विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

दिल्ली में होली से पहले बाजार गुलजार, 80 हजार करोड़ के कारोबार की उम्मीद

Published: Sun, 22 Feb 2026 11:27 PM (IST)

रंगों के त्योहार होली से पहले दिल्ली के बाजारों में जबरदस्त रौनक है। कन्फ़ेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) के ...और पढ़ें

दिल्ली में इस वर्ष होली पर लगभग 80 हजार करोड़ रुपये से अधिक का कारोबार होने का अनुमान है। फाइल फोटो

दिल्ली में इस वर्ष होली पर लगभग 80 हजार करोड़ रुपये से अधिक का कारोबार होने का अनुमान है। फाइल फोटो

timer icon

समय कम है?

जानिए मुख्य बातें और खबर का सार एक नजर में

संक्षेप में पढ़ें

जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। रंगों के पर्व होली से पहले दिल्ली के बाजारों में खरीदारी की रौनक देखने को मिल रही है और इस बार त्योहार अर्थव्यवस्था के लिए भी उत्साहजनक संकेत दे रहा है। व्यापारिक संगठन कन्फ़ेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स के अनुसार, इस वर्ष होली पर लगभग 80 हजार करोड़ रुपये से अधिक का कारोबार होने का अनुमान है। यह आंकड़ा पिछले वर्ष के करीब 60 हजार करोड़ रुपये के व्यापार से लगभग 25 प्रतिशत अधिक है।

संगठन के राष्ट्रीय महामंत्री और प्रवीन खंडेलवाल ने बताया कि बाजारों में इस बार स्वदेशी उत्पादों की मांग विशेष रूप से बढ़ी है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के “वोकल फार लोकल” आह्वान का असर साफ दिखाई दे रहा है। हर्बल गुलाल, प्राकृतिक रंग, पारंपरिक पिचकारियां, पूजन सामग्री, कपड़े और सजावटी वस्तुओं की बिक्री तेजी से बढ़ी है, जबकि कुछ वर्ष पहले तक विदेशी उत्पादों का दबदबा रहता था।

होली से जुड़े सामान के साथ मिठाइयों, सूखे मेवों, उपहार वस्तुओं, परिधानों और दैनिक उपयोग की वस्तुओं की मांग भी बढ़ गई है। विशेष रूप से गुजिया, रंगीन टी-शर्ट और पारंपरिक परिधान की खरीदारी ज्यादा हो रही है। राजधानी दिल्ली में ही लगभग 15 हजार करोड़ रुपये के व्यापार का अनुमान है और थोक व खुदरा बाजार ग्राहकों से भरे नजर आ रहे हैं।

यह भी पढ़ें- होली के चलते ट्रेनों में रिजर्वेशन फुल, वेटिंग लिस्ट हुई लंबी; त्योहार पर आधा दर्जन स्पेशल चलाएगा रेलवे

यह भी पढ़ें- वृद्धावस्था और विधवा पेंशन योजना के लाभार्थियों को खुशखबरी, होली से पूर्व एक माह का एडवांस होगा भुगतान

यह भी पढ़ें- होली के नजदीक आते ही मिलावटखोरी का धंधा चालू, इलाके में बेचा जा रहा सरसों का मिलावटी तेल

यह भी पढ़ें- होली 2026 पर मुंबई, दिल्ली व कोलकाता से घर लौटना मुश्किल, नियमित ट्रेनों में वेटिंग 100 के पार