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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 21, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

FIFA World Cup 2022: फ्रांस को खलेगी करीम बेनजेमा की कमी, पहले मैच में आस्ट्रेलिया से भिड़ंत

By Jagran NewsEdited By: Sanjay Savern
Published: Mon, 21 Nov 2022 09:44 PM (IST)Updated: Mon, 21 Nov 2022 10:52 PM (IST)

FIFA World Cup 2022 फ्रांस के कोच डिडिएर डेसचैंप्स को मिडफील्ड में चोटिल एनगोलो कांटे और पाल पोग्बा की कमी ...और पढ़ें

फ्रांस फुटबाल टीम के खिलाड़ी (एपी फोटो)
फ्रांस फुटबाल टीम के खिलाड़ी (एपी फोटो)

नई दिल्ली, आनलाइन डेस्क। चोटिल स्टार खिलाड़ी करीम बेनजेमा की अनुपस्थिति के बावजूद गत चैंपियन फ्रांस की अग्रिम पंक्ति काफी मजबूत है, लेकिन आस्ट्रेलिया के विरुद्ध मंगलवार को फीफा विश्व कप के ग्रुप डी मैच में टीम को मिडफील्ड की कमजोरियों से उबरना होगा। अधिकांश टीम काइलियन एमबापे, एंटोनी ग्रिजमैन या ओलिवर गिरोड को अपनी अग्रिम पंक्ति में शामिल करना चाहेंगी, फिर अगर ये तीनों किसी टीम का हिस्सा हों फिर तो सोने पर सुहागा है। इन तीनों ने मिलकर फ्रांस के लिए 119 अंतरराष्ट्रीय गोल दागे हैं जबकि उनकी गति, अनुभव और कौशल का भी कोई जवाब नहीं है।

फ्रांस की मिडफील्ड हालांकि उतनी मजबूत नहीं है और आस्ट्रेलिया के विरुद्ध यह टीम के लिए परेशानी का सबब हो सकता है। दोनों टीम चार साल पहले विश्व कप के अपने पहले मुकाबले में आमने-सामने थीं तो फ्रांस को 2-1 से जीत दर्ज करने में काफी पसीना बहाना पड़ा था, जबकि उस समय टीम के पास मिडफील्ड में उसके सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी मौजूद थे। फ्रांस के कोच डिडिएर डेसचैंप्स को मिडफील्ड में चोटिल एनगोलो कांटे और पाल पोग्बा की कमी खल रही है जो 2018 की टीम का हिस्सा थे। फ्रांस के लिए 91 मैच खेलने वाले पोग्बा ने अपने 11 गोल में से एक गोल क्रोएशिया के विरुद्ध फाइनल में टीम की 4-2 की जीत के दौरान दागा था।

पोग्बा की फार्म में पिछले विश्व कप के बाद से उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। टीम को हालांकि कांटे की कमी अधिक खलेगी जिन्होंने टीम के लिए लगातार अच्छा प्रदर्शन किया है। इन दोनों की अनुपस्थिति में मिडफील्ड में एड्रियन रेबियोट पर जिम्मेदारी रहेगी तो 29 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों के साथ टीम के सबसे अनुभवी मिडफील्डर हैं। रेबियोट के मिडफील्ड में बाएं छोर से उतरने की उम्मीद है। आरेलियन चोउआमेनी के बीच में जबकि एडवर्डो कामावाइंगा या मातियो गुएनडोजी के दाएं छोर पर खेलने की उम्मीद है।

इसके विपरीत आस्ट्रेलिया की मिडफील्ड मजबूत है जिसकी अगुआई अनुभवी आरोन मूई करते हैं। विश्व कप 2014 में मैथ्यू लेकी आस्ट्रेलिया के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी थे और एक बार फिर टीम को उनसे काफी उम्मीदें होंगी। लेकी 13 अंतरराष्ट्रीय गोल के साथ राष्ट्रीय टीम के शीर्ष स्कोरर भी हैं। लेकी और मूई दोनों ने चार साल पहले फ्रांस के विरुद्ध शुरुआती एकादश में जगह बनाई थी। ¨वगर मार्टिन बायल के घुटने की चोट के कारण बाहर होने से हालांकि आस्ट्रेलिया के कोच ग्राहम आर्नोल्ड की रणनीति प्रभावित होगी।