यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Jan 16, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Union Minister Ashwini Choubey : मीडिया के सामने ही फूट-फूटकर रोने लगे केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे, यह थी वजह
अश्विनी चौबे ने कहा कि बक्सर में उन पर 24 घंटे में दो बार हमले का प्रयास हुआ। यह कुत्सित ...और पढ़ें

राज्य ब्यूरो, पटना। केंद्रीय मंत्री अश्विनी चौबे ने सोमवार को कहा कि उनके अपने संसदीय क्षेत्र बक्सर में उन पर 24 घंटे के अंदर दो बार हमले का प्रयास किया गया। यह कुत्सित प्रयास सत्ता संरक्षित गुंडों और अराजक तत्वों का है। मीडिया के सामने अपनी बात कहते समय उन्हें एक ऐसी खबर मिली कि वह फूट-फूटकर रोने लगे। यह खबर थी भाजपा नेता परशुराम चतुर्वेदी का निधन होने की।
दरअसल, प्रेस कांफ्रेंस के दौरान ही केंद्रीय मंत्री चौबे को भाजपा प्रदेश कार्यसमिति के सदस्य परशुराम चतुर्वेदी के निधन की खबर मिल गई। इसके बाद वह प्रेस वार्ता के दौरान ही फूट-फूटकर रोने लगे। उन्होंने कहा कि चतुर्वेदी चार दिनों से मेरे साथ थे। उन्होंने चतुर्वेदी के निधन को व्यक्तिगत क्षति बताया।
इससे पहले उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा कि बक्सर के चौसा में हुई हिंसक घटनाओं को किसानों को बदनाम करने की साजिश हैं। उन्होंने कहा कि इस षडयंत्र का जल्द से जल्द खुलासा होना चाहिए। चौबे सोमवार को भाजपा कार्यालय में प्रेस से बात कर रहे थे।
बक्सर में 24 घंटे में मुझ पर दो बार हुए हमले के प्रयास : अश्विनी चौबे
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि किसानों पर हुए पुलिसिया जुर्म और चौसा में हुई हिंसक घटनाओं के विरोध में वे जब बक्सर में 24 घंटे के उपवास पर बैठे थे तब सत्ता संपोषित गुंडों ने उन पर हमले करने की कोशिश की। कार्यकर्ताओं और सुरक्षा गार्डों ने किसी तरह दो से तीन लोगों को पकड़कर थाने ले गए। स्थिति यह है कि वहां से उन लोगों को छोड़ दिया गया और मेरे लोगों को एक पुलिस अधिकारी द्वारा यह कहा गया कि मंत्री जी अपना काम कर रहे हैं और ये अपना काम कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि ताप विद्युत परियोजना मेरा ड्रीम प्रोजेक्ट है। यहां किसानों के घरों में घुसकर पुलिसिया जुर्म ढाया गया। आतंकवादी की तरह किसानों पर जुर्म ढाए गए, बहन बेटियों के साथ दुर्व्यवहार किया गया। चौबे ने मुख्यमंत्री को चुनौती देते हुए कहा कि अगर उनमें जेपी आंदोलन का कुछ भी उसूल शेष बचा है तो कायरता छोड़कर मामले की हकीकत जानें। प्रेस कांफ्रेंस में मुख्यालय प्रभारी सुरेश रूंगटा, सिद्धार्थ शंभू, प्रभारी राकेश कुमार सिंह, अशोक भट्ट, राजेश कुमार झा भी उपस्थित रहे।
