नई दिल्ली, जेएनएन। बॉलीवुड में साल 2019 में कई बेहतरीन फ़िल्में आयीं। कुछ फ़िल्मों ने बॉक्स ऑफ़िस पर कामयाबी का इतिहास भी रचा। ख़ास बात यह रही कि इनमें ऐसे निर्देशक भी हैं, जिन्होंने पहली बार हिंदी फ़िल्म का निर्देशन किया और आते ही छा गये। हिंदी सिनेमा के 5 ऐसे ही डेब्यूटेंट निर्देशकों की बात इस लेख में... 

आदित्य धर- 2019 में रिलीज़ हुई फ़िल्मों में सबसे अधिक नेट कलेक्शन करने वाली फ़िल्मों में तीसरे स्थान पर रही उरी- द सर्जिकल स्ट्राइक को आदित्य धर ने ही डायरेक्ट किया है। उरी इस साल की सबसे चौंकाने वाली फ़िल्मों में शामिल है, जिसने 244 करोड़ का शानदार कलेक्शन बॉक्स ऑफ़िस पर किया था। पाकिस्तान में भारत की सर्जिकल स्ट्राइक पर बनी इस फ़िल्म में विक्की कौशल ने लीड रोल निभाया था। आदित्य हिंदी सिनेमा के लिए नये नहीं हैं। इससे पहले वो फ़िल्मों में गाने और संवाद लिखते रहे हैं।

  • निर्देशक बनने से पहले प्रोफेशन- संवाद लेखन

 

 

 

 

 

 

 

 

View this post on Instagram

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

Happy and honoured to share that our Film #UriTheSurgicalStrike will be re-released only for today, July 26th, to commemorate #KargilVijayDiwas. It will be screened for free in 500 theatres across Maharashtra. Extremely thankful to the Maharashtra State Government for their support and encouragement to this initiative by @rsvpmovies. Jai Hind 🇮🇳

A post shared by Vicky Kaushal (@vickykaushal09) on

जगन शक्ति- बतौर सहायक निर्देशक आर बाल्की के साथ कई फ़िल्में कर चुके जगन शक्ति ने मिशन मंगल से डायरेक्टोरियल पारी शुरू की। भारत के पहले मंगलयान को अंतरिक्ष में सफलतापूर्वक भेजने की कहानी पर बनी फ़िल्म में अक्षय कुमार और विद्या बालन ने मुख्य भूमिकाएं निभायीं, जबकि सहायक स्टार कास्ट में सोनाक्षी सिन्हा, तापसी पन्नू, कीर्ति कुल्हरी, नित्या मेनन और शरमन जोशी शामिल थे। फ़िल्म ने 200 करोड़ का अहम पड़ाव पार किया।

  • निर्देशक बनने से पहले प्रोफेशन- सहायक निर्देशक

अकीव अली- बॉलीवुड में लम्बे समय से बतौर एडिटर अपना टैलेंट दिखा रहे अकीव अली ने इस साल रोमांटिक कॉमेडी दे दे प्यार दे से बतौर डायरेक्टर डेब्यू किया। अजय देवगन और तब्बू जैसे कलाकारों के साथ रकुल प्रीत ने कमाल की जुगलबंदी की और अकीव के डेब्यू को सफल बनाया। इस फ़िल्म ने 100 करोड़ से अधिक नेट कलेक्शन बॉक्स ऑफ़िस पर किया।

  • निर्देशक बनने से पहले प्रोफेशन- फ़िल्म एडिटर

राज शांडिल्य- राज शांडिल्य काफ़ी वक़्त से फ़िल्म संवाद लेखन से जुड़े हैं और इस साल उन्होंने ड्रीम गर्ल से निर्देशकीय पारी शुरू की। आयुष्मान खुराना और नुसरत भरूचा ने फ़िल्म में लीड रोल निभाये। यह फ़िल्म इस साल की सबसे कामयाब फ़िल्मों में शामिल है। ड्रीम गर्ल ने 139 करोड़ के आसपास जमा करके राज को एक ठोस शुरुआत दी।

  • निर्देशक बनने से पहले प्रोफेशन- संवाद लेखन

 

 

 

 

 

 

 

 

View this post on Instagram

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

 

#HappyJanmashtami #RadheRadhe #Dreamgirl on 13th Sept

A post shared by Ayushmann Khurrana (@ayushmannk) on

लक्ष्मण उटेकर- मराठी और हिंदी सिनेमा में बतौर सिनेमैटोग्राफर काम करते रहे लक्ष्मण उटेकर ने लुका छुपी से हिंदी सिनेमा में डायरेक्टोरियल पारी शुरू की। इससे पहले वो दो मराठी फ़िल्मों का निर्देशन कर चुके थे। लुका छुपी इस साल की कामयाब फ़िल्मों में शामिल है। कार्तिक आर्यन और कृति सनोन निर्देशित फ़िल्म ने 94 करोड़ से अधिक जमा किये। लक्ष्मण की हिंदी सिनेमा में शुरुआत अच्छी रही।

  • निर्देशक बनने से पहले प्रोफेशन- सिनेमैटोग्राफी

इनके अलावा संदीप रेड्डी वंगा भी इस साल के सफल डेब्यूटेंट्स में शामिल हैं, जिन्होंने कबीर सिंह के साथ बतौर डायरेक्टर हिंदी सिनेमा में डेब्यू किया। हालांकि उनकी यह फ़िल्म तेलुगु हिट अर्जुन रेड्डी का रीमेक थी, जिसे निर्देशन उन्होंने ही किया था। कबीर सिंह 2019 की दूसरी सबसे अधिक नेट कलेक्शन करने वाली फ़िल्म है। फ़िल्म में शाहिद कपूर और कियारा आडवाणी ने मुख्य भूमिकाएं निभायी थीं।

Posted By: Manoj Vashisth

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस