नई दिल्ली, बिजनेस डेस्क। कोरोना की वजह से कई लोगों की आर्थिक हालत खस्ता हो गई है। COVID-19 महामारी ने कई तह से सीखने का अनुभव भी दिया है। इसने ऐसी अप्रत्याशित परिस्थितियों के लिए हमेशा तैयार रहने की जरूरत सिखाई है। इस खबर में कुछ वित्तीय सुझाव दिए गए हैं जो हर समय लोगों को पैसे को लेकर सुरक्षित रखने में मदद करेंगे।

Emergency Fund

एक Emergency Fund का होना बहुत जरूरी है, इससे नौकरी न रहने जैसे अप्रत्याशित घटनाओं के दौरान व्यक्ति को आर्थिक मदद मिलेगी। हालांकि पैसे न रहने की दशा में व्यक्ति पर्सनल लोन का विकल्प भी चुन सकते हैं।

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जरूरतों और इच्छा के बीच अंतर

 जरूरतों और इच्छा के बीच अंतर रखना जरूरी है, ताकि व्यक्ति बेहतर खर्च करने के विकल्प बना सकें। जीवित रहने के लिए लोगों के पास भोजन, आश्रय, स्वास्थ्य देखभाल, उचित मात्रा में कपड़े, आदि चीजें जरूरी हैं। 

दूसरी ओर इच्छा ऐसी चीज है जो सेकंड्री है, प्राइमरी में जीने के लिए चीजें जरूरी हैं। कोई भी वित्तीय निर्णय लेते समय जरूरतों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए। जरूरतें पूरी होने के बाद ही उन्हें पैसे का इस्तेमाल करना चाहिए।

नियमित आधार पर क्रेडिट रिपोर्ट की जांच करें

फाइनेंस के बारे में हो रही सभी गतिविधियों के बारे में सतर्क रहने के लिए क्रेडिट रिपोर्ट पर नजर रखना हर समय जरूरी है। लोगों को किसी भी धोखाधड़ी से बचने के लिए क्रेडिट रिपोर्ट की निगरानी करनी चाहिए ताकि वे जल्द से जल्द इस तरह के मुद्दों से निपट सकें, क्योंकि इससे क्रेडिट स्कोर को नुकसान हो सकता है।

जरूरी हो तो पॉकेट-फ्रेंडली पर्सनल लोन का विकल्प चुनें

जरूरत के समय व्यक्ति पर्सनल लोन का विकल्प ले सकता है। हालांकि, लोन लेने से पहले सभी डिटेल की जांच करना बेहद जरूरी है। लोगों को पर्याप्त रिसर्च करना चाहिए और रीपेमेंट क्षमता के आधार पर एक विकल्प चुनना चाहिए। 

 

Edited By: Nitesh