राज्य ब्यूरो, चंडीगढ़। पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट ने हरियाणा सरकार को बड़ी राहत देते हुए कौशल विकास मंत्रालय द्वारा की जा रही 3206 पदों की भर्ती को हरी झंडी दे दी है। हरियाणा सरकार द्वारा भर्ती पर लगी रोक को हटाने की अर्जी मंजूर करते हुए हाई कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यह भर्ती याचिका के अंतिम फैसले पर निर्भर होगी।

हरियाणा सरकार के कौशल विभाग मंत्रालय की ओर से विभिन्न तरह के 3206 पदों के लिए विज्ञापन जारी किया गया था। इस विज्ञापन को मंत्रालय में अनुबंध के आधार पर कार्य कर रहे कर्मचारियों ने चुनौती दी थी। याचिकाकर्ताओं ने दलील दी थी कि वह अनुबंध आधार पर 2011 में चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद नियुक्त हुए थे। हरियाणा की रेगुलराइजेशन पालिसी का तीन वर्ष पूर्ण न होने के चलते वह हिस्सा नहीं बन सके थे।

यह भी पढ़ें: Electricity Bill Payment: हरियाणा के बिजली उपभोक्ताओं के लिए विशेष सूचना

हाई कोर्ट ने याचिका पर हरियाणा सरकार को नोटिस जारी करते हुए परीक्षा आयोजित करने की छूट दे दी थी, लेकिन भर्ती आगे बढ़ाने पर रोक लगा दी थी। अब हरियाणा सरकार व चयन प्रक्रिया में शामिल आवेदकों ने पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट में अर्जी दाखिल करते हुए रोक को हटाने की मांग की है।

हाई कोर्ट ने कहा कि जब सरकार नियमित भर्ती कर रही है तो अनुबंध के आधार पर नियुक्त व्यक्ति कैसे इस पर रोक लगाने की मांग कर सकता है। यह मांग तभी की जा सकती है जब उनके स्थान पर अनुबंध पर नियुक्ति की जा रही हो। हाई कोर्ट ने इन टिप्पणियों के साथ अर्जी को मंजूर करते हुए भर्ती से रोक हटा दी है। हालांकि हाई कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यह भर्ती इस याचिका के अंतिम फैसले पर निर्भर होगी। 

पंजाब की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

हरियाणा की ताजा खबरें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

Edited By: Kamlesh Bhatt

जागरण फॉलो करें और रहे हर खबर से अपडेट