Trending

    Move to Jagran APP
    pixelcheck
    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    ETF Investment: मोटा पैसा कमाने के लिए अपनाएं 7,14,21,28 वाला फॉर्मूला, यहां करें निवेश

    Updated: Fri, 28 Jun 2024 11:56 AM (IST)

    ETF Investment आज के समय में निवेश के लिए कई ऑप्शन मौजूद हैं। ऐसे में कौन-से ऑप्शन में हमें ज्यादा फायदा मिलेगा इसको लेकर कन्फ्यूजन बनी रहती है। आज हम आपको बताएंगे कि कैसे आप ईटीएफ में निवेश करके ज्यादा रिटर्न पा सकते हैं। इसके अलावा हाई रिटर्न के लिए 7142128 वाला फॉर्मूला कैसे काम करता है। पढ़ें पूरी खबर...

    Hero Image
    ETF में सही तरीके से करें निवेश

    बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली। आज के समय में निवेश करना बेहद जरूरी हो गया है। लेकिन, अगर सही रणनीति से निवेश न करें तो नुकसान होने का खतरा रहता है। ऐसे में वित्तीय सलाहकार भी कहते हैं कि निवेश करने से पहले सही रणनीति जरूर अपनाएं।  

    विज्ञापन हटाएं सिर्फ खबर पढ़ें

    ईटीएफ भी इन्वेस्टमेंट के लिए काफी पॉपुलर ऑप्शन में से एक है। इसमें भी निवेश करके आप मोटा फंड तैयार कर सकते हैं। हालांकि इसके लिए सही रणनीति अपनाना बेहद जरूरी है। अगर ईटीएफ की तुलना म्यूचुअल फंड (Mutual Fund) से करें तो पिछले कुछ सालों में ईटीएफ ने काफी अच्छा रिटर्न दिया है।

    क्या है ETF? (What is ETF?)

    एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (ETF)  के जरिये स्टॉक मार्केट (Share Market) में निवेश किया जा सकता है। इसमें आप डायरेक्ट शेयर नहीं खरीदते हैं बल्कि आप ईटीएफ के माध्यम से शेयर खरीदते हैं। ईटीएफ आमतौर पर खास इंडेक्स को ट्रैक करता है।

    अब सवाल आता है कि ईटीएफ को कैसे खरीदें? इस सवाल का जवाब भी बेहद आसान है। ईटीएफ को आसानी से एक्सचेंज से खरीदा या बेचा जा सकता है। इसे भी ट्रेडिंग सेशन के दौरान खरीदा या बेचा जाता है।

    इसका मतलब है कि जब तक शेयर मार्केट ओपन है तभी तक इसे खरीदा या बेचा जा सकता है। ईटीएफ में निवेश के लिए भी डिमैट अकाउंट (Demat Account) का होना अनिवार्य है।

    निवेश करने का सही समय क्या है?

    ईटीएफ में निवेश का सही समय सेलेक्ट करना बेहद जरूरी है। अगर सही रणनीति अपनाकर इसमें निवेश नहीं करते हैं तो भविष्य में नुकसान होने का खतरा बना रहता है। एक्सपर्ट सलाह देते हैं कि ईटीएफ में निवेश का सही समय तब है जब शेयर बाजार या ईटीएफ इंडेक्स में गिरावट आए यानी 'Buy on Dips'।  

    इसे ऐसे समझें कि अगर 5 दिन में स्टॉक मार्केट में गिरावट आ रही है तब आप ईटीएफ में निवेश कर सकते हैं। अगर आप 50,000 रुपये तक का निवेश करते हैं तो एकमुश्त निवेश न करें, बल्कि निवेश राशि को पांच भाग में बांट दें। फिर जिस दिन शेयर बाजार में गिरावट आए उस दिन 10-10 हजार रुपये करके निवेश करें।

    कैसे काम करता है 7, 14, 21, 28 फॉर्मूला

    ईटीएफ में निवेश के लिए निवेशक 7, 14, 21, 28 फॉर्मूला भी अपना सकते हैं। 7, 14, 21, 28 महीने की तारीख है। आपको इस तारीख को निवेश करना चाहिए।

    उदाहरण के तौर पर अगर आप 20,000 रुपये का निवेश करना चाहते हैं तो आपको महीने की 7 तारीख को 5,000 रुपये फिर 14 तारीख को 5,000 रुपये और इसी तरह 21 तारीख को 5,000 रुपये और 28 तारीख को 5,000 रुपये का निवेश करना चाहिए। अगर इस तारीख को शनिवार या रविवार पड़ता है तब आप एक दिन आगे या पीछे करके निवेश कर सकते हैं।

    आपको ईटीएफ में कई महीने तक निवेश करना होगा और जब बाजार में तेजी आएगी तब आपका पोर्टफोलियो ग्रीन हो जाएगा।

    यह भी पढ़ें- ITR Filing: आईटीआर फाइल करते समय आपके पास हैं 2 ऑप्शन: कहां बचा पाएंगे ज्यादा टैक्स, यहां पढ़ें डिटेल्स

    ईटीएफ इंडेक्स की परफॉर्मेंस

    अगर ईटीएफ इंडेक्स की परफॉर्मेंस की बात करें तो यह निवेश के लिए लोकप्रिय ऑप्शन बन गया है। रिटेल निवेशकों को यह ऑप्शन काफी पसंद आ रहा है। बीते एक साल में कुछ ईटीएफ ने 100 फीसदी तक का रिटर्न दिया है। ईटीएफ में आप इंडेक्स, कमोडिटी, बॉन्ड में निवेश कर सकते हैं।

    ईटीएफ  में निवेश करना क्यों है फायदे का सौदा

    • शेयर की खरीद-बिक्री की तरह ही ईटीएफ को खरीदा या बेचा जाता है।
    • ट्रेडिंग सेशन के दौरान आप इस पर नजर बनाए रख सकते हैं।
    • ईटीएफ को बेचने का प्रोसेस काफी आसान होता है, जबकि म्युचुअल फंड में निकासी करने का प्रोसेस थोड़ा लंबा है।
    • ईटीएफ में आप अलग-अलग सेक्टर में निवेश कर सकते हैं।
    • ईटीएफ की खास बात यह है कि इस पर मिलने वाले डिविडेंड पर कोई टैक्स नहीं लगता है।
    • म्यूचुअल फंड की तुलना में ईटीएफ का एक्सपेंस रेश्यो कम है।
    • ईटीएफ की निकासी करने पर निवेशक को कोई एग्जिट लोड भी नहीं देना होता है।

    यह भी पढ़ें- ITR Filling: आईटीआर फाइल करना ही नहीं काफी, भूलकर भी न करें ये गलती; धरी की धरी रह जाएगी सारी मेहनत