विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Nov 05, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

तेजस्वी प्रसाद यादव के घर के आगे बैठ गए पैरा मेडिकल छात्र, दस सूत्री मांगों को लेकर जमकर किया प्रदर्शन

By Pawan MishraEdited By: Aysha Sheikh
Published: Sun, 05 Nov 2023 01:30 PM (IST)

Bihar News पारा मेडिकल छात्र तेजस्वी प्रसाद यादव के घर के सामने बैठ गए और जमकर प्रदर्शन किया। छात्र दस ...और पढ़ें

तेजस्वी प्रसाद यादव के घर के आगे बैठ गए पैरा मेडिकल छात्र, दस सूत्री मांगों को लेकर जमकर किया प्रदर्शन
तेजस्वी प्रसाद यादव के घर के आगे बैठ गए पैरा मेडिकल छात्र, दस सूत्री मांगों को लेकर जमकर किया प्रदर्शन

HighLights

  1. पारा मेडिकल छात्रों ने स्वास्थ्य मंत्री के आवास पर किया प्रदर्शन
  2. स्वास्थ्य मंत्री तेजस्वी प्रसाद यादव ने दिया आश्वासन

जागरण संवाददाता, पटना। पारा मेडिकल छात्रों ने अपनी दस सूत्री मांगों के समर्थन में शनिवार दोपहर स्वास्थ्य मंत्री तेजस्वी प्रसाद यादव (Tejashwi Prasad Yadav) के आवास पर प्रदर्शन किया।

प्रदेश भर से जुटे सैकड़ों पैरा मेडिकल छात्र एक साल पहले की ओटी असिस्टेंट के 1,096, एक्स रे टेक्निशियन के 803, ईसीजी टेक्नीशियन के 163 रिक्तियों की काउंसलिंग जल्द कराने की मांग कर रहे थे।

तेजस्वी प्रसाद यादव ने दिया आश्वासन

स्वास्थ्य मंत्री तेजस्वी प्रसाद यादव ने विधानसभा सत्र के बाद राज्य में पारा मेडिकल काउंसलि गठित करने का आश्वासन दिया।

पारा मेडिकल संघ के प्रदेश अध्यक्ष भारत भूषण, प्रधान महासचिव सुरेंद्र कुमार सुमन, कोषाध्यक्ष आशुतोष नंदन ने कहा कि सात निश्चय योजना के तहत शुरू सभी पैरा मेडिकल कॉलेजों में ट्यूटर/ डिमांसट्रेटर, लेक्चरर की नियुक्ति की जाए।

विशेष परीक्षा के आयोजन की मांग

रेडियोलॉजी टेक्निशियन, आर्थोपेडिक टेक्निशियन, एनेस्थीसिया टेक्निशियन, ब्लड बैंक टेक्निशियन के लिए अलग-अलग सिलेबस बनाया जाए।

विशेष परीक्षा का आयोजन कर सत्र नियमित किया जाए। लैब टेक्निशियन, ड्रेसर, डेंटल हैजिनिस्ट आदि की लंबित सेवा नियमावली प्रकाशित की जाए। सभी मांगों पर स्वास्थ्य मंत्री ने सकारात्मक आश्वासन दिया है।

ये भी पढ़ें -

ट्रैफिक एसपी ने बताया मेहनत की कमाई कैसे बचाएं, बोले- ऑनलाइन बैंक लेनदेन करते समय सतर्क रहने की जरूरत

बिहार के इस मंदिर में पूरी होती हैं मुरादें, बंगाल से पूजा करने आते हैं पंडित; सदियों पुरानी है यहां की कहानी