों की आड में किरायेदार बन कर जम्मू के विभिन्न हिस्सों में रहना शुरू कर देते हैं।
किरायेदार बनकर कई बार आतंकी शहर में अपने ठिकाने बना चुके हैं
इस वर्ष अप्रैल माह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जम्मू पल्ली गांव में दौरे से पूर्व सुंजवा सैन्य छावनी के नजदीक आतंकी हमला हुआ था। घुसपैठ के बाद आतंकियों को सुंजवा तक लाने ओवर ग्राउंड वर्कर्स बठिंडी में किरायेदार बन कर रहे रहे थे। उनका भी सत्यापन नहीं हुआ था। इसके अलावा आतंकी संगठन लश्कर-ए-मुस्तफा का कमांडर हिदायतुल्लाह बीते वर्ष 6 फरवरी को जम्मू जिले में गिरफ्तार हुआ था। वह बठिंडी इलाके में एक मकान में किराये पर रह रहा था। जांच में पुलिस को पता चला कि उसकी पत्नी भी किराये पर रह रही थी। दोनों की पुलिस सत्यापन नहीं करवाया गया था। इसी प्रकार कई ऐसे मामले है यहां आतंकी या मददगार जम्मू में चोरी छुपे किरायेदार बन कर रह रहे थे।
आनलाइन भी हो सकती है किरायेदारों की वेरिफिकेशन
जम्मू पुलिस ने बीते वर्ष नवंबर में ''टीनेंट सारथी'' ऐप तथा पोर्टल के अलावा होटल अतिथि पंजीकरण ऐप शुरु किया था। लोग इन ऐप पर आनलाइन किरायेदार का सत्यापन करवाया जा सकता है।
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।