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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 26, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

अमृत महोत्सव: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के हाथों धारूहेड़ा नगरपालिका को मिलेगा स्वच्छ शहर का अवार्ड

By Prateek KumarEdited By:
Published: Mon, 26 Sep 2022 04:17 PM (IST)

एक अक्टूबर को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा नई दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम में आयोजित होने वाले सम्मान समारोह में नगर ...और पढ़ें

स्वच्छ भारत मिशन के तहत जिला रेवाड़ी की धारूहेड़ा नगरपालिका को स्वच्छ शहर का अवार्ड मिलने वाला है।
स्वच्छ भारत मिशन के तहत जिला रेवाड़ी की धारूहेड़ा नगरपालिका को स्वच्छ शहर का अवार्ड मिलने वाला है।

रेवाड़ी, जागरण संवाददाता। आजादी का अमृत महोत्सव की श्रृंखला में स्वच्छ भारत मिशन के तहत जिला रेवाड़ी की धारूहेड़ा नगरपालिका को स्वच्छ शहर का अवार्ड मिलने वाला है। एक अक्टूबर को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा नई दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम में आयोजित होने वाले सम्मान समारोह में नगर पालिका धारूहेड़ा को यह अवार्ड दिया जाएगा।

अब सौंदर्यीकरण पर होगा पूरा फोकस

उपायुक्त अशोक कुमार गर्ग ने नगर पालिका धारूहेड़ा की इस उपलब्धि पर जिलावासियों, प्रशासनिक अधिकारियों व कर्मचारियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि रेवाड़ी जिले के लोगों के लिए यह गौरव की बात है कि स्वच्छ भारत मिशन में रेवाड़ी के योगदान को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिली है। यह उपलब्धि किसी एक की नहीं बल्कि समस्त जिलेवासियों की है। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से स्वच्छता ही सेवा कार्यक्रम चलाया जा रहा है, जिसमें हम सभी को अपना सहयोग करना चाहिए। जिला नगर आयुक्त डा सुभिता ढाका ने कहा कि सौंदर्यीकरण व सुधार पर अब पूरा फोकस रहेगा। उन्होंने कहा कि धारूहेड़ा नगरपालिका को मिलने वाला स्वच्छ शहर अवार्ड पूरे जिले के लिए प्रेरणा का संचार करेगा और आमजन भी अपने क्षेत्र में स्वच्छता की मुहिम में भागीदार बनते हुए अपनी आहुति प्रशासन के साथ डालेंगे।

दूषित पानी की समस्या से आमजन परेशान

लोगों ने कहा कि, धरातल पर भी हालात ठीक होने चाहिए धारूहेड़ा को पुरस्कार तो मिल रहा है लेकिन लोगों का कहना है कि धरातल पर हालात इतने बेहतर नहीं है। भिवाड़ी से आने वाले दूषित पानी ने यहां के लोगों की जिंदगी को नारकीय बना दिया है। वर्षा के दिनों में तो सेक्टरों में नाव चलाने की नौबत आ जाती है। सफाई व्यवस्था को लेकर हाउस की बैठक में हर बार जमकर हंगामा होता है। सफाई कर्मचारी भी पूरे नहीं है। कचरे की डंपिंग तक की उचित व्यवस्था कहीं नजर नहीं आती।