Move to Jagran APP

म्यूचुअल फंड इन्वेस्टर और डीमैट अकाउंटहोल्डर को बड़ी राहत, अब इस गड़बड़ी पर जब्त नहीं होगा खाता

मार्केट रेगुलेटर सेबी (SEBI) अब उन लोगों के डीमैट अकाउंट या पोर्टफोलियो को जब्त नहीं करेगा जिन्होंने नॉमिनी की जानकारी नहीं दी है। सेबी ने यह फैसला मार्केट से जुड़े तमाम पार्टिसिपेंट्स से विचार विमर्श करने के बाद लिया है। उन सभी ने नियमों को निवेशकों के लिए अधिक आसान बनाने की जरूरत बताई थी। SEBI ने फिजिकल फॉर्म में सिक्योरिटीज रखने वाले निवेशकों को भी राहत दी है।

By Jagran News Edited By: Suneel Kumar Published: Mon, 10 Jun 2024 07:35 PM (IST)Updated: Mon, 10 Jun 2024 07:35 PM (IST)
सेबी ने यह फैसला मार्केट से जुड़े तमाम पार्टिसिपेंट्स से विचार विमर्श करने के बाद लिया है।

बिजनेस डेस्क, नई दिल्ली। मार्केट रेगुलेटर सेबी (SEBI) ने म्यूचुअल फंड इन्वेस्टर्स और डीमैट अकाउंटहोल्डर्स को बड़ी राहत दी है। दरअसल, कई लोग अपना म्यूचुअल फंड पोर्टफोलियो बनाते या डीमैट अकाउंट खोलते समय नॉमिनी से जुड़ी जानकारियां नहीं देते हैं। ऐसे पोर्टफोलियो और डीमैट अकाउंट के जब्त होने का खतरा रहता है। लेकिन, अब सेबी ने स्पष्ट कर दिया है कि वह उन निवेशकों के म्यूचुअल फंड पोर्टफोलियो या डीमैट खातों को जब्त नहीं करेगा, जिन्होंने अपने नॉमिनी से जुड़ी जानकारियां नहीं दी हैं।

इसलिए लिया गया फैसला

सेबी ने यह फैसला मार्केट से जुड़े तमाम पार्टिसिपेंट्स से विचार विमर्श करने के बाद लिया है। उन सभी ने नियमों को निवेशकों के लिए अधिक आसान और सुविधाजनक बनाने की जरूरत बताई थी। SEBI ने फिजिकल फॉर्म में सिक्योरिटीज रखने वाले निवेशकों को भी बड़ा सहूलियत दी है। उसने अपने सर्कुलर में कहा है कि ये निवेशक भी डिविडेंड, ब्याज भुगतान या रिडम्प्शन भुगतान पाने के हकदार होंगे। साथ ही, ये इनसे जुड़ी शिकायत भी दर्ज करा सकेंगे।

SEBI ने दिसंबर 2023 में म्यूचुअल फंड निवेशकों के लिए नॉमिनेशन पूरा करने या अपडेट करने की डेडलाइन भी 30 जून 2024 तक बढ़ा दी थी। इसका मतलब कि निवेशक इस महीने के आखिर तक नॉमिनेशन पूरा या फिर उसे अपडेट कर सकेंगे। सर्कुलर में नॉमिनेशन से जुड़ी जानकारी देने या नॉमिनेशन से बाहर निकलने का फार्मेट भी दिया गया है।

सर्कुलर में की यह खास अपील

SEBI ने अपने सर्कुलर में सभी मौजूदा निवेशकों और यूनिट धारकों से अपील की है कि वे नॉमिनेशन का ऑप्शन दें, क्योंकि इसमें उन्हीं का फायदा है। सर्कुलर के मुताबिक, अगर निवेशक यह ऑप्शन देते हैं, तो उनके पास जो सिक्योरिटीज हैं, उनका आसानी से पात्र व्यक्ति को ट्रांसफर किया जा सकेगा। साथ ही, सिक्योरिटीज मार्केट में ऐसी संपत्ति को बढ़ने से रोका जा सकेगा, जिनका किसी ने क्लेम नहीं किया हो।

कई निवेशकों ने अभी तक नॉमिनी डिटेल नहीं दी है। सेबी अब हर पखवाड़े SMS और ईमेल से संदेश भेजेगा। निवेशकों को उनके डिपॉजिटरी के डीमैट अकाउंट में लॉगिन करते वक्त एक पॉप-अप भी दिखेगा, जिसमें नॉमिनेशन भरने के लिए कहा जाएगा।

यह भी पढ़ें : F&O: फ्यूचर एंड ऑप्शन में हेरफेर रोकने के लिए SEBI सख्त, नियम कड़े करने की चल रही तैयारी

 


This website uses cookies or similar technologies to enhance your browsing experience and provide personalized recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.