मैं जा रही हूं... स्नेहा के कमरे में मिले सुसाइड नोट से खुलेगा मौत का राज, सहेली को भेजे ईमेल में लिखी ये बात
Sneha Debnath Suicide दिल्ली विश्वविद्यालय की छात्रा स्नेहा देवनाथ ने आत्महत्या कर ली। पुलिस को उसके कमरे से एक सुसाइड नोट मिला है जिसमें उसने सिग्नेचर ब्रिज से कूदने की बात लिखी है। स्नेहा ने अपनी सहेली को ईमेल भी किया था। परिजनों ने हत्या की आशंका जताई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।

जागरण संवाददाता, दक्षिणी दिल्ली। त्रिपुरा की रहने वाली दिल्ली विश्वविद्यालय (डीयू) की छात्रा स्नेहा देबनाथ के घर से मिले नोट की पुलिस फोरेंसिक जांच करवाएगी। उस नोट में उसने लिखा था कि वह सिग्नेचर ब्रिज से कूदने जा रही है। पुलिस यह पुख्ता करना चाहती है कि यह पत्र स्नेहा ने ही लिखा था।
वैसे उसने अपनी एक सहेली को ईमेल भी किया था, जिसमें उसने लिखा था कि मैं जा रही हूं। पुलिस उसकी भी जांच कर रही है। रविवार को पुलिस ने गीता कॉलोनी फ्लाईओवर के नीचे यमुना नदी से स्नेहा का शव बरामद किया था।
बीसएसी-मैथ द्वितीय वर्ष की छात्रा थी स्नेहा
बता दें कि महरौली थाना क्षेत्र स्थित पर्यावरण कॉप्लेक्स निवासी 19 वर्षीय स्नेहा देबनाथ आत्मा राम सनातन धर्म कॉलेज से बीसएसी-मैथ द्वितीय वर्ष की छात्रा थी। वह मूलरूप से त्रिपुरा की रहने वाली थी। स्नेहा के पिता प्रीतिश देबनाथ सेना से सेवानिवृत्त सूबेदार मेजर हैं।
कैब ड्राइवर बोला- स्नेहा को सिग्नेचर ब्रिज-वजीराबाद पर छोड़ा था
पुलिस के अनुसार सात जुलाई को वह घर में सराय रोहिला रेलवे स्टेशन पर अपनी दोस्त को छोड़ने की बात कहकर निकली थी। उसने कैब बुक की, जिसके ड्राइवर का नंबर मां पिंकी देबनाथ ने ले लिया था। सुबह पौने नौ बजे उसका मोबाइल बंद हो गया। स्नेहा से संपर्क नहीं होने पर उनकी मां ने कैब ड्राइवर से संपर्क किया तो उसने स्नेहा को सिग्नेचर ब्रिज-वजीराबाद पर छोड़ने की बात कही।
उस समय स्वजन ने स्नेहा के अपहरण की आशंका जताते हुए सात जुलाई को ही इसकी शिकायत महरौली थाने में दर्ज कराई थी, लेकिन वह न ही सराय रोहिला स्टेशन पहुंची और न ही घर वापस लौटी। सुबह पौने नौ बजे उसका मोबाइल फोन बंद हो गया था, जिसकी आखिरी लोकेशन सिग्नेचर ब्रिज थी।
जिस कैब में वह गई थी, उसके चालक ने भी उसे सिग्नेचर ब्रिज पर छोड़ने की पुष्टि की थी। इस घटना के बाद सोमवार को स्नेहा की बहन बिपाशा ने मीडिया को बताया कि उसकी बहन ऐसा नहीं कर सकती है। घर में मिला चार लाइन का सुसाइड नोट जिसमें आत्महत्या के लिए कोई वजह तक नहीं बताई गई है।
चार लाइन का एक पत्र, जिसमें न कोई भावना, न कोई वजह यह पत्र स्नेहा नहीं लिख सकती। बिपाशा ने आशंका जताई कि स्नेहा को मानसिक रूप से मजबूर किया गया होगा या फिर डराया जा रहा होगा, जिसके चलते वह परेशान थी। अगर किसी को आत्महत्या करनी ही है तो उसके लिए सिग्नेचर ब्रिज जाने की क्या जरूरत है। आत्महत्या तो घर पर भी हो सकती है।
सुसाइड नोट में क्या लिखा?
बिपाशा ने पुलिस की कार्रवाई को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पहले 48 घंटे में पुलिस ने एफआईआर दर्ज नहीं की। अगर समय से उसकी तलाश की जाती तो शायद वह बच जाती। पुलिस ने बताया कि स्नेहा के कमरे से मिला एक पत्र मिला था, जिसमें स्नेहा ने सिग्नेचर ब्रिज से कूदने की बात लिखी थी।
पत्र में उसने लिखा था कि मैंने अपनी जिंदगी खत्म करने का फैसला किया है। मैं खुद को एक असफल और बोझ महसूस कर रही हूं और इस तरह से जीना अब असहनीय हो गया। इसमें कोई साजिश नहीं हैं, यह मेरा खुद का फैसला है। सोमवार को पुलिस ने उसके शव का पोस्टमार्टम कराया है।
कमेंट्स
सभी कमेंट्स (0)
बातचीत में शामिल हों
कृपया धैर्य रखें।