सर्च करे
Home
फोकस
विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jun 12, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Indian Rupee vs Dollar: डॉलर के मुकाबले रुपया फिर मजबूत, महंगाई में सुधार की उम्मीद से कारोबार में तेजी

By Siddharth PriyadarshiEdited By: Siddharth Priyadarshi
Published: Mon, 12 Jun 2023 05:29 PM (IST)Updated: Mon, 12 Jun 2023 06:14 PM (IST)

Indian Rupee vs Dollar Today घरेलू इक्विटी बाजार के मोर्चे पर 30 शेयरों वाला बीएसई सेंसेक्स 99.08 अंक या 0.16 ...और पढ़ें

Indian Rupee vs US Dollar Report, Know all details
Indian Rupee vs US Dollar Report, Know all details

मुंबई, बिजनेस डेस्क। कच्चे तेल की कीमतों में नरमी और घरेलू शेयर बाजारों में सकारात्मक रुख से रुपया सोमवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले चार पैसे की तेजी के साथ 82.43 (अनंतिम) पर बंद हुआ। अंतरबैंक विदेशी मुद्रा बाजार में रुपया, डॉलर के मुकाबले 82.45 पर खुला और अपने पिछले बंद भाव से 4 पैसे ऊपर 82.43 (अनंतिम) पर बंद हुआ।

दिन के दौरान घरेलू इकाई ने 82.40 के इंट्रा-डे हाई और 82.48 के निचले स्तर को देखा। शुक्रवार को अमेरिकी मुद्रा के मुकाबले रुपया 82.47 पर बंद हुआ था।

आज क्या रहा रुपये का स्तर

सकारात्मक घरेलू बाजारों और अमेरिकी डॉलर में कमजोरी के चलते रुपया सोमवार को सपाट से सकारात्मक नोट पर कारोबार कर रहा था। कमजोर कच्चे तेल की कीमतों ने भी घरेलू इकाई को समर्थन दिया। हालांकि, एफआईआई आउटफ्लो ने तेज लाभ को सीमित कर दिया।

एक्सचेंज के आंकड़ों के मुताबिक, विदेशी संस्थागत निवेशक (एफआईआई) शुक्रवार को पूंजी बाजार में शुद्ध विक्रेता रहे और उन्होंने 308.97 करोड़ रुपये के शेयर बेचे।

वैश्विक स्तर पर क्या हैं परिस्थितियां

जून एफओएमसी बैठक में दर वृद्धि में ठहराव की बढ़ती उम्मीदों पर अमेरिकी डॉलर में गिरावट आई। इससे वैश्विक बाजारों में सकारात्मक धारणा भी बनी है। डॉलर सूचकांक, जो छह मुद्राओं की एक टोकरी के खिलाफ ग्रीनबैक की ताकत का अनुमान लगाता है, 0.26 प्रतिशत गिरकर 103.28 पर आ गया। इस बीच, वैश्विक तेल बेंचमार्क ब्रेंट क्रूड वायदा 2.31 प्रतिशत गिरकर 73.06 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया।

वैश्विक बाजारों में रिस्क-ऑन सेंटिमेंट और अमेरिकी डॉलर में कमजोरी पर रुपये में मामूली सकारात्मक रुझान के साथ व्यापार होगा। कच्चे तेल की कीमतों में तेज गिरावट भी घरेलू मुद्रा का समर्थन कर सकती है। घरेलू उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) मुद्रास्फीति और औद्योगिक उत्पादन सूचकांक (आईआईपी) संख्या जारी होने से पहले व्यापारी सतर्क रहे।

मुद्रास्फीति के आंकड़ों का इंतजार कर रहे निवेशक

सीपीआई में पिछले महीने की तुलना में गिरावट की उम्मीद है। आईआईपी पहले की तुलना में बेहतर होने की उम्मीद है। इस सप्ताह के अंत में अमेरिकी मुद्रास्फीति के आंकड़ों और एफओएमसी बैठक के नतीजों से पहले बाजार में सतर्क कारोबार होने की उम्मीद है।