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    Himachal: बिलासपुर में पैराग्लाइडिंग की बारीकियों से रूबरू होंगे पैराग्लाइडर, बुधवार से सिखाए जाएंगे गुर

    बिलासपुर जिला की बंदलाधार में 22 सितंबर से पैराग्लाइडर्स के लिए प्रशिक्षण शिविर शुरू होने जा रहा है। इसमें पूरे देश के युवक भाग लेंगे जो आसमान में पक्षियों की तरह उड़ना और अटखेलियां करना चाहते हैं। यह प्रशिक्षण शिविर करीब एक माह तक चलेगा जिसमें एक ग्रुप को चार दिन का प्रशिक्षण दिया जाएगा। पैराग्लाइडिंग एसोसिएशन की ओर से प्रमाण भी जारी किया जाएगा।

    By Jagran NewsEdited By: Jeet KumarUpdated: Tue, 19 Sep 2023 08:13 PM (IST)
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    बिलासपुर में 22 सितंबर से पैराग्लाइडर्स के लिए प्रशिक्षण शिविर शुरू होने जा रहा है

    बिलासपुर, रजनीश महाजन: हवा में अटखेलियां खाते देख शायद ही किसी का मन हो कि वह भी आसमान में अटखेलियां करें। अगर आप भी आसमान में अटखेलियां करना चाहते हैं तो इसके लिए यह जरूरी है कि आपको पैराग्लाइडिंग के गुर आते हों। इसके लिए बिलासपुर जिला की बंदलाधार में 22 सितंबर से प्रशिक्षण शिविर शुरू होने जा रहा है। इसमें पूरे देश के युवक भाग लेंगे जो आसमान में पक्षियों की तरह उड़ना और अटखेलियां करना चाहते हैं।

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    इसके लिए शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ होना जरूरी है। इसमें यह भी जरूरी है कि आपने जमा दो की परीक्षा उत्तीर्ण की हो। यह एडवांस ट्रेनिंग होगी जिसमें पैराग्लाइडर को आसमान में हाेने वाली मुश्किलों से निपटने के भी गुर सिखाए जाएंगे। बिलासपुर जिला में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए यह बहुत ही उत्तम कदम साबित होगा। बता दें कि बिलासपुर जिला की बंदलाधार को हाल ही में पैराग्लाइडिंग साइट के रूप में मंजूरी मिली है।

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    एक ग्रुप में लोगों की संख्या 20 से 25 तक हो सकती है

    यह प्रशिक्षण शिविर करीब एक माह तक चलेगा जिसमें एक ग्रुप को चार दिन का प्रशिक्षण दिया जाएगा। यदि मौसम साथ नहीं देता है तो यह प्रशिक्षण चार दिन के स्थान पर पांच दिन या छह दिन का भी हो सकता है। यह पूरे महीने तक चलेगा । एक ग्रुप में संख्या के अनुसार ही लोगों को रखा जाएगा जिससे एक ग्रुप में लोगों की संख्या 20 से 25 तक हो सकती है।

    इस कोर्स को इसलिए भी महत्व बढ़ जाता है क्योंकि पैराग्लाइडिंग का लाइसेंस लेने के लिए आवेदनकर्ता को इस कोर्स का करना उसी प्रकार आवश्यक है जिस प्रकार किसी भी प्रकार के वाहन को चलाने के लिए लाइसेंस की आवश्यकता होती है। इस एडवांस कोर्स का एक लाभ यह भी है कि पैराग्लाइडर टैंडम लाइसेंस के लिए भी आवेदन कर सकता है।

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    मिलेगा प्रमाण पत्र

    इस लाइसेंस के मिलने के बाद वह अपने साथ एक अन्य व्यक्ति को भी आसमान की सैर करवा सकता है। बता दें कि इस कोर्स को करवाने के बाद पैराग्लाइडिंग एसोसिएशन की ओर से प्रमाण भी जारी किया जाएगा।

    वहीं इस बारे में पैराग्लाइडिंग एसोसिएशन के उपाध्यक्ष संजीव ठाकुर ने बताया कि बिलासपुर की बंदलाधार में 22 सितंबर से पैराग्लाइडिंग का प्रशिक्षण शुरू होने जा रहा है। यह एडवांस कोर्स रहेगा। इसमें पैराग्लाइडर काे पैराग्लाइडिंग के दौरान आने वाली समस्याओं व उनके निपटान के गुर सिखाए जाएंगे।

    प्रशिक्षण शिविर के लिए तैयारियां शुरू

    संजीव ठाकुर ने बताया कि पैराग्लाइडिंग के प्रशिक्षण शिविर के शुरू होने को लेकर तैयारिया शुरू कर दी हैं। ताकि लोगों को दिक्कतों का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि बिलासपुर में अब धरती, गोविंदसागर झील के साथ साथ आसमान की खेलों को लेकर भी प्रशिक्षण दिया जा रहा है जो आने वाले समय में पर्यटकों को आकर्षक करेगा।