नई दिल्ली, जागरण डिजिटल डेस्क। दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रोफेसर रतन लाल वाराणसी की ज्ञानवापी मस्जिद में शिवलिंग मिलने के मामले को लेकर फेसबुक पर विवादित पोस्ट करने के आरोप में गिरफ्तार हो चुके हैं। उन पर दिल्ली के एक शख्स ने नवापी मस्जिद में मिली शिवलिंग पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने को लेकर मामला दर्ज कराया है। आइये जानते हैं कौन हैं-  प्रोफेसर रतन लाल। 

इंटरनेट मीडिया पर लगातार रहते हैं चर्चा में

दिल्ली विश्वविद्यालय के अंतर्गत आने वाली उत्तरी कैंपस के हिंदू कालेज में इतिहास के प्रोफेसर रतन लाल इंटरनेट मीडिया पर खूब सक्रिय रहते हैं। खुद को अंबेडकरवादी बताने वाले डीयू प्रोफेसर रतन लाल फेसबुक पर जमकर पोस्ट लिखते हैं। 

अंबेडकर के नक्श-ए-कदम पर चलने का करते हैं दावा

प्रोफेसर रतन लाल का दावा है कि वह Ambedkarite Style of Living के फार्मूले और नख्श-ए-कदम पर चलते हैं। वह अंबेडकर के समर्थन में लगातार पोस्ट डालते रहते हैं। वह मीडियाकर्मियों से भी लगातार बातकर अंबेडकर को लेकर अपने विचार रखते रहते हैं। 

चर्चा में रहता है उनका घर

दिल्ली स्थित उनका आवास भी अक्सर सुर्खियों में रहता है। इसकी बड़ी वजह यही है कि उन्होंने अपने तरीके से अपने बंगले को एक फाइव स्टार रिजार्ट की तरह बना दिया। इस पर उन्होंने अपनी जेब से लाखों रुपये खर्च किए हैं। यहां पर अंबेडकर से जुड़ी कई चीजें हैं। रतन लाल की मानें तो सम्मान से जीना उनका संवैधानिक अधिकार है। आखिर सारी लड़ाई आत्म-सम्मान की ही तो है। रतनलाल का कहना है कि उन्होंने अपने सरकारी आवास पर 18 लाख से ज्यादा रुपये खर्च किए। उन्होंने अपने आवास में बाबा साहब डा आंबेडकर की प्रतिमा को आंगन में स्थापित किया है।  

यहां पर बता दें कि  वाराणसी की ज्ञानवापी मस्जिद में शिवलिंग मिलने के मामले को लेकर फेसबुक पर विवादित पोस्ट करने वाले दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) के हिंदू कालेज में इतिहास के एसोसिएट प्रोफेसर रतन लाल को उत्तरी जिला पुलिस ने शुक्रवार को गिरफ्तार कर लिया है।  सामाजिक कार्यकर्ता शिवम भल्ला ने रतनलाल के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी।

इस मामले में एक माडल टाउन निवासी और सामाजिक कार्यकर्ता शिवम भल्ला की शिकायत पर 18 मई को उत्तरी जिले के साइबर सेल थाने में दुर्भावनापूर्ण कृत्य और धार्मिक भावनाओं को आहत करने की धाराओं में एफआइआर दर्ज की गई थी। प्रोफेसर की इस टिप्पणी पर इंटरनेट मीडिया पर काफी आलोचना की गई थी।

उत्तरी जिले के डीसीपी सागर सिंह कलसी ने बताया कि प्रो. रतन लाल के खिलाफ लोगों की धार्मिक भावनाओं को अपमानित करने के संबंध में शिकायत मिली थी। इस संबंध में आइपीसी की धारा 153ए/295ए के तहत मामला दर्ज किया गया था। शुक्रवार को आरोपित प्रोफेसर को गिरफ्तार कर लिया गया है।

दरअसल, प्रो. रतन लाल ने मंगलवार को अपने फेसबुक अकाउंट पर ज्ञानवापी में मिले शिवलिंग की फोटो साझा करते हुए उसपर विवादित टिप्पणी की थी। टिप्पणी के साथ फनी इमोजी भी पोस्ट की गई थी। कई लोगों ने पोस्ट पर कड़ी प्रतिक्रिया देते हुए कार्रवाई की मांग के साथ इसे दिल्ली पुलिस के ट्विटर हैंडल को टैग भी किया था।

Edited By: Jp Yadav