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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 27, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Kulloo News: मलाणा बिजली परियोजना के बांध को खतरा बरकरार; बांध टूटने की अभी भी बनी हुई है आशंका, अलर्ट जारी

By Jagran NewsEdited By: Himani Sharma
Published: Thu, 27 Jul 2023 10:25 AM (IST)

Kulloo News हिमाचल प्रदेश के कुल्‍लू में मलाणा बिजली परियोजना के बांध को खतरा अभी भी बना हुआ है। यहां ...और पढ़ें

मलाणा बिजली परियोजना के बांध को खतरा बरकरार; बांध टूटने की अभी भी बनी हुई है आशंका, अलर्ट जारी
मलाणा बिजली परियोजना के बांध को खतरा बरकरार; बांध टूटने की अभी भी बनी हुई है आशंका, अलर्ट जारी

कुल्लू, संवाद सहयोगी: हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिला के मलाणा में बिजली परियोजना चरण-दो के बांध का खतरा अभी भी बना हुआ है। कुल्लू जिला के पार्वती नदी से लेकर औट, पंडोह डैंम तक यह खतरा बना हुआ है। कभी भी मलाणा परियोजना-दो बांध का पानी तबाही मचा सकता है। इसको लेकर जिला कुल्लू प्रशासन सतर्क है। बुधवार को राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) की टीम ने मलबे को हटाने का प्रयास किया लेकिन वह सफल नहीं हो पाए।

बांध को खाली करने के किए प्रयास

तीसरे दिन परियोजना की तकनीकी टीम ने बांध को खाली करने के लिए प्रयास किए लेकिन कोई भी समाधान नहीं निकल पाया। ऐसे में आज मौसम खराब है अगर रात को भारी बारिश होती है तो बांध का पानी तबाही मचा सकता है। इससे आगे जाने वाले पंडोह डैम तक खतरा बना हुआ है। हालांकि एहतियात के तौर पर लारजी और पंडोह डैम के अधिकारियों को सतर्क रहने को कहा गया है। जिला प्रशासन भी अब चिंता में दिखाई दे रहा है।

बांध के गेट कैसे खोले लगातार किया जा रहा प्रयास

बांध के गेट कैसे खोले जाए इसका लगातार प्रयास किया जा रहा है। लेकिन अभी तक कोई विकल्प सामने नहीं आया है। मणिकर्ण घाटी में स्थित इस बांध के गेट गाद (मिट्टी) के कारण सोमवार दोपहर बाद से बंद हो गए थे। इसके बाद मंगलवार सुबह जिला प्रशासन की ओर से एक तकनीकी टीम को बांध पर भेजा गया था। लेकिन स्थिति अब भी पहले की तरह बनी हुई है।

मलाणा परियोजना के अधिकारी कुछ भी नहीं कह रहे हैं। उनसे जब फोन पर संपर्क साधा गया तो एक के बाद एक अधिकारी यह कह रहा है कि हम इस मामले में कुछ नहीं कह सकते हैं। ऐसे में अगर पानी के ओवरफ्लो होने का खतरा लगातार बना हुआ है। हालांकि प्रशासन की ओर से नीचे रह रहे लोगों को अलर्ट जारी किया गया है।

बांध के किनारे को तोड़कर निकाला गया पानी

मंगलवार को बांध के किनारे को तोड़कर अतिरिक्त पानी निकाला गया है। लेकिन इसका भी कोई असर नहीं हो रहा है। इससे भी पानी कम नहीं हो पाया है। पार्वती नदी किनारे रह रहे लोग डर के साय में हैं। यह बांध पार्वती नदी पर बना है। पार्वती नदी का पानी भुंतर में ब्यास में मिल जाता है। इस कारण ब्यास नदी के आगे ज्यादा खतरा बना हुआ है। ब्यास नदी पर बने पंडोह बांध में पानी बढ़ने के कारण अलर्ट जारी कर रखा है।

जिला कुल्लू में चल रहे हैं 38 बिजली के प्रोजेक्ट

जिला कुल्लू में मौजूदा समय में 40 से अधिक परियोजनाएं चल रही है। इसमें से 38 परियोजनाएं कार्य कर रही है। मलाणा बिजली परियोजना एक 86 मेगावाट की है जबकि मलाणा बिजली परियोजना-दो 100 मेगावाट की है। इसके अलावा मलाणा के बाद बरशैणी में एक परियोजना चल रही है। इसके अलावा एनएचपीसी की परियोजना का कार्य चल रहा है।

मलाणा बिजली परियोजना चरण-दो के बांध में आज भी स्थित वैसे ही है। अभी भी खतरे को देखते हुए एनडीआरएफ की टीम को भेजा गया है। प्रोजेक्ट की ओर से तकनीकी टीम को भेजा गया था। लेकिन वह भी कुछ नहीं कर पाए।