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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 21, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

HPPCL जलविद्युत परियोजना में हादसा : जलविद्युत परियोजना में ट्राली के नीचे दबने से दो सुपरवाइजर की मौत

By Virender KumarEdited By:
Published: Tue, 21 Jun 2022 10:41 PM (GMT+05:30)

Accident in PCL Hydroelectric किन्नौर जिला में 450 मेगावाट की शौंगटोंग जलविद्युत परियोजना में ट्राली का हुक टूटने से हुए ...और पढ़ें

HPPCL जलविद्युत परियोजना में हादसा : जलविद्युत परियोजना में ट्राली के नीचे दबने से दो सुपरवाइजर की मौत हो गई।
HPPCL जलविद्युत परियोजना में हादसा : जलविद्युत परियोजना में ट्राली के नीचे दबने से दो सुपरवाइजर की मौत हो गई।

रिकांगपिओ, संवाद सहयोगी। Accident in PCL Hydroelectric, किन्नौर जिला में सतलुज नदी पर निर्माणाधीन 450 मेगावाट की शौंगटोंग जलविद्युत परियोजना में ट्राली का हुक टूटने से हुए हादसे में दो सुपरवाइजर की मौत हो गई है। मृतकों की पहचान बिहारी लाल निवासी ननखड़ी, तहसील रामपुर जिला शिमला व खूब राम निवासी निरमंड, जिला कुल्लू के रूप में हुई है।

शौंगटोंग के समीप हिमाचल प्रदेश पावर कारर्पोरेशन लिमिटेड (एचपीपीसीएल) की जलविद्युत परियोजना में निर्माण कार्य चला हुआ है। मंगलवार को दोनों सुपरवाइजर टीम को काम बता और निरीक्षण कर ट्राली से ऊपर आ रहे थे कि अचानक हुक टूट गया। ट्राली पलटने के कारण दोनों नीचे गिरे और ट्राली उनके ऊपर आ गिरी। दोनों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। हादसे की सूचना मिलते ही कंपनी प्रबंधन व पुलिस मौके पर पहुंची। एचपीपीसीएल के वरिष्ठ प्रबंधक हेमराज ने बताया कि मृतकों के स्वजन को नियमानुसार राहत राशि दी गई है और घटना की जांच की जा रही है। उपायुक्त किन्नौर आबिद हुसैन सादिक ने बताया कि दो सुपरवाइजर की मौत होना दुर्भाग्यपूर्ण है।

यह पहला हादसा नहीं

किन्नौर जिला में जलविद्युत परियोजनाओं में यह पहला हादसा नहीं है। इसी वर्ष टिढोंग जलविद्युत परियोजना में भी ट्राली पर चट्टान गिरने से तीन मजदूरों की मौत हो गई थी। उस समय प्रशासन ने जांच कमेटी का गठन कर टिढोंग परियोजना के हादसे में जांच शुरू की थी, लेकिन अब तक रिपोर्ट सामने नहीं आई है।