यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 28, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
छठ महापर्व की तैयारी जोरों पर: व्रतियों ने किया खरना, शुक्रवार को डूबते सूर्य को अर्घ्य देने की तैयारी
चार दिवसीय अनुष्ठान के दूसरे दिन गुरुवार को छठव्रतियों ने विधि-विधान से खरना कर प्रसाद ग्रहण किया और लोगों को ...और पढ़ें

HighLights
- पूरे बाजार में दिखी चहल-पहल, छठ घाटों की सफाई जोरों पर
- कपड़ा और रेडीमेड दुकानों पर ग्राहकों की भीड़
संवाद सहयोगी, मशरक(सारण)। आस्था का महापर्व भदेया छठ पूरे उत्साह के साथ मनाया जा रहा है। चार दिवसीय अनुष्ठान के दूसरे दिन गुरुवार को छठव्रतियों ने विधि-विधान से खरना कर प्रसाद ग्रहण किया और लोगों को प्रसाद वितरित किया। शुक्रवार की शाम व्रती डूबते सूर्य को पहला अर्घ्य अर्पित करेंगे, वहीं शनिवार को उदयीमान सूर्य को अर्घ्य देने के साथ पर्व का समापन कर पारण करेंगे।
छठ को लेकर मशरक बाजार में चहल-पहल बढ़ गई है। जगह-जगह छठ गीतों की गूंज सुनाई दे रही है। बाजार में ईंख, नारियल, केला, सेव, अरुई, हल्दी, अल्तापात, दौरा-डाला, ढकना, कलशपात्र समेत पूजा सामग्री की दुकानों पर खरीदारी के लिए भारी भीड़ उमड़ रही है। कपड़ा और रेडीमेड दुकानों पर भी ग्राहकों की भीड़ देखी जा रही है।
बता दें कि बुधवार को नहाय-खाय के साथ इस चार दिवसीय अनुष्ठान की शुरुआत हुई थी। अब व्रती शुक्रवार को पहला अर्घ्य देने के लिए तैयारियां पूरी कर चुके हैं। वहीं, छठ घाटों की साफ-सफाई भी जोरों पर है। मशरक सतीवारतीर घोघारी नदी छठघाट, मशरक मालिक छठघाट, चरिहारा, डुमरसन, हसापीर, बहरौली, बड़वाघाट, अरना, कर्णकुदरिया, पदमौल, सुंदर, हरपुरजांन, चांदकुदरिया, कवलपुरा, किसुनपुरा, मठिया, बहादुरपुर, बनसोही, पकड़ी, धरमासती गंडामन, सेमरी, सोनौली, गोढ़ना, मगुरहा और मदारपुर सहित कई छठ घाटों पर व्रती पूजा-अर्चना कर अर्घ्य अर्पित करेंगे। छठ महापर्व को लेकर पूरा क्षेत्र आस्था और भक्ति में डूबा हुआ है।
