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दिल्ली HC ने एकल पीठ के आदेश को किया रद, कहा- पासपोर्ट जब्त करने को चुनौती देने वाली याचिका पर होगी सुनवाई

Published: Fri, 27 Mar 2026 09:16 PM (GMT+05:30)

दिल्ली हाई कोर्ट ने एकल पीठ के उस फैसले को रद्द कर दिया है, जिसमें पासपोर्ट जब्त करने को चुनौती ...और पढ़ें

दिल्ली हाई कोर्ट ने कहा कि यह मामला संविधान के अनुच्छेद 226 के तहत अधिकार क्षेत्र का इस्तेमाल करते हुए विचार किए जाने लायक था।

दिल्ली हाई कोर्ट ने कहा कि यह मामला संविधान के अनुच्छेद 226 के तहत अधिकार क्षेत्र का इस्तेमाल करते हुए विचार किए जाने लायक था।

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जागरण संवाददाता, नई दिल्ली। पासपोर्ट जब्त किए जाने को चुनौती देने वाली एक रिट याचिका पर सुनवाई करने से इन्कार करने के एकल पीठ के निर्णय को दिल्ली हाई कोर्ट ने यह कहते हुए रद कर दिया कि यह मामला संविधान के अनुच्छेद 226 के तहत अधिकार क्षेत्र का इस्तेमाल करते हुए विचार किए जाने लायक था।

सुप्रीम कोर्ट के एक निर्णय का हवाला देते हुए मुख्य न्यायाधीश देवेंद्र कुमार उपाध्याय व न्यायमूर्ति तेजस कारिया की पीठ ने कहा कि उक्त निर्णय में शीर्ष अदालत ने कहा था कि कुछ खास परिस्थितियों में रिट याचिका पर सुनवाई करने से इन्कार करना गंभीर परिणाम वाला हो सकता है।

उक्त टिप्पणी के साथ अदालत ने आदेश को रद करते हुए मामले पर एकल न्यायाधीश द्वारा पुनः विचार कर उचित निर्णय पारित करने का निर्देश दिया।

जानें याचिका में लिखी पूरी बात

याचिका के अनुसार एकल पीठ ने याचिका पर विचार करने से इन्कार करते हुए याचिकाकर्ता को पासपोर्ट अधिनियम- 1967 की धारा-11 के तहत अपील करने का कानूनी उपाय अपनाने के लिए कहा था। तथ्यों की जांच करने पर पीठ ने पाया कि याचिकाकर्ता का पासपोर्ट जब्त करने का अंतिम आदेश, उसे कारण बताओ नोटिस का जवाब देने के लिए दी गई समय-सीमा खत्म होने से पहले ही पारित कर दिया गया था।

आदेश प्रक्रियागत निष्पक्षता के उल्लंघन में पारित

पीठ ने इस बात पर गौर किया कि याचिकाकर्ता को 28 जुलाई 2021 को नोटिस मिला था और इसका जवाब देने के लिए उसे चार अगस्त 2021 तक का समय दिया गया था; लेकिन पासपोर्ट जब्त करने का आदेश तीन अगस्त 2021 को ही जारी कर दिया गया। पीठ ने आगे यह भी कहा कि आदेश में याचिकाकर्ता के पहले दिए गए जवाब पर विचार किए जाने का कोई तथ्य नहीं मिलता है और ऐसा प्रतीत होता है कि यह आदेश प्रक्रियागत निष्पक्षता के उल्लंघन में पारित किया गया है।

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