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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 14, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

भारतीय कबड्डी टीम के मुख्य कोच असन कुमार की मेहनत लाई रंग, राष्ट्रपति से मिला द्रौणाचार्य अवार्ड

By Naveen DalalEdited By:
Published: Sun, 14 Nov 2021 02:22 PM (IST)

द्रौणाचार्य असन कुमार के बेटे हितेन कुमार ने कहा पापा की उपलब्धि न केवल परिवार बल्कि हर खेल प्रेमी के ...और पढ़ें

इस उपलबद्धि पर स्वजनों ने खुशी प्रकट करते हुए राष्ट्रपति का आभार जताया।
इस उपलबद्धि पर स्वजनों ने खुशी प्रकट करते हुए राष्ट्रपति का आभार जताया।

भिवानी, जागरण संवाददाता। भारतीय कबड्डी टीम के मुख्य कोच असन कुमार को राष्ट्रपति राम नाथ कोविन्द से द्रौणाचार्य अवार्ड मिला तो परिवार के सदस्यों से लेकर सब खेल प्रेमी खुशी से सराबोर हैं। सबकी जुबान पर था कि वास्तव में असन कुमार ने कबड्डी के लिए अपना जीवन समर्पित किया है। वे इस अवार्ड के हकदार भी हैं। कबड्डी में यह अवार्ड उनके लिए और खेल प्रेमियों के लिए बड़ी उपलब्धि है। हरियाणा और विशेष कर मिनी क्यूबा भिवानी का नाम भी रिकार्ड की फेहरिस्त में यह एक और रिकार्ड दर्ज हो गया। इस उपलबधि के बाद परिवार के सदस्यों में बेटे हितेन सांगवान, नितिका पुत्र वधु, शायका पौत्री, बेटी जश्न, दामाद संजय श्योराण, दादी चांदकौर ने खुशी प्रकट करते हुए राष्ट्रपति का आभार जताया।

बेटा हितैन बोले पापा की उपलब्धि ने किया है गौरवान्वित

द्रौणाचार्य असन कुमार के बेटे हितेन कुमार ने कहा पापा की उपलब्धि न केवल परिवार बल्कि हर खेल प्रेमी के लिए गौारव है। हमें पापा पर गर्व है। उन्होंने भारतीय कबड्डी को मुकाम दिया है। वह लगातार लगे हुए हैं। भारतीय कबड्डी टीम को उन्होंने बहुत बार मेडल दिलाए हैं। अर्जुन वार्ड के बाद उनको यह द्रौणाचार्य अवार्ड मिला है। उनकी प्रेरणा से कबड्डी के नए खिलाड़ी बड़ी उपलब्धि हासिल करने के लिए दिनरात एक कर रहे हैं। भारतीय कबड्डी का जादू दुनिया में सिर चढ़ कर बोलता है।

राष्ट्रपति भवन से

द्रौणाचार्य अवार्डी असन कुमार की पत्नी चंद्रकांता ने कहा हमें बहुत खुशी है। पति असन कुमार में कबड्डी पूरी तरह से रची बसी है। वह भारतीय कबड्डी को नए आयाम दे रहे हैं। हमें उन पर गर्व है। मिनी क्यूबा भिवानी और हमारे लिए ही नहीं पूरे प्रदेश और देश के लिए यह गौरव की बात है।

भाई को हमने कबड्डी को समर्पित किया आज वह दुनिया में बने हैं मिसाल

असन कुमार के बड़े डा. हवासिंह और ओमप्रकाश ने कहा भाई को हमने पूरी तरह से कबड्डी को समर्पित किया। आज वह भारतीय कबड्डी के लिए हीरो हैं। राष्ट्रपति राम नाथ कोविन्द से द्रौणाचार्य अवार्ड मिलने पर हम बहुत खुश हैं। सारी दुनिया के खेल प्रेमी विशेष कर कबड्डी प्रेमी खुश हैं। हमनें अपने भाई पर गर्व है। उसने भारतीय कबड्डी के साथ हमारा भी नाम रोशन किया है।