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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 15, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Snowfall in Kullu: हिमपात का दौर शुरू, निचले इलाकों में बढ़ी ठंड; जलोड़ी दर्रा बन रहा लोगों की परेशानी की वजह

By davinder thakurEdited By: Himani Sharma
Published: Sun, 15 Oct 2023 01:49 PM (IST)

Snowfall in Kullu हिमाचल प्रदेश के कुल्‍लू में हिमपात का दौर जारी है। रविवार सुबह जिला कुल्लू निचले इलाकों में ...और पढ़ें

पहाड़ों में हिमपात निचले इलाकों में बढ़ी ठंड
पहाड़ों में हिमपात निचले इलाकों में बढ़ी ठंड

HighLights

  1. अब सर्दी में राष्ट्रीय राजमार्ग औट-लुहरी-सैंज में सफर करने वालों के लिए दिक्कत पेश आती है।
  2. जिला मुख्यालय से जोड़ने वाला जलोड़ी दर्रा में कुछ समय के लिए वाहनों की आवाजाही ठप हो गई थी।

संवाद सहयोगी, कुल्लू। समुद्रतल से 10281 फीट की ऊंचाई पर स्थित जलोड़ी दर्रे में पहला हिमपात हुआ है। यहां पर लगभग 25 सेंटीमीटर तक ताजा हिमपात दर्ज किया गया है। रविवार सुबह जिला कुल्लू निचले इलाकों में झमाझम बारिश हुई और यहां के प्रमुख दर्रे जलोड़ी पास सहित अन्य ऊंची पहाड़ियों पर हिमपात हुआ है, जिस कारण तापमान में एक बार फिर से गिरावट आने से शीतलहर दौड़ गई है।

वाहनों की आवाजाही हो जाती है ठप

हिमपात के चलते एनएच-305 के बीच स्थित आनी उपमंडल को जिला मुख्यालय से जोड़ने वाला जलोड़ी दर्रा में कुछ समय के लिए वाहनों की आवाजाही ठप हो गई थी। अब सर्दी में राष्ट्रीय राजमार्ग औट-लुहरी-सैंज में सफर करने वालों के लिए दिक्कत पेश आती है। हिमपात एनएच प्राधिकरण की मुश्किलें भी बढ़ा देता है। वर्षा व हिमपात से क्षेत्र में समूचा जनजीवन अस्त-व्यस्त हो जाता है।

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आउटर सिराज के लोगों की मुसीबत बढ़ी

हर साल सर्दी में जलोड़ी दर्रा आउटर सिराज के लोगों को मुसीबत बना है। जिला मुख्यालय कुल्लू में नौकरी, पढ़ाई करने वाले छात्र छात्राओं को सबसे अधिक दिक्कत पेश आती है। सर्दी में जलोड़ी जोत में हिमपात के कारण मार्ग बंद हो जाता है जिस कारण लोग अपने घर नहीं पहुंच पाते हैं। इसके लिए वाहन चालक लोगों से मनमाने दाम वसूल करते हैं।

लोगों का जिला मुख्यालय से कट जाता है संपर्क

इस पर न तो प्रशासन और न ही पुलिस कोई कार्रवाई करती है। दो तीन माह तक लोगों का जिला मुख्यालय से संपर्क कट जाता है। जिस कारण उन्हें वाया गाड़ागुशैणी और वाया मंडी होते हुए अपने घर तक अतिरिक्त किराया देकर पहुंचना पड़ता है। आउटर सिराज के रमेश, सुरेश कुमार, रोशन लाल, गौरी शंकर, शेर सिंह, का कहना है कि प्रशासन को हिमपात से पूर्व लोगों की समस्या पर ध्यान देना चाहिए।

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