यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jul 23, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Kriti Kharbanda interview: 'जो दिल करता है वो करती हूं', शादी को लेकर कही ये बात
‘तैश’ जब रिलीज हो रही थी तब मैं डरी हुई थी। पहले बाक्स आफिस नंबर्स बोलते थे अब डिजिटल प्लेटफार्म ...और पढ़ें

प्रियंका सिंह, मुंबईl फिल्म ‘तैश’ के बाद अभिनेत्री कृति खरबंदा अभिनीत फिल्म ‘14 फेरे’ डिजिटल प्लेटफार्म जी5 पर आज रिलीज हुई है। इस फिल्म, शादी की योजना जैसे कई मुद्दों पर उनसे बातचीत के अंश: ‘
तैश’ के बाद यह आपकी दूसरी फिल्म है जो डिजिटल पर आ रही है। आप दर्शकों के बीच बनी हुई हैं...
‘तैश’ जब रिलीज हो रही थी, तब मैं डरी हुई थी। पहले बाक्स आफिस नंबर्स बोलते थे, अब डिजिटल प्लेटफार्म पर फिल्में देखकर लोग अपनी राय देते हैं। पहले नंबर्स की वजह से बच जाते थे। अब उसके पीछे नहीं छुप सकते हैं। ‘14 फेरे’ पारिवारिक फिल्म है। अनेक फिल्में शूट होकर रिलीज का इंतजार कर रही हैं। ऐसे में मेरी फिल्म कम से कम दर्शकों तक पहुंच रही है। यह बात खुशी देती है।
खुद को साबित करने के बाद भी क्या यह डर रहता है कि लोग भूल जाएंगे?
यह डर जब तक जिंदा है, आप मेहनत करते रहेंगे। आउट आफ साइट, आउट आफ माइंड, यूं ही नहीं बोला जाता। मुझे इतना काम करना है कि मेरे जाने के बाद भी लोग मुझे याद रखें।
‘14 फेरे’ के ट्रेलर में कालेज के सीन में आप र्रैंगग में विक्रांत मेस्सी से माफी मांगने को कहती हैं। रियल लाइफ में कालेज में कैसे रही हैं?
मैं कालेज सिर्फ छह महीने के लिए गई हूं। बहुत कम उम्र से मैंने काम करना शुरू कर दिया था। मैं स्कूल में सख्त हाउस कैप्टन रही हूं। यह रोल करते हुए वे यादें ताजा हो गई थीं। इस किरदार में मुझे खुलकर जीने का मौका मिला।
दूसरों से गलती स्वीकार करने की अपेक्षा रखने या स्वयं माफी मांगने को लेकर क्या सोचती हैं?
जब तक मुझमें मैच्योरिटी नहीं आई थी, तब तक लगता था कि फलां ने गलती की, लेकिन माफी नहीं मांगी। अब लगता है मैं समय बर्बाद कर रही थी। मैं किसी और की जिंदगी पर नियंत्रण नहीं कर सकती हूं। यह समझ उम्र और अनुभव के साथ आती है। मैं समझ गई हूं कि लोग जैसे हैं, वैसे ही रहेंगे। मैं बहुत जल्दी अपनी गलती का एहसास करके माफी मांग लेती हूं। माफी मांगने से कोई छोटा नहीं होता, बल्कि इससे रिश्ते और मजबूत हो जाते हैं।
फिल्म ‘14 फेरे’ करने के बाद अब रियल लाइफ में शादी की तैयारियां खुद करेंगी या स्वजनों पर छोड़ देंगी?
(सोचते हुए) नहीं, मुझे हर चीज पर नियंत्रण चाहिए। मैं जो करूंगी, वह खुद करना चाहूंगी। वैसे मैं मानती हूं कि अगर आप किसी के साथ भावनात्मक तौर पर जुड़े हैं तो मंदिर में फेरे लो या हजार लोगों के बीच शादी करो, कोई फर्क नहीं पड़ेगा। रिश्ता पवित्र होना चाहिए।
आप और पुलकित सम्राट शादी करने के बारे में सोच रहे हैं?
हमने इस बारे में अब तक बात नहीं की है। मैं अपनी जिंदगी को लेकर बहुत ओपन रही हूं, जब जो होगा, सबको पता चल जाएगा।
आपने जिंदगी को खुली किताब की तरह रखा हुआ है। कभी लगता है कि लोग फायदा उठा सकते हैं?
मैं उसका तनाव नहीं लेती हूं। मैं वह करती हूं, जो मेरा दिल चाहता है। मेरे लिए खुद को खुश रखने से ज्यादा जरूरी कुछ नहीं है। जब मैं खुश रहूंगी तो मेरे आसपास के लोग भी खुश रहेंगे। मुझे इससे फर्क नहीं पड़ता कि लोग मेरे बारे में क्या सोचते हैं। उनकी सोच मैं नहीं बदल सकती। मैं स्वयं को प्राथमिकता देती हूं।
