नई दिल्ली, बिजनेस डेस्क। भारत में फैक्ट्री ग्रोथ वैश्विक अस्थिरता को देखते हुए अभी भी मजबूत बनी हुई है। कमोडिटी की कीमतों में आ रही गिरावट के कारण कंपनियां भी लगातार नए कर्मचारियों की भर्ती कर रही हैं। सोमवार को जारी हुए एक निजी सर्वे में ये दावा किया गया।

एसएंडपी ग्लोबल की ओर से जारी किए गए सर्वे में बताया गया कि भारत का मैन्युफैक्चरिंग परचेसिंग मैनेजर्स इंडेक्स (Manufacturing Purchasing Managers' Index -PMI) सितंबर में 55.1 रहा है। इससे पहले अगस्त में यह 56.1 पर रही थी। हालांकि यह रॉयटर्स पोल में अर्थशास्त्रियों की ओर से जारी किए गए अनुमान 55.8 से कम है, लेकिन बड़ी बात यह है कि यह लगातार 15वां महीना है, जब भारत का पीएमआई 50 अंक के पार रहा है।

भारत का मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर मजबूत

एसएंडपी ग्लोबल मार्केट इंटेलिजेंस में इकोनॉमिक एसोसिएट डायरेक्टर पोलीन्ना डी लीमा का कहना है कि पीएमआई का ताजा डाटा हमें दिखाता है कि दुनिया में मंदी की आहट के बीच भी भारत का मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर मजबूत स्थिति में है। सितंबर में नए ऑर्डर में भी पर्याप्त वृद्धि हुई थी। कुछ संकेत इस तरफ इशारा कर रहे हैं कि कंपनियां अपने कॉन्ट्रैक्ट पूरा करना चाहती हैं और स्टॉक को भी दोबारा भरना चाहती हैं।

बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के धीमे होने का मिल रहा भारत को फायदा

दुनिया की बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के धीमे होने का फायदा भारत को मिल रहा है। इस कारण ग्लोबल कमोडिटी की मांग में भी कमी आई है। इसका फायदा भारतीय कंपनियों को मिल रहा है। कंपनियों की लागत में पिछले दो साल में सबसे कम इजाफा हुआ है।

(एजेंसी इनपुट के साथ)

ये भी पढ़ें-

चीन से कंपनियों को भारत लाने के लिए सरकार ने बनाया ये सॉलिड प्लान, जानें पूरी डेटल

अटल पेंशन योजना में हो चुका है ये बड़ा अपडेट, पैसा लगाने से पहले जान लें सभी जरूरी बातें

Edited By: Abhinav Shalya

जागरण फॉलो करें और रहे हर खबर से अपडेट