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    विधानसभा में दिखा CM खट्टर का गुस्सा, बोले- विपक्ष की उड़ा देंगे धज्जियां; हुड्डा ने कहा- हम इसके लिए तैयार

    हरियाणा विधानसभा के मानसून सत्र में सोमवार को संदीप सिंह मामले पर जबरदस्त हंगामा देखने को मिला। विपक्ष ने जहां संदीप सिंह के इस्तीफे की मांग की तो वहीं सीएम मनोहर लाल ने साफ कहा कि वह उनसे इस्तीफा नहीं लेंगे। सीएम मनोहर लाल ने यहां तक कह दिया कि विपक्ष को अपनी हद में रहना चाहिए। यदि वह बोलेंगे तो धज्जियां उड़ा देंगे।

    By Anurag AggarwaEdited By: Rajat MouryaUpdated: Mon, 28 Aug 2023 06:35 PM (IST)
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    हरियाणा विधानसभा के मानसून सत्र में भूपेंद्र हुड्डा और मनोहर लाल खट्टर की बहस। (फाइल फोटो)

    चंडीगढ़, अनुराग अग्रवाल। CM Manohar Lal And Bhupinder Hooda Debate जूनियर महिला कोच से छेड़छाड़ के आरोपित हरियाणा के मंत्री संदीप सिंह के इस्तीफा की मांग को लेकर विधानसभा में जबरदस्त हंगामा हुआ। खेल राज्य मंत्री रहते हुए संदीप सिंह पर महिला कोच के यौन शोषण का आरोप है, जिसके बाद उनसे खेल मंत्रालय का कार्यभार वापस ले लिया गया था। चंडीगढ़ पुलिस संदीप सिंह के विरुद्ध चार्जशीट दाखिल कर चुकी है, जिसके बाद विपक्षी विधायकों ने सोमवार को विधानसभा में जमकर हंगामा किया।

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    पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के नेतृत्व में कांग्रेस विधायकों ने भाजपा के विरुद्ध जोरदार नारेबाजी करते हुए संदीप सिंह को बर्खास्त करने अथवा मंत्री पद से इस्तीफा लेने की मांग की।

    इस वजह से हुई हुड्डा और सीएम खट्टर की बहस

    विधानसभा स्पीकर ने कहा कि यह मामला कोर्ट में विचाराधीन है, इसलिए इस पर चर्चा नहीं होनी चाहिए, लेकिन विपक्षी विधायकों पर स्पीकर की इस बात का कोई असर नहीं हुआ और वह नारेबाजी करते हुए स्पीकर के आसन के सामने वेल में आ गए। इस दौरान मुख्यमंत्री मनोहर लाल और पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा के बीच खूब आरोप-प्रत्यारोप हुए।

    'नहीं लिया जाएगा इस्तीफा'

    कांग्रेस विधायक गीता भुक्कल ने शून्यकाल में संदीप सिंह को बर्खास्त करने की मांग की। इस पर आरोप-प्रत्यारोप शुरू हो गए। मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने अपने बेंच पर हाथ मारते हुए कहा कि उन्होंने अच्छी तरह सोच लिया है कि संदीप सिंह का इस्तीफा नहीं लिया जाएगा, नहीं लिया जाएगा...और नहीं लिया जाएगा।

    'धज्जियां उड़ा देंगे'

    इस दौरान मुख्यमंत्री बोले कि विपक्ष को अपनी हद में रहना चाहिए। यदि वह बोलेंगे तो धज्जियां उड़ा देंगे। इस पर पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने मुख्यमंत्री पर अलोकतांत्रिक भाषा का इस्तेमाल करने का आरोप लगाते हुए कहा कि आप हमारी धज्जियां उड़ाइये। हम इसके लिए तैयार हैं। इस दौरान कांग्रेस विधायकों ने सदन से वॉकआउट कर दिया।

    'ऐसे शब्दों का इस्तेमाल करना शोभा नहीं देता'

    विधानसभा में चल रहे हंगामे के बीच नारेबाजी का दौर जारी रहा। भाजपा विधायकों की तरफ से सरदार संदीप सिंह जिंदाबाद के नारे लगाए गए, जबकि कांग्रेस विधायकों की ओर से 'बेटी बचाओ-भाजपा भगाओ' के नारे लगाए गए। इस दौरान धज्जियां शब्द पर विवाद शुरू हो गया। हुड्डा बोले कि धज्जियां शब्द गैर संसदीय शब्द है। मुख्यमंत्री को विपक्ष के लिए ऐसे शब्दों का इस्तेमाल करना शोभा नहीं देता।

    इस पर स्पीकर डॉ. ज्ञानचंद गुप्ता ने कहा कि उनके पास गैर संसदीय व अलोकतांत्रिक शब्दों की पूरी डिक्शनरी है। यदि धज्जियां शब्द अलोकतांत्रिक हुआ तो उसे सदन की कार्यवाही से बाहर निकलवा दिया जाएगा। स्पीकर के इस भरोसे के बाद कांग्रेस विधायक शांत हुए। इस दौरान डिप्टी सीएम दुष्यंत चौटाला ने कहा कि धज्जियां शब्द का अर्थ जोश है।