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24 भाई-बहनों में बीता बचपन, 60 से अधिक फिल्मों में बने 'नारद मुनि'; बॉलीवुड के सबसे बड़े खलनायक की कहानी

Published: Sat, 24 Oct 2026 05:08 PM (IST)

कश्मीर से ताल्लुक रखने वाले एक अभिनेता ने मात्र 18 साल की उम्र में घर छोड़कर मुंबई आने का फैसला ...और पढ़ें

बॉलीवुड के सबसे बड़े खलनायक की दास्तां

बॉलीवुड के सबसे बड़े खलनायक की दास्तां

HighLights

  1. 18 की उम्र में एक्टर बनने के लिए छोड़ा था घर

  2. कभी फिल्म के पोस्टर चिपकाया करते थे एक्टर

  3. सबसे ज्यादा बार नारद मुनि बन बनाया था रिकॉर्ड

एंटरटेनमेंट डेस्क, नई दिल्ली। ओमकार नाथ धर (Omkar Nath Dhar) के जन्म से ठीक 2 साल पहले यानी 1913 में 'राजा हरीश्चंद्र' के साथ भारतीय सिनेमा की नींव रखी गई थी। उस दौर में अभिनय को अच्छा प्रोफेशन नहीं माना जाता था।

फिर भी जब सिनेमा आया तो लोगों ने फिल्मों को पसंद किया। ओमकार नाथ धर को भी बचपन से ही फिल्में पसंद थीं। फिर उन्होंने ठान ली कि वह बंबई (मुंबई) जाकर अभिनेता बनेंगे। वह बंबई आए, संघर्ष और फिर बड़े पर्दे पर आकर ओमकार नाथ धर से जीवन (Jeevan) बन गए।

इस आर्टिकल में आज कहानी जीवन की जिन्होंने अपनी शानदार परफॉर्मेंस से सिनेमा पर अमिट छाप छोड़ी...

अमीर परिवार से ताल्लुक रखते थे एक्टर

24 अक्टूबर 1915 को कश्मीर में जन्मे जीवन एक रईस कश्मीरी हिंदू परिवार से ताल्लुक रखते थे। उनके 24 भाई-बहन थे जिनमें दो सौतेले भाई विश्व नाथ धर और शंकर नाथ धर भी शामिल  थे। कहा जाता है कि उनकी मां उन्हें जन्म देते ही गुजर गई थीं और जब वह तीन साल के थे, तब उनके पिता का भी निधन हो गया था। उनके दादा कश्मीर के गवर्नर हुआ करते थे।

Actor Jeevan with son

Jeevan with Shashikala- X

अभिनय के लिए छोड़ा था घर

जीवन के परिवार में अभिनय की परमीशन नहीं थी। मगर उनका दिल तो फिल्मों में ही लगा रहता था। कहा जाता है कि 18 साल की उम्र में जीवन 26 रुपये जेब में रखकर बॉम्बे आ गए। यह उन्होंने मोहन सिन्हा के स्टूडियो में रिफ्लेक्टर ब्वॉय का काम किया था। यहीं से उन्हें अपनी पहली फिल्म मिली।

नारद मुनि के किरदार से बनाया वर्ल्ड रिकॉर्ड

उनकी पहली फिल्म फैशनेबल इंडिया है जिसमें उन्होंने लीड रोल प्ले किया था। इसके बाद उनके खाते में कई बड़ी फिल्में आईं, लेकिन सबसे बड़ी खासियत यह है कि जीवन पहले अभिनेता हैं जिन्होंने सबसे ज्यादा बार नारद मुनि का किरदार निभाया।

jeevan as narada muni

कहीं कहा जाता है कि वह 49 बार नारद मुनि बने थे तो कहीं 61 बार का जिक्र है। उन्होंने सबसे ज्यादा नारद मुनि का किरदार निभाकर वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाया था। हालांकि, उन्हें सबसे ज्यादा स्टारडम साल 1950 में आई फिल्म ' हर हर महादेव' से मिली थी। इस फिल्म में त्रिलोक कपूर और निरुपा रॉय मुख्य भूमिका में थे।

जीवन की बेहतरीन फिल्में

नारद मुनी के अलावा जीवन को सिनेमा के खलनायक के तौर पर पहचान मिली। 200 फिल्मों में काम कर चुके जीवन दर्जनों फिल्मों में खलनायक बने और सफल हो गए। उनकी बेहतरीन फिल्मों की लिस्ट...

  • अमर अकबर एंथनी
  • धरम वीर, मेला
  • अफसाना
  • आबरू
  • हीर रांझा
  • धर्मात्मा
  • लावारिस

जीवन की आखिरी फिल्म 'इरादा' 1991 में आई थी। यह फिल्म उनके निधन के बाद रिलीज हुई थी। उनका निधन 1987 में 71 साल की उम्र में हुआ था।

जीवन के बेटे भी बने स्टार

जीवन भले ही इस दुनिया से चले गए, लेकिन उनकी विरासत को उनके बेटे किरण कुमार (Kiran Kumar) ने आगे बढ़ाया। किरण ने अपना करियर 1960 में लव इन शिमला से अपना करियर शुरू किया था। वह अब भी फिल्मों में काम कर रहे हैं। आखिरी बार उन्हें 'वेलकम टू द जंगल' में देखा गया था।

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