दिल्ली की जर्सी में फिर गरजेगा पंत का बल्ला, नए हेड कोच सौरव गांगुली ने बताई सबसे बड़ी वजह
दिल्ली कैपिटल्स के नए मुख्य कोच सौरव गांगुली को भरोसा है कि ऋषभ पंत टीम के मध्यक्रम में फिट बैठेंगे और अगले आईपीएल सत्र में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करेंगे।

ऋषभ पंत-सौरव गांगुली

समय कम है?
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पीटीआई, नई दिल्ली। दिल्ली कैपिटल्स के नवनियुक्त मुख्य कोच सौरव गांगुली को भरोसा है कि खराब दौर से जूझ रहे विकेटकीपर बल्लेबाज ऋषभ पंत टीम के मध्यक्रम में बिल्कुल फिट बैठेंगे और अगले आईपीएल सत्र में अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने में सफल रहेंगे।
पंत ने दिल्ली कैपिटल्स के लिए 111 मैच खेले और 3,284 रन बनाने के अलावा टीम की कप्तानी भी की। इसके बाद वह 2025 में लखनऊ सुपर जाइंट्स से जुड़ गए थे। सुपर जाइंट्स के साथ उनका कार्यकाल उम्मीद के मुताबिक नहीं रहने के बाद उन्हें कुलदीप यादव से अदला-बदली के जरिए उनकी पुरानी टीम में वापस लाया गया है।
सौरव गांगुली को ऋषभ पंत से है उम्मीदें
गांगुली ने दिल्ली फ्रेंचाइजी के आधिकारिक यूट्यूब चैनल पर पोस्ट किए गए वीडियो में कहा कि हमें मध्यक्रम के एक बल्लेबाज की जरूरत थी और पंत इसमें बिल्कुल फिट बैठते हैं। वह हमारे साथ थे और उन्होंने हमारे लिए अच्छा प्रदर्शन किया था। अगले साल जब वह फिर मैदान पर उतरेंगे तो मुझे लगता है कि वह समय, अवसर और मुकाबलों का इस्तेमाल बेहतर खिलाड़ी बनने के लिए करेंगे।
पूर्व भारतीय कप्तान और बंगाल क्रिकेट संघ (कैब) के प्रमुख गांगुली ने कहा कि आप जानते हैं कि उसे दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में बल्लेबाजी करना पसंद है और उम्मीद है कि आने वाले वर्षों में हम दिल्ली की जर्सी में पंत का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन देखेंगे। वर्ष 2022 में जानलेवा सड़क दुर्घटना से उबरने के बाद से पंत खराब फॉर्म के साथ-साथ लगातार चोटों से भी जूझते रहे हैं। गांगुली के लिए भी यह कुछ हद तक घर वापसी जैसा है।
दिल्ली के साथ गांगुली का जुड़ाव
दिल्ली कैपिटल्स के साथ उनका जुड़ाव 2019 में शुरू हुआ था जब उन्होंने फ्रेंचाइजी में सलाहकार के तौर पर काम शुरू किया था। पिछले कुछ वर्षों में 54 वर्षीय गांगुली ने कैपिटल्स से जुड़े ढांचे में कई भूमिकाएं निभाई हैं जिनमें पुरुष और महिला दोनों टीम के क्रिकेट निदेशक का पद शामिल है।
दिल्ली कैपिटल्स की दक्षिण अफ्रीकी टीम प्रिटोरिया कैपिटल्स के साथ अपने कोचिंग कार्यकाल की शुरुआत करने वाले गांगुली ने इस बेहद दबाव भूमिका को लेकर अपने दृष्टिकोण के बारे में भी बताया। उन्होंने कहा कि यह खिलाड़ी के तौर पर खेलने जैसा नहीं है। यह थोड़ा अलग है। आपको चीजों को समझना होता है और शांत रहना होता है। आपको खिलाड़ियों से सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करवाने और उनके साथ काम करने का तरीका तलाशना होता है क्योंकि हर खिलाड़ी अलग होता है।
