राज्य ब्यूरो, जम्मू। राज्यपाल सत्यपाल मलिक ने वीरवार को कश्मीर के लैथपोरा में सीआरपीएफ काफिले पर हुए आत्मघाती हमले की निंदा करते हुए स्पष्ट किया कि राज्य में काम कर रहीं देशविरोधी ताकतों का सफाया किया जाएगा। हमले के पीछे जैश-ए-मोहम्मद का हाथ होने से यह स्पष्ट है कि सीमा पार से मिले निर्देश पर हुई आतंकी कार्रवाई है। राज्य में आतंकवाद को शह देने वाले हताश हैं। वे अपनी उपस्थति दर्ज करवाने के लिए उन्होंने हमला किया है।

उन्होंने स्पष्ट किया है कि आतंकियों की इस प्रकार की कार्रवाई से राज्य में सुरक्षाबलों और लोगों का मनोबल नहीं गिरेगा। हम ऐसी ताकतों को खत्म करके रहेंगे। राज्यपाल ने सुरक्षाबलों के कमांडरों को निर्देश दिए है कि व सतर्कता के स्तर को बढ़ाएं। सेना, सुरक्षाबल, जिला, डिवीजनल प्रशासन व पुलिस प्रशासन महत्वपूर्ण भवनों व सुरक्षा संस्थानों का सुरक्षा ऑडिट करे। उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए अतिरिक्त कदम उठाए जाएं। हर स्तर पर सुरक्षा व सर्वेलांस बढ़ाया जाए। राज्यपाल ने केरिपुब के शहीदों के परिवारों से दुख की धड़ी में सांत्वना जताने के साथ घायल सुरक्षाकर्मियों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की। उन्होंने निर्देश दिए हैं कि घायलों के बेहतर इलाज में कोई कमी नहीं आनी चाहिए।

पुववामा हमले ने आतंकवाद के काले दिनों की याद दिलाई: उमर

पूर्व मुख्यमंत्री व नेशनल कांफ्रेंस के उपप्रधान उमर अब्दुल्ला ने ट्वीटर पर लिखा कि इस हमले ने कश्मीर में वर्ष 2004 से पहले के आतंकवाद के काले दिनों की याद दिलाई है। हमला वीभत्स है। मैं हमले में शहीदों के परिवारों के प्रति गहरी संवेदना जताने के साथ घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना करता हूं।

यह पागलपन खत्म होने से पहले और कितनी जानें जाएंगीः महबूबा 

पूर्व मुख्यमंत्री व पीडीपी की प्रधान महबूबा मुफ्ती ने कहा कि इस विभत्स हमले की निंदा करने के लिए मेरे पास शब्द नही हैं। हमारे कई सुरक्षाबल शहीद हो गए हैं व कई घायल। महबूबा ने ट्वीटर पर लिखा कि इस वीभत्स हमले का समाचार कष्टदायक था। यह पागलपन खत्म होने से पहले और कितनी जानें जाएंगी।

 

Posted By: Sachin Mishra