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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 25, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

सोना तस्करी के लिए खाड़ी देशों के साथ थाइलैंड के रास्ते का इस्तेमाल, जानिए यहां से क्यों होती है स्मगलिंग?

By Gautam Kumar MishraEdited By: Geetarjun
Published: Sun, 25 Jun 2023 02:08 AM (IST)

खाड़ी देशों के बजाय अब सोना तस्कर भारत में माल खपाने के लिए थाइलैंड का इस्तेमाल करना मुफीद समझ रहे ...और पढ़ें

सोना तस्करी के लिए खाड़ी देशों के साथ थाइलैंड के रास्ते का इस्तेमाल, जानिए यहां से क्यों होती है स्मगलिंग?
सोना तस्करी के लिए खाड़ी देशों के साथ थाइलैंड के रास्ते का इस्तेमाल, जानिए यहां से क्यों होती है स्मगलिंग?

नई दिल्ली, जागरण संवाददाता। खाड़ी देशों के बजाय अब सोना तस्कर भारत में माल खपाने के लिए थाइलैंड का इस्तेमाल करना मुफीद समझ रहे हैं। आईजीआई एयरपोर्ट (IGI Airport) पर हाल फिलहाल जिस तरह से थाइलैंड से उतरे यात्रियों के पास से सोना बरामद हो रहा है, उससे तस्करों के इस पसंदीदा मार्ग का पता चल रहा है।

बदले ट्रेंड पर कस्टम अधिकारियों की नजर है। अब थाइलैंड से पहुंचे विमान व इससे उतरे यात्रियों पर कस्टम विभाग अपनी पैनी नजर रखने लगा है। लंबे समय से सोना तस्कर खाड़ी देशों के विभिन्न शहरों (रियाद, दुबई व शारजाह) से नई दिल्ली आने वाले विमानों का इस्तेमाल करते रहे हैं।

विमान के शौचालय का भी करने लगे इस्तेमाल

कस्टम विभाग के अधिकारियों का ध्यान भी इन जगहों से आने वाले विमानों पर होता था। तस्करों को जब लगा कि खाड़ी देशों से आने वाले विमानों से उतरे यात्रियों की तलाशी कस्टम अधिकारी सघनता से लेते हैं तो उन्होंने यात्रियों के बजाय विमान के शौचालय का इस्तेमाल करना शुरू कर दिया।

हैंगर में खड़े होने के बाद अधिकारी करते हैं तलाशी

इस ट्रेंड के सामने आने पर कस्टम अधिकारी खाड़ी देशों से आने वाले विमानों के शौचालय पर भी नजर रखने लगे। विमान जब हैंगर में खड़ा होता तब कस्टम अधिकारी वहां जाकर तलाशी लेते। समय समय पर शौचालय से सोना बरामद होने भी लगा।

पिछले छह महीनों में थाइलैंट रूट से बढ़ी तस्करी

इस सख्ती के बाद पिछले करीब छह महीने से तस्करों ने खाड़ी देशों के साथ अब थाइलैंड से यहां पहुंचने वाले विमानों का भी इस्तेमाल करना शुरू कर दिया। पिछले महीने ही 21 मई को थाइलैंड से यहां पहुंचे विमान में तीन यात्रियों के पास से करीब दो किलो सोना बरामद हुआ।

सोने की इस मात्रा को ईंट व आभूषण के रूप में खपाने की कोशिश तस्करों ने की थी। इससे पहले 17 अप्रैल को हैंगर में खड़े एक विमान के शौचालय से 1400 ग्राम सोना बरामद किया गया। इस विमान का इस्तेमाल अंतरराष्ट्रीय उड़ानों में किया जाता था, जिसमें थाइलैंड भी शामिल है।

मार्च महीने में भी थाइलैंड सहित अन्य देश आने जाने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले विमान के शौचालय से चार किलो सोना बरामद हुआ था।

आईजीआई एयरपोर्ट पर सामने आए सोना तस्करी के मामले

वर्ष              जब्त सोना की मात्रा

2019-20         494.36 किलो

2020-21          88.37 किलो

2021-22          119.72 किलो

आखिर क्यों होती है सोने की तस्करी?

सर्राफा कारोबारियों का कहना है कि सोने की तस्करी की एकमात्र वजह सोने के आयात पर लगने वाला आयात शुल्क है। तस्करी से मंगाए गए सोने का कोई हिसाब किताब नहीं रखा जाता और अंतिम तौर पर यह जिस कारोबारी के पास पहुंचता है, उसे आयात शुल्क व अन्य कर की अदायगी नहीं करनी होती है। यह उसका शुद्ध मुनाफा होता है। यदि आयात शुल्क को कम कर दिया जाए तो तस्करी पर पूरी तरह विराम लग सकता है।

खाड़ी देशों और थाइलैंड का इस्तेमाल क्यों?

खाड़ी देशों के साथ थाइलैंड बड़ी तादाद में भारतीय नागरिक घूमने जाते हैं और वहां घूमने व किराए का खर्चा निकालने के लिए तस्करों के झांसे में आकर सोना अपने सामान में रख लेते हैं।

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