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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Feb 04, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Delhi: सॉफ्ट टारगेट की तलाश में था छावला दुष्कर्म केस में बरी शख्स, लूट का विरोध किया तो ऑटो चालक को मार डाला

By Jagran NewsEdited By: Geetarjun
Published: Sat, 04 Feb 2023 04:47 PM (IST)Updated: Sun, 05 Feb 2023 10:42 AM (IST)

Delhi Chhawla Molestation Case पश्चिमी दिल्ली के छावला सामूहिक दुष्कर्म मामले में बरी कर दिया गया शख्स विनोद द्वारका इलाके ...और पढ़ें

छावला सामूहिक दुष्कर्म मामले में बरी शख्स निकला ऑटो चालक की हत्या का आरोपी, गिरफ्तार
छावला सामूहिक दुष्कर्म मामले में बरी शख्स निकला ऑटो चालक की हत्या का आरोपी, गिरफ्तार

नई दिल्ली, जागरण संवाददाता। पश्चिमी दिल्ली के छावला सामूहिक दुष्कर्म मामले में बरी कर दिया गया शख्स विनोद द्वारका इलाके में 25 जनवरी की रात हुई हत्या का आरोपित निकला। विनोद व इसके साथी पवन पर द्वारका नार्थ थाना क्षेत्र में आटो चालक की हत्या का आरोप है। पुलिस के अनुसार लूटपाट का विरोध करने पर आरोपितों ने आटो चालक की हत्या की थी। विनोद व पवन दोनों फिलहाल न्यायिक हिरासत के तहत जेल भेज दिए गए हैं।

जेल से निकलने के बाद भी बुरी संगत में रहे आरोपित

पुलिस सूत्रों के अनुसार छावला सामूहिक दुष्कर्म मामले में बरी होने के बाद जब विनोद जेल से निकला, तब भी इसके आचरण में कोई सुधार नहीं हुआ। यह अपनी मां के साथ किराए के कमरे में रहता था। जेल से निकलने के बाद भी इसकी बुरी संगत जारी रही। बुरी संगत के बीच इसकी जानपहचान पवन से हुई। दोनों ने मिलकर लूटपाट की योजना तैयार की।

दोनों को द्वारका इलाके में आटो चालक अनार सिंह आसान शिकार नजर आया और इन्होंने सेक्टर तीन इलाके में इससे लूटपाट करनी चाही लेकिन आटो चालक ने दोनों आरोपितों का डटकर विरोध किया। विरोध के दौरान ही दोनों ने आटो चालक की गर्दन पर चाकू से वार कर उन्हें ढेर कर दिया। इसके बाद मौके पर रुकना इन्होंने मुनासिब नहीं समझा और फरार हो गए।

पवन ने बताया कि हाल ही में विनोद जेल से छूटा है

पुलिस ने घटनास्थल से जो साक्ष्य एकत्रित किए उसके आधार पर पुलिस पहले पवन को दबोचने में कामयाब हुई। पवन से जब पुलिस ने पूछताछ के दौरान पूछा कि वारदात में शामिल उसके साथी का नाम क्या है तो उसने विनोद का नाम बताया। जब विनोद के बारे में पुलिस ने उससे और जानकारी चाही तो उसने बताया कि विनोद हाल ही में जेल से छूटा है।

पवन व सूत्रों से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने विनोद को दबोच लिया। पूछताछ में उसने बताया कि वह छावला सामूहिक दुष्कर्म मामले में जेल में बंद था। जब उसे बरी कर दिया गया तब वह जेल से निकला।

द्वारका नार्थ थाना क्षेत्र में आटो चालक की हत्या को हम लोगों ने सुलझाया है। इस मामले को सुलझाने में पुलिस टीम ने काफी मेहनत की। दो आरोपितों विनोद व पवन को गिरफ्तार किया गया।

एम हर्षवर्धन, उपायुक्त, द्वारका जिला पुलिसक्या था छावला सामूहिक दुष्कर्म

नौ फरवरी 2012 को 17 वर्षीय नाबालिग के साथ सामूहिक दुष्कर्म की वारदात हुई थी। वारदात के चौथे दिन 13 फरवरी को पीड़िता की लाश हरियाणा के झज्जर क्षेत्र स्थित रोढ़ाई गांव के पास रेल की पटरियों के पास से बरामद की गई थी। पुलिस ने जांच के बाद आरोपित रवि, उसके भाई राहुल और एक अन्य युवक विनोद को गिरफ्तार किया था।

तीनों दोषियों राहुल, रवि और विनोद को निचली अदालत ने 2014 में मौत की सजा सुनाई थी, जिस पर दिल्ली हाई कोर्ट भी अपनी मुहर लगा चुका था। नवंबर महीने में सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने तीनों दोषियों को बरी कर दिया।