नई दिल्ली, एएनआइ। भारतीय सेना के कुत्तों को COVID19 की वास्तविक समय की पहचान के लिए प्रशिक्षित किया गया है। सेना की ओर से इन कुत्तों को पसीने और मूत्र के नमूने के आधार पर प्रशिक्षित किया गया है। ये कुत्ते इन दोनों की मदद से कोविड-19 पीड़ित मरीज के सैंपल की पहचान करने में कुशल हो गए हैं। मंगलवार को सेना की ओर से इनकी इस क्षमता को देखने के लिए एक लाइव शो का आयोजन किया गया। 

इसमें सेना की ओर से 6 अलग-अलग सैंपल के डिब्बे रखे गए, उसके बाद एक कुत्ते को इसकी पहचान करने के लिए छोड़ा गया। कुत्ते ने सभी डिब्बों को देखा और सूंघा उसके बाद वो असली डिब्बे के पास पहुंचकर बैठ गया। प्रशिक्षण देने वाले जवान ने कुत्ते को अपने पास बुला लिया। इससे ये तय किया गया कि कुत्ता ऐसे सैंपल को ठीक तरह से पहचान सकता है। 

सेना के ट्रैनर कर्नल सुरेंद्र सैनी ने बताया कि जिन दो कुत्तों को इसके लिए प्रशिक्षण दिया गया है। इसमें लैब्राडोर और देशी नस्ल के चिपिपपाई के दो कुत्ते जया और मणि भी मौजूद रहे। उन्होंने बताया कि अब तक परीक्षण किए गए नमूनों के आंकड़ों के आधार पर ये पया गया है कि जिसकी पहचान ये कुत्ते कर रहे हैं वो 95 फीसदी तक सही ठहर रहे हैं।  

मालूम हो कि चीन से फैले कोरोना वायरस ने पूरी दुनिया के अलग-अलग देशों में तबाही मचाई। भारत में कोरोना की वजह से लॉकडाउन किया गया। लॉकडाउन के दौरान अर्थव्यवस्था बुरी तरह से प्रभावित हुई, हालत ये हो गया कि अब तक ये पटरी पर नहीं लौट सकी है।

वैज्ञानिक कोरोना वायरस की वैक्सीन बनाने में लगे रहे, जिसमें उनको सफलता मिली। अब देश में बनी वैक्सीन की पूरी दुनिया में मांग है। एक समय में सरकार को कोरोना वायरस की जांच करने के लिए किट बाहर से मंगवानी पड़ी थी मगर अब सेना की ओर से अपने यहां कुछ खास किस्म के कुत्तों को इस काम के लिए तैयार कर लिया गया है। 

Edited By: Vinay Kumar Tiwari