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    Delhi News: दिल्ली में केंद्रीय विद्यालय शुरू होने से पहले ही राह में अड़चन, जल बोर्ड ने मांगे 1.80 करोड़ रुपये

    By Pradeep Kumar ChauhanEdited By:
    Updated: Wed, 24 Aug 2022 03:50 PM (IST)

    Delhi News शिलान्यास के लगभग तीन साल बाद इसका भवन तैयार हो गया है। बिजली का कनेक्शन भी मिल चुका है। सीपीडब्ल्यूडी के अधिकारियों ने बताया कि पानी और सीवर का कनेक्शन मिलते ही इसमें कक्षाएं शुरू हो जाएंगी। उम्मीद है कि कनेक्शन जल्द मिल जाएगा।

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    Delhi News: केंद्रीय विद्यालय संगठन और संबंधित विभाग के अधिकारियों के साथ बातचीत की जा रही है।

    नई दिल्ली [स्वदेश कुमार] l उत्तर-पूर्वी दिल्ली के पहले केंद्रीय स्कूल का भवन तैयार हो चुका है, लेकिन इसके शुरू होने का रास्ता पानी और सीवर के कनेक्शन ने रोक दिया है। भवन का निर्माण कर रहे केंद्रीय लोक निर्माण विभाग (सीपीडब्ल्यूडी) के अधिकारियों के मुताबिक सीवर और पानी के कनेक्शन के लिए जल बोर्ड ने 1.80 करोड़ रुपये मांगे हैं, जबकि अनुमानित लागत में कनेक्शन के लिए इतनी बड़ी राशि शामिल नहीं थी।

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    इस पर केंद्रीय विद्यालय संगठन और संबंधित विभाग के अधिकारियों के साथ बातचीत की जा रही है। राजधानी में सबसे सघन आबादी के बाद भी उत्तर-पूर्वी दिल्ली में कोई केंद्रीय विद्यालय नहीं था। सांसद मनोज तिवारी के प्रयासों से 2016 में इसकी मंजूरी मिल गई। केंद्रीय विद्यालय के शाहदरा में 2.12 एकड़ का प्लाट आवंटित हो गया। स्कूल का सत्र भी इसी वर्ष शुरू हो गया।

    अभी इस स्कूल के बच्चे खिचड़ीपुर के केंद्रीय स्कूल में पढ़ते हैं, लेकिन आवंटित प्लाट पर कुछ भूमाफिया ने कब्जा करने की कोशिश शुरू कर दी। मामला कोर्ट में गया। इसके बाद 2019 में भवन का शिलान्यास हुआ। 18 महीने में भवन तैयार होना था, लेकिन पहले दंगा और फिर कोरोना के कारण निर्माण कार्य बाधित हो गया। शिलान्यास के लगभग तीन साल बाद इसका भवन तैयार हो गया है। बिजली का कनेक्शन भी मिल चुका है। सीपीडब्ल्यूडी के अधिकारियों ने बताया कि पानी और सीवर का कनेक्शन मिलते ही इसमें कक्षाएं शुरू हो जाएंगी। उम्मीद है कि कनेक्शन जल्द मिल जाएगा।

    संसदीय क्षेत्र में होंगे तीन केंद्रीय विद्यालय

    मनोज तिवारी सांसद मनोज तिवारी ने बताया कि मैं जब सांसद बना था तो संसदीय क्षेत्र में एक भी केंद्रीय विद्यालय नहीं था। मैंने तीन केंद्रीय विद्यालय की योजना बनाई थी। इसके लिए प्रयास शुरू किया। पहला केंद्रीय विद्यालय बनकर तैयार हो गया है। जल्द ही खजूरी में भी निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। यहां केंद्रीय विद्यालय के लिए जमीन का आवंटन हो चुका है। साथ ही बुराड़ी में भी जमीन आवंटन की प्रक्रिया चालू हो गई है। अगले लोकसभा चुनाव तक तीनों के शुरू हो जाने की उम्मीद है।