नई दुनिया प्रतिनिधि, रायपुर। शहर का विकास जनभागीदारी के बिना संभव नहीं है। 'माय सिटी माय प्राइड" के फोरम में महापौर प्रमोद दुबे ने यह बात कही। उन्होंने कहा, 'वे 'जनता निधि' के प्रस्ताव का समर्थन करते हैं। जनता की भी अपनी एक निधि सुनिश्चित होनी चाहिए ताकि सुझाव और मांग आने पर उनसे काम करवाया जा सके। महापौर निधि से भी जनता निधि में राशि दूंगा।' उन्होंने यह भी कहा कि किसी उद्यान के जीर्णोद्धार के लिए 15 लाख रुपये दूंगा, इसे चिन्हांकित कर लें।

महापौर से लोगों ने जब यह पूछा कि सरकारी स्कूल की पढ़ाई का स्तर अच्छा नहीं है, तो महापौर ने तत्काल जवाब दिया कि पहले हमें सरकारी स्कूलों के प्रति जो निम्न छवि मन में बनी है उसे निकालनी होगी। चाय वाली की बेटी भी टॉप करती है। हां, कुछ समस्याएं हैं लेकिन बावजूद इसके अच्छे सरकारी स्कूल शहर में हैं। जेएन पांडेय स्कूल ही ले लीजिए। हम सबको स्कूलों की छवि सुधारने की कोशिश करने में जुटे रहना होगा। आज जागरूकता की जरूरत है। इस दौरान महापौर ने हर सवाल का जवाब दिया। बातों-बातों में वे यह भी कह गए कि आज सब कुछ घूम फिर कर निगम पर ही थोप दिया जाता है। लेकिन शहर के विकास की जिम्मेदारी हम सबकी और सभी विभागों की है।


'माय सिटी माय फोरम' में आए सुझावों पर विकास का फैसला

1. पार्षद निधि की तरह हो 'जनता निधि।' बजट का कुछ हिस्सा वॉर्ड के नागरिकों की मर्जी के अनुरूप खर्च हो।
मेयर ने कहा- "सभी कार्य जनता के लिए ही होते हैं। पार्षद निधि के अलावा मैं महापौर निधि से भी आवश्यकता के अनुरूप कार्य के लिए 'जनता निधि' तय करने की अनुशंसा करूंगा।"

2. प्लास्टिक री-साइक्लिंग प्लांट की आवश्यकता। शहर की प्लास्टिक समस्या से निपटने के लिए प्लान तैयार है।
मेयर ने कहा- "यह कार्य रामकी कंपनी द्वारा संकरी में किया जाएगा, सरोना में प्लांट लगाना था, लेकिन अभी नहीं लग सका है। फिलहाल पॉलीथिन को सेग्रीगेट करने का काम जारी है। प्लांट की आवश्यकता है, यह जल्द लगेगा।"

3. शहर के सबसे प्राचीन स्कूल पं. जेएन पांडे स्कूल में अभी दो-तीन टॉयलेट हैं। इसकी जगह सामूहिक टॉयलेट की आवश्यकता है। बच्चों के हित में यह काम प्राथमिकता से हो।
मेयर ने कहा- 'प्राचार्य प्रस्ताव भेजें।'

4. शास्त्री बाजार में सुधार का सुझाव। मॉडल ऐसा हो कि सब-कुछ व्यवस्थित हो।
मेयर ने कहा- 'इसके लिए मल्टीलेवल मार्केट विथ पार्किंग का 24 करोड़ रुपये का प्रोजेक्ट तैयार है। यह दो चरणों में बनेगा। यहां से निकलने वाला कचरा यहीं कम्पोज्ड बनेगा।'

5. रायपुर के सरकारी स्कूलों में कचरा गाड़ी नहीं जा रही, जाने से हजारों टन कचरा वहां से भी निकलेगा। यह भी तत्काल लागू हो।
मेयर ने कहा- 'गुरुवार को जोन आयुक्तों को मुख्यालय से आदेश जारी कर दिया जाएगा।'

6. महिला थाना से छोटापारा गौरवपथ का निर्माण की मांग उठी है। नगर निगम के प्लान में शामिल, जल्द क्रियान्वयन हो।
मेयर ने कहा- 'इसे प्रोजेक्ट में शामिल किया जाएगा।'

7. शहर के जिन इलाकों से हजारों की संख्या में श्रमिक वर्ग आना-जाना करते हैं, वहां बायो टॉयलेट।
मेयर ने कहा- 'कुछ जगहों पर बॉयो टॉयलेट लगाए गए हैं, जहां से भी प्रस्ताव आएंगे। मैं इस मंच के माध्यम से यह घोषणा करता हूं कि तत्परता से टॉयलेट लगवाए जाएंगे।'

8. सिटी बसों की तरह ऑटो स्टैंड बनाएं और वहां से व्यवस्थित तरीके से ऑटो की रवानगी हो।
मेयर ने कहा- 'निगम ने 117 पॉइंट्स ऑटो स्टैंड के लिए चिन्हित किए हैं, मैं मानता हूं कि इन्हें और विकसित करने की जरूरत है। पुलिस को इसमें निगम को सहयोग करने की जरूरत है।'

9. एमजी रोड में कहीं पर टॉयलेट नहीं है, सर्वे कर निर्माण किया जा सकता है।
मेयर ने कहा- 'व्यापारियों से मैं कहना चाहता हूं कि वे जगह बता दें टॉयलेट बन जाएगा, वहां आवश्यकता भी है।'

10. मवेशी मालिकों पर भारी जुर्माना हो या उनको जेल भेजी जाए, फिर कोई अपने मवेशी को सड़क पर नहीं छोड़ेगा।
मेयर ने कहा- 'मैं इस पर व्यक्तिगत रूप से सहमत हूं। जुर्माना होना चाहिए, लेकिन राजनीतिक दबाव भी तो है।'

By Krishan Kumar