कुंडली बॉर्डर पर कंक्रीट की दीवार, दिल्ली के लिए इन रास्तों से निकलें; किसानों आंदोलन पर ट्रैफिक एडवाइजरी जारी
सोमवार दोपहर पुलिस ने एडवाइजरी जारी कर लोगों को एनएच-44 का प्रयोग नहीं करने और दिल्ली यात्रा को स्थगित करने को कहा है। हरियाणा की तरफ कई लेयर में पत्थरों के भारी भरकम बैरिकेड्स रखकर इनके बीच में कंक्रीट की दीवार बनाई गई है। ट्रैफिक एडवाइजरी में दिल्ली से पानीपत और पानीपत से दिल्ली के लिए वैकल्पिक मार्ग सुझाए गए हैं।

निरंजन कुमार, सोनीपत। किसानों का दिल्ली कूच रोकने के लिए कुंडली बॉर्डर पर युद्धस्तर की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। सड़क पर लोहे के कंटेनर रखकर उनमें मिट्टी भरी गई है। साथ ही हरियाणा की तरफ कई लेयर में पत्थरों के भारी भरकम बैरिकेड्स रखकर इनके बीच में कंक्रीट की दीवार बनाई गई है। बॉर्डर के आसपास के तमाम संपर्क मांग भी बंद कर दिए हैं।
कुंडली बॉर्डर पर लगा रहा जाम
अभी कुंडली फ्लाईओवर पर दोनों साइड में एक एक लेन खुली है। इसके कारण कुंडली बॉर्डर से कई किमी लंबा जाम लगा रहा। पुलिस ने रूट डायवर्जन कर वाहन चालकों को वैकल्पिक मार्ग का प्रयोग करने को कहा है। पानीपत सीमा पर हल्दाना बॉर्डर को पानीपत के गांव पट्टी कल्याणा के पास शिफ्ट करते हुए बैरिकेड्स व अन्य सामान वहां पर भेज दिया गया है।
दिल्ली के लिए वैकल्पिक मार्ग
देर शाम को गन्नौर के एसडीएम डॉ. निर्मल नागर और एसीपी गोरखपाल राणा ने वहां का दौरा कर तैयारियों का जायजा लिया। वहां पर अभी वाहनों का आवागमन जारी है। सोमवार दोपहर पुलिस ने एडवाइजरी जारी कर लोगों को एनएच-44 का प्रयोग नहीं करने और दिल्ली यात्रा को स्थगित करने को कहा है। ट्रैफिक एडवाइजरी में दिल्ली से पानीपत और पानीपत से दिल्ली के लिए वैकल्पिक मार्ग सुझाए गए हैं।
किसानों को रोकने के लिए हलदाना बॉर्डर से लेकर कुंडली तक हरियाणा सीमा में सशस्त्र सीमा बल और दिल्ली की साइड आरएएफ के जवानों ने एनएच-44 को अपने कब्जे में ले लिया है। दिल्ली और सोनीपत पुलिस के आला अधिकारी दौरा कर व्यवस्थाओं काे परख रहे हैं। आधा घंटे औचंदी बॉर्डर को बंद भी किया गया। पिछले आंदोलन के दौरान 13 महीने तक किसान कुंडली बॉर्डर पर बैठे रहे थे।
इस दौरान कई किसानों का निधन भी हो गया था। वहीं कुंडली और आसपास के इंडस्ट्री एरिया की फैक्ट्रियाें को पांच हजार करोड़ का नुकसान उठाना पड़ा था। अब कुंडली व राई औद्योगिक क्षेत्र के उद्योगपति और कुंडली के आसपास के गांवों के सरपंच किसानों के दिल्ली कूच के विरोध में आ गए हैं। उन्होंने किसानों से यहां आंदोलन न करने को कहा है।
एनएच 44 पर छह जगह नाके
- हलदाना बॉर्डर
- गन्नौर चौक
- मुरथल बाईपास मोड़
- बीसवां मील चौक
- केएमपी केजीपी इंटरचेंज
- कुंडली बॉर्डर
यह है डायवर्जन प्लान
दिल्ली से पानीपत के लिए नए रूट
- गन्नौर चौक से गन्नौर शहर होते हुए गांव गुमड़, कैलाना, खानपुर, गोहाना से रोहतक-पानीपत हाईवे का प्रयोग करें
- मुरथल बाईपास से एनएच-352ए के रास्ते बड़वासनी, मोहाना, गोहाना होते हुए रोहतक-पानीपत हाईवे से पहुंचें।
दिल्ली के लिए इन रास्तों से निकलें
- मुरथल बाईपास होते हुए बड़वासनी नहर के रास्ते नवनिर्मित एनएच 344पी से बवाना निकलें
- बीसवां मील चौक से वाया जठेड़ी, बारोटा चौकी, सफियाबाद होकर नरेला में प्रवेश करें
- बीसवा मील चौक गांव जठेडी, बारोटा चौकी, नाहरी, लामपुर बॉर्डर से निकलें दिल्ली
- एनएच 44 से नाथूपुर मोड़ से गांव सबौली, आइटीबीपी कैंप से नरेला पहुंचे
- केएमपी से पिपली टोल, सैदपुर होते हुए औचंदी बॉर्डर से दिल्ली जाएं
- केजीपी के रास्ते खेकड़ा, लोनी बॉर्डर से दिल्ली में प्रवेश करें
- कुंडली थाने के के सामने से सिंघु स्टेडियम, जाटी, दहिसरा बॉर्डर होकर निकलें
नंबर गेम
- 02 हजार से ज्यादा पुलिस और पैरामिलिट्री जवान तैनात
- 12 छोटे बॉर्डर पूरी तरह से सील होंगे
- 02 फीट मोटी कंक्रीट की दीवार चिनवाई गई है
- 1.5 से 2 लाख लोग रोजाना दिल्ली आवागमन करते हैं
- 06 स्टेशनों पर आरपीएफ और पैरामिलिट्री के जवान लगाएं
- 15 हाइड्रा क्रेन खड़ी की गई हैं
सुरक्षा इंतजाम
- दोनों तरफ 100 से ज्यादा सीसीटीवी लगाए गए हैं
- जांच के बाद ही दिल्ली में प्रवेश दिया जाएगा
- ट्रैक्टर ट्राली का प्रवेश रोक दिया गया
- टैक्सी वालों ने दिल्ली की बुकिंग लेनी बंद की
- निजी वाहनों से आवागमन होगा प्रभावित
- इमरजेंसी खोदाई के लिए बुलडोजर
- 13 फरवरी के बाद बुकिंग नहीं ले रहे टैक्सी संचालक
आमजन से अनुरोध है कि एनएच 44 पर करने से बचें। केवल अति आवश्यक परिस्थिति में ही दिल्ली के लिए यात्रा करें। किसानों के काफिले को सोनीपत की सीमा से पहले ही रोकने की पूरी तैयारी कर ली गई है। किसी भी तरह की हिंसात्मक गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। -बी. सतीश बालन, पुलिस आयुक्त
गुरुग्राम, फरीदाबाद के इन बॉर्डर पर बैरिकेडिंग
- गुरुग्राम के कापड़ीवास बॉर्डर, मानेसर घाटी, पचगांव और सिरहौल बॉर्डर पर बैरिकेडिंग की गई है
- फरीदाबाद के दिल्ली बॉर्डर, सूरजकुंड बॉर्डर, सीकरी, झाड़-सेतली, खोरी व मांगर बॉर्डर पर नाके लगाए
- पलवल के दिल्ली-आगरा राजमार्ग पर केजीपी-केएमपी इंटरचेंज के समीप अटोहां मोड़, दिल्ली जाने वाले, मेवात व उत्तर प्रदेश के सभी रास्तों को सील करने के लिए प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
- नूंह में राजस्थान से जुड़े मुंडाका नाका, बीवां नाका, सुनहेड़ा बॉर्डर नाका, डोंड़ल सीमा पर बैरिकेड्स लगाकर वाहनों की जांच की जा रही है।
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।