दिल्ली पुलिस के सिपाही ने ही रची वसूली की पूरी साजिश, घड़ी के व्यापारी को अगवा कर मांगे डेढ़ लाख; गिरफ्तार
दिल्ली पुलिस के एक सिपाही और उसके साथी को जामा मस्जिद इलाके में एक घड़ी विक्रेता का अपहरण कर डेढ़ ...और पढ़ें

साइबर थाने में तैनात काॅन्स्टेबल मोइन अली ने अपने एक साथी के साथ मिलकर घड़ियां बेचने वाले रवि का अपहरण कर उससे करीब डेढ़ लाख रुपये वसूलने की कोशिश की।
HighLights
दिल्ली पुलिस सिपाही पर वसूली और अपहरण का आरोप।
जामा मस्जिद से घड़ी विक्रेता को अगवा कर मांगे पैसे।
सिपाही मोइन अली और साथी गिरफ्तार, निलंबित।
जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। राजधानी में कानून लागू कराने की जिम्मेदारी संभालने वाले दिल्ली पुलिस के एक सिपाही पर ही कानून का डर दिखाकर वसूली करने का आरोप लगा है।
उत्तरी जिले के साइबर थाने में तैनात काॅन्स्टेबल मोइन अली ने अपने एक साथी के साथ मिलकर जामा मस्जिद इलाके में घड़ियां बेचने वाले रवि का अपहरण कर लिया और उससे करीब डेढ़ लाख रुपये वसूलने की कोशिश की।
रुपये लेने के लिए बार-बार लोकेशन बदले जाने पर पीड़ित के दोस्त को शक हुआ, जिसके बाद उसने पुलिस को सूचना दे दी।
आधार पर वसूली की योजना बनाई गई
कोतवाली थाना पुलिस ने मामले में सिपाही और उसके साथी को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तारी के बाद सिपाही को निलंबित कर जेल भेज दिया गया है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, मोइन अली वर्ष 2024 बैच का सिपाही है और मुजफ्फरनगर जिले के बुढ़ाना का रहने वाला है।
उसके गांव में रहने वाले दोस्त अख्तर ने उसे रवि के बारे में जानकारी दी थी। अख्तर ने बताया था कि रवि जामा मस्जिद इलाके में घूम-घूमकर अवैध तरीके से घड़ियां बेचता है।
उसने मोइन को यह भी बताया कि कानून का डर दिखाने पर रवि आसानी से रुपये दे सकता है। इसी जानकारी के आधार पर वसूली की योजना बनाई गई।
सुबह साढ़े पांच बजे गाड़ी में बैठाया
आरोप है कि रविवार सुबह करीब 5:30 बजे मोइन ने जामा मस्जिद के गेट के पास से रवि को गाड़ी में बैठा लिया। इसके बाद उसे गाड़ी में घुमाते हुए कानून का डर दिखाया गया और करीब डेढ़ लाख रुपये की मांग की गई।
रुपये जुटाने के लिए रवि ने अपने दोस्त से संपर्क किया। आरोप है कि रकम लेने के लिए बार-बार जगह बदले जाने से दोस्त को संदेह हुआ। उसने मामले की जानकारी पुलिस को दे दी।
तकनीकी जांच से खुला मामला
अपहरण की सूचना मिलने पर कोतवाली थाना पुलिस ने जांच शुरू की। तकनीकी जानकारी के आधार पर पुलिस आरोपित सिपाही तक पहुंची और रविवार को उसे गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद उसकी निशानदेही पर उसके साथी को भी पकड़ लिया गया। पुलिस मामले में दोनों आरोपितों की भूमिका की जांच कर रही है।
