नई दिल्ली [अरविंद कुमार द्विवेदी]। वसंत कुंज के मसूदपुर स्थित निगम स्कूल में सड़ चुके सैकड़ों टन अनाज को खाद्य आपूर्ति विभाग के अधिकारियों ने रातोंरात यहां से हटा दिया है। स्कूल के प्रिंसिपल ने बताया कि 10 से 13 जून के अंदर पूरा अनाज यहां से हटा दिया गया है। वहीं, क्षेत्र के फूड सप्लाई आफिसर देवेंद्र ने बताया कि विभाग के उच्च अधिकारियों के निर्देश पर यह अनाज सिरसपुर स्थित दिल्ली राज्य नागरिक आपूर्ति निगम (डीएससीएससी) के गोदाम में पहुंचाया गया है। विभाग के सहायक कमिश्नर ने भी स्कूल का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया।

गौरतलब है कि दैनिक जागरण ने ही सबसे पहले 29 मई को इस स्कूल में भारी मात्रा में अनाज की बर्बादी का समाचार प्रमुखता से प्रकाशित किया था। कई अन्य स्कूलों में भी हजारों टन सड़ा अनाज मिला था। पूरे मामले का पर्दाफाश होने के बाद उपराज्यपाल अनिल बैजल ने दिल्ली के मुख्य सचिव को इस मामले में कार्रवाई के आदेश दिए थे। वहीं, वसंत कुंज के निगम पार्षद मनोज महलावत ने आरोप लगाया है कि अनाज घोटाले की जांच को दबाने व साक्ष्य मिटाने के लिए अनाज यहां से हटाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि खाद्य आपूर्ति विभाग के अधिकारियों ने जानबूझकर रात को राशन हटाने का काम किया है ताकि किसी को पता ही न चल सके। निगम सूत्रों के अनुसार, यहां से करीब पांच बड़े ट्राला में अनाज भरकर सिरसपुर गोदाम ले जाया गया है।

यह है मामला

पिछले साल लॉकडाउन के दौरान गरीबों को बांटने के लिए यह अनाज आया था। यह अनाज उन गरीबों को आधार कार्ड पर बांटा जाना था जिनके पास राशन कार्ड नहीं थे। यह अनाज पिछले साल अप्रैल माह में आया था जिसे सितंबर-अक्टूबर तक बांटा जाना था। लेकिन दिल्ली सरकार ने इसे बांटने की बजाय स्कूल में रखे-रखे सड़ा डाला। दिल्ली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष रामवीर सिंह बिधूड़ी, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदेश गुप्ता, सांसद रमेश बिधूड़ी, भाजपा विधायक विजेंद्र गुप्ता, भाजपा ओबीसी मोर्चा के राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष गजेंद्र यादव आदि ने इसे अनाज घोटाला करार देते हुए मामले की सीबीआइ जांच की मांग की थी।

Edited By: Mangal Yadav