Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    Delhi Politics: जल्द ही दिल्ली में नए कलेवर में दिखेगी कांग्रेस, जिलाध्यक्ष नहीं लड़ पाएंगे चुनाव

    By sanjeev GuptaEdited By: Abhishek Tiwari
    Updated: Mon, 11 Dec 2023 09:43 AM (IST)

    जल्द ही दिल्ली में कांग्रेस नए कलेवर में दिखेगी। प्रदेश कांग्रेस में पिछले करीब एक दशक से संगठन को पुनर्गठित किया ही नहीं गया। अनेकानेक जिलाध्यक्ष भी सालोंसाल से जमे हुए हैं। नई रणनीति के तहत पांच वर्ष से अधिक समय से किसी भी पद पर जमे नेता को पदमुक्त किया जाएगा। जो नए जिला अध्यक्ष बनेंगे उन्हें चुनाव लड़ने की अनुमति नहीं होगी।

    Hero Image
    जल्द ही दिल्ली में नए कलेवर में दिखेगी कांग्रेस

    संजीव गुप्ता, नई दिल्ली। पिछले कुछ वर्षों से राजधानी में अपना वजूद तलाश रही कांग्रेस जल्द ही एक नए कलेवर में नजर आएगी। प्रदेश इकाई को संगठनात्मक स्तर पर पुनर्गठित करने के लिए इन दिनों तेजी से काम चल रहा है। पार्टी के प्रदेश प्रभारी दीपक बाबरिया की मानें तो जनवरी माह के आखिर तक संगठन का पुनर्गठन पूरा हो जाएगा।

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    सालोंसाल से जमे हुए हैं कई जिलाध्यक्ष

    गौरतलब है कि प्रदेश कांग्रेस में पिछले करीब एक दशक से संगठन को पुनर्गठित किया ही नहीं गया। अनेकानेक जिलाध्यक्ष भी सालोंसाल से जमे हुए हैं। नई रणनीति के तहत पांच वर्ष से अधिक समय से किसी भी पद पर जमे नेता को पदमुक्त किया जाएगा। जो नए जिला अध्यक्ष बनेंगे, उन्हें चुनाव लड़ने की अनुमति नहीं होगी।

    पहली बार पार्टी में मंडल और सेक्टर स्तर पर अध्यक्ष नियुक्त किए जा रहे हैं। जिला व ब्लाक अध्यक्ष किसी भी पार्टी की रीड़ होती है। लिहाजा, ऐसे जिला और ब्लाक अध्यक्ष भी चिन्हित किए जा रहे हैं जो पद लेकर बैठ गए हैं, संगठन की मजबूती में कोताही बरत रहे हैं।

    नए चेहरों को भी मिलेगा मौका

    पार्टी सूत्र बताते हैं कि ब्लाक और मंडल अध्यक्षों के नाम की घोषणा इसी माह कर दिए जाने की प्रबल संभावना है। इसके बाद जिला अध्यक्ष एवं प्रदेश कार्यकारिणी गठित की जाएगी। नए चेहरों को भी मौका मिलेगा और तमाम वरिष्ठ नेताओं को भी जिम्मेदारी दी जाएगी।

    युवा कांग्रेस के प्रतिभाशाली कार्यकर्ताओं को भी टैलेंट हंट कार्यक्रम के तहत पार्टी में प्रवक्ता, वक्ता, इंटरनेट मीडिया सहयोगी, कंटेंट राइटर, रिसर्चर एवं ग्राफिक डिजाइनर की अहम जिम्मेदारियां दी जाएगी। इस प्रक्रिया को ''प्रतिभा से परिवर्तन'' कार्यक्रम का नाम दिया गया है।

    क्या देखने को मिलेंगे अच्छे परिणाम?

    अभी अरविंदर सिंह लवली को प्रदेश अध्यक्ष बने अधिक समय नहीं हुआ है। उनकी अगुवाई में पार्टी में अच्छा काम हो रहा है, जल्द ही इसके अच्छे परिणाम देखने को मिलेगें।

    संगठन के पुनर्गठन की दिशा में आर्गेनाइजेशन रिव्यू कमेटी बना दी गई है। यह कमेटी सभी संसदीय क्षेत्रों का दौरा कर रही है। साथ ही एआइसीसी की मंडलम- सेक्टर तैयार करने वाली टीम भी लगी हुई है। इनसे जो फीडबैक मिल रहे हैं, उनका समन्वय करते हुए दो माह के भीतर संगठन के पदाधिकारियों की घोषणा कर दी जाएगी। गत वर्ष उदयपुर में हुए चिंतन शिविर में पार्टी आलाकमान द्वारा जो फैसले लिए गए थे, उनको भी लागू किया जा रहा है।

    -दीपक बाबरिया, प्रभारी, दिल्ली कांग्रेस