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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 03, 2024 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Himachal Disaster: डैम में फंसे युवाओं के लिए देवदूत बने छापे राम, नदी किनारे घर खाली कराकर बचाई कई जिंदगी

Published: Sat, 03 Aug 2024 11:04 AM (IST)

Himachal Disaster छापे राम नेगी को मलाना डैम टूटने की पहली जानकारी थी। उन्होंने लाइव आकर सभी लोगों से अपील ...और पढ़ें

Himachal Disaster: देवदूत बने छापे राम नेगी, बचाई कई जिंदगी।
Himachal Disaster: देवदूत बने छापे राम नेगी, बचाई कई जिंदगी।

HighLights

  1. मलाणा डैम के टूटने की भी सबसे पहले छापे राम नेगी ने दी थी जानकारी।
  2. सुरक्षा की दृष्टि से छापे राम नेगी ने निभाई मलाणा में अहम भूमिका।
  3. लोगों का घर खाली कराकर बचाई कई जिंदगी।

दविंद्र ठाकुर, कुल्लू। कोई भी आपदा हो ट्रेकर फंस जाए या फिर कोई पर्यटक दिक्कत में हो ऐसे में छापे राम नेगी को इसकी सूचना मिले तो वह दौड़े दौड़े चले आते हैं। इतना ही नहीं वह टीम में सभी सदस्यों का हौंसला भी बढ़ाते हैं और स्वजन को भी ढांढस बंधाते हैं। शुक्रवार को मलाणा विद्युत परियोजना-दो में फंसे चार युवाओं को बचाने के लिए छापे राम नेगी ने जी जान लगा दी और चारों को सुरक्षित बचा लिया।

इसमें सौरभ शर्मा, विशाल पांडेय, डोला सिंह और बैंकटेश दो दिनों से फंसे थे। रेस्क्यू टीम में प्रशासन की ओर होमगार्ड और एनडीआरएफ की टीम भी थी। लेकिन उनका जो रेस्क्यू करने का कार्य है वह दूसरों को भी हौंसला और रेस्क्यू टीम में जोश भर देते हैं।

मलाणा में बादल फटने से आई बाढ़

हम बात कर रहे हैं पार्वती घाटी के शिवपुरी चौकी गांव से संबंध रखने वाले छापे राम नेगी के बोर में। जिन्हें माउंटेन मैन के नाम से भी जाना जाता है। बुधवार रात को आसमान से ऐसी आफत बरसी कि कइयों के घर बह गए कई लोग मकान सहित दब गए।

कुल्लू जिला के मलाणा में भी बादल फटने से बाढ़ आ गई। सुबह होते ही छापे राम नेगी मलाणा बांध-एक के पास पहुंचे तो वहां से बांध टूटने की आवाज आई और पानी का बहाव तेज हो गया।

घरों का नुकसान हुआ, किसी की जान नहीं गई 

ऐसे में छापे राम ने इंटरनेट मीडिया में लाइव आकर लोगों को इसकी सूचना दी और जोर जोर चिल्लाते हुए कहा कि मलाणा डैम टूट गया है। पानी का बहाव तेज हो गया। नदी किनारे रह रहे लोग घरों से दूर चले जाए।

यही कारण है कि इतना पानी आने के बावजूद भी यहां पर कोई जानी नुकसान नहीं हुआ। हालांकि कई लोगों की जमीनें बह गई और कइयों के घर चले गए। लेकिन किसी की जान नहीं गई।

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220 से अधिक रेस्क्यू कर चुके छापे राम

इसके बाद शुक्रवार को सुबह सवेरे मलाणा डैम के पावर हाउस में फंसे परियोजना के चार युवाओं को निकालने के लिए बह पहाड़ी से चढ़कर डैम साइट पहुंचे। उनके साथ होमगार्ड के जावन, एनडीआएफ की टीम के सदस्य भी थे।

शुरू से इंटरनेट मीडिया में लाइव होते हुए पूरे रेस्क्यू की जानकारी युवाओं के स्वजन तक पहुंची और जब सुरक्षित उन्हें निकाला तो जोर से जयकारे लगाए। छापे राम नेगी अब तक 220 से अधिक रेस्क्यू कर चुके हैं।

मिल चुके हैं पुरस्कार

हिमाचल ने उनका सम्मान बेशक न किया हो, इजरायल सरकार ने उन्हें बेन गुरियन पुरस्कार अवश्य दिया है। छापे राम नेगी का नाम ट्रैकिंग की दुनिया में बड़े सम्मान के साथ लिया जाता है। दुनिया भर के ट्रैकर उनके प्रशंसक हैं।

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